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बिहारीपुर के मुहम्मद हसीब का पीसीएस में चयन
बदायूं
Updated Tue, 16 Feb 2016 08:57 PM IST
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लग्न और मेहनत कभी व्यर्थ नहीं जाती। यदि कुछ बनने का जज्बा है, तो निश्चित तौर पर सफलता हाथ लगती है। कुछ ऐसा ही कर दिखाया है दातागंज क्षेत्र के गांव बिहारीपुर के मुहम्मद हसीब ने। बचपन से ही मेधावी छात्र रहे हसीब ने पहले ही प्रयास में पीसीएस की परीक्षा उत्तीर्ण कर क्षेत्र का नाम रोशन कर दिया है। उनका सपना है आईएएस बनकर देश की सेवा करने का। इसके लिए वह दिल्ली में रहकर तैयारी भी कर रहे हैं। अपनी सफलता का श्रेय परिवार के साथ अपने चाचा भाकियू नेता जाकिर हुसैन उर्फ बब्लू भइया को देते हैं।
बिहारीपुर के रहने वाले मुहम्मद हसीब ने शहर के एनएमएसएन दास डिग्री कालेज से वर्ष 2006 में स्नातक किया है। इसके बाद वह पीसीएस और आईएएस की तैयारी को दिल्ली चले गए। इनके पिता मुंशी हसन पीलीभीत जिले में दरोगा के पद पर कार्यरत हैं। हसीब का पीसीएस में चयन होने की खबर मिलने पर तमाम लोग उनके पैतृक गांव बधाई देने को पहुंच गए।
बातचीत में हसीब ने बताया वह रोजाना सात से आठ घंटे तक प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें पढ़कर तैयारी करते थे। अब उनका सपना आईएएस बनकर जनता की सेवा करने का है। सो इसके लिए वह कोचिंग के जरिए तैयारी कर रहे हैं। बोले, उन्हें विश्वास है कि वह अपने मकसद में कामयाब हो जाएंगे। उन्होंने रोजाना अखबार पढ़ने को भी मददगार बताया। पीसीएस में चयन होने से खुश हसीब ने बताया कि उनके दो छोटी बहन हैं। बड़ी बहन की शादी हो गई है।
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बिहारीपुर के रहने वाले मुहम्मद हसीब ने शहर के एनएमएसएन दास डिग्री कालेज से वर्ष 2006 में स्नातक किया है। इसके बाद वह पीसीएस और आईएएस की तैयारी को दिल्ली चले गए। इनके पिता मुंशी हसन पीलीभीत जिले में दरोगा के पद पर कार्यरत हैं। हसीब का पीसीएस में चयन होने की खबर मिलने पर तमाम लोग उनके पैतृक गांव बधाई देने को पहुंच गए।
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बातचीत में हसीब ने बताया वह रोजाना सात से आठ घंटे तक प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें पढ़कर तैयारी करते थे। अब उनका सपना आईएएस बनकर जनता की सेवा करने का है। सो इसके लिए वह कोचिंग के जरिए तैयारी कर रहे हैं। बोले, उन्हें विश्वास है कि वह अपने मकसद में कामयाब हो जाएंगे। उन्होंने रोजाना अखबार पढ़ने को भी मददगार बताया। पीसीएस में चयन होने से खुश हसीब ने बताया कि उनके दो छोटी बहन हैं। बड़ी बहन की शादी हो गई है।
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