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Budaun News: आलू की फसल में लगा झुलसा रोग, किसान परेशान
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झुलस रही आलू की फसल को दिखाता किसान अतर मोहम्मद। संवाद
- फोटो : राधिका
म्याऊं। आलू की फसल में झुलसा रोग लगने से किसान परेशान हैं। किसान करीब दो महीने से फसल को लेकर रात दिन एक किए हुए हैं। अब फसल अचानक खराब होने से किसान परेशान हो उठे हैं। फसल खराब होने पर जहां किसानों को आर्थिक संकट से जूझना होगा वहीं बाजार में मांग के अनुरूप आलू न पहुंचने पर उसके दाम बढ़ सकते हैं।
विकास खंड उसावां के गांव भसुन्दरा निवासी किसान अतर मोहम्मद ने बताया कि उन्होंने चार बीघा आलू की फसल की है। फसल करीब 60 दिन की हो गई। अचानक झुलसा रोग ने फसल को घेर लिया। देखते ही देखते फसल बर्बाद होने लगी है। दवाओं का छिड़काव भी किया जा रहा है, लेकिन कोई सुधार नहीं दिख रहा।
किसान राजपाल का कहना है कि जब आलू की फसल लगाई और जब पौध आई तो लगा कि इस बार पैदावार अच्छी होगी। पिछले करीब चार दिन से फसल झुलस रही है। दवा भी असर नहीं कर रही। ऐसे में फसल बर्बाद होने की कगार पर है। झुलसा रोग लगने के बाद किसान फसल को लेकर परेशान हैं।
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वजीरगंज के गांव निमठोली निवासी किसान बृजेश यादव ने बताया कि पहले पानी तक फसल बहुत अच्छी रही। कुछ दिन बाद फसल में पत्ता झुलसे की बीमारी लगी, जिसकी दवा लगा दी, मगर कोई फर्क नहीं पड़ रहा। फसल दिन ब दिन खराब होती जा रही है।
आलू को झुलसा रोग से बचाने के लिए मैंकाजेब 70 प्रतिशत और 50 प्रतिशत का उपयोग कर सकते हैं। मैंकाजेब 70 प्रतिशत का उपयोग करते हुए एक हेक्टेयर में एक लीटर, 50 प्रतिशत का उपयोग करते समय सवा लीटर दवा का छिड़काव किया जाए। -डीके सिंह, जिला कृषि अधिकारी
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विकास खंड उसावां के गांव भसुन्दरा निवासी किसान अतर मोहम्मद ने बताया कि उन्होंने चार बीघा आलू की फसल की है। फसल करीब 60 दिन की हो गई। अचानक झुलसा रोग ने फसल को घेर लिया। देखते ही देखते फसल बर्बाद होने लगी है। दवाओं का छिड़काव भी किया जा रहा है, लेकिन कोई सुधार नहीं दिख रहा।
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किसान राजपाल का कहना है कि जब आलू की फसल लगाई और जब पौध आई तो लगा कि इस बार पैदावार अच्छी होगी। पिछले करीब चार दिन से फसल झुलस रही है। दवा भी असर नहीं कर रही। ऐसे में फसल बर्बाद होने की कगार पर है। झुलसा रोग लगने के बाद किसान फसल को लेकर परेशान हैं।
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वजीरगंज के गांव निमठोली निवासी किसान बृजेश यादव ने बताया कि पहले पानी तक फसल बहुत अच्छी रही। कुछ दिन बाद फसल में पत्ता झुलसे की बीमारी लगी, जिसकी दवा लगा दी, मगर कोई फर्क नहीं पड़ रहा। फसल दिन ब दिन खराब होती जा रही है।
आलू को झुलसा रोग से बचाने के लिए मैंकाजेब 70 प्रतिशत और 50 प्रतिशत का उपयोग कर सकते हैं। मैंकाजेब 70 प्रतिशत का उपयोग करते हुए एक हेक्टेयर में एक लीटर, 50 प्रतिशत का उपयोग करते समय सवा लीटर दवा का छिड़काव किया जाए। -डीके सिंह, जिला कृषि अधिकारी