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सैनिक की डेंगू पीड़ित पत्नी को मेडिकल कॉलेज में भर्ती करने से इंकार किया
सार
भारतीय सेना के जवान की डेंगू पीड़ित पत्नी को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती करने से इन्कार कर दिया गया।ईएमओ की शिकायत दर्ज कराई गई है।आप मरीज को ले आइये मैं भर्ती करा दूंगा।
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विस्तार
बदायूं। भारतीय सेना के जवान की डेंगू पीड़ित पत्नी को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती करने से इन्कार कर दिया गया। परिवार वाले गंभीर हालत में उनको लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे थे। आरोप है कि ईएमओ डॉ. ज्ञानेंद्र यादव ने उनसे अभद्रता से बात की। परिजनों ने ईएमओ की शिकायत मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्रालय के हेल्पलाइन नंबर से दर्ज कराई है।
शहर के मोहल्ला मोती विहार कॉलोनी निवासी कृष्णपाल सिंह भारतीय सेना में सैनिक हैं। उनकी तैनाती इन दिनोंपठानकोट में है। कृष्णपाल की पत्नी रुचि यहां अपने बेटे के साथ रहती हैं। रुचि को कई दिन से बुखार आ रहा था। वह निजी डॉक्टरों से दवा ले रही थीं। बृहस्पतिवार को हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग उनको लेकर राजकीय मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां इमरजेंसी ड्यूटी पर ईएमओ डॉ. ज्ञानेंद्र यादव थे।
रुचि की जेठानी प्रिया का आरोप है कि उन्होंने हालत गंभीर होने पर भी रुचि को भर्ती नहीं किया और अभद्रता की। ज्यादा कहने पर रुचि की जांचों के लिए लिख दिया। एलाइजा जांच में रुचि को डेंगू होने की पुष्टि हो गई। उनको निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालत बिगड़ने पर शुक्रवार को रुचि को बरेली रेफर कर दिया गया है। ईएमओ की शिकायत दर्ज कराई गई है।
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आप मरीज को ले आइये मैं भर्ती करा दूंगा। इमरजेंसी में आने वाले सभी मरीजों को तो भर्ती नहीं किया जा सकता। डेंगू की पुष्टि जांच के बाद हुई है। उससे पहले ही परिवार के लोगों ने मरीज को अपनी इच्छा से कहीं बाहर भर्ती करा दिया था। - डॉ. धर्मेंद्र गुप्ता, प्राचार्य राजकीय मेडिकल कॉलेज
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शहर के मोहल्ला मोती विहार कॉलोनी निवासी कृष्णपाल सिंह भारतीय सेना में सैनिक हैं। उनकी तैनाती इन दिनोंपठानकोट में है। कृष्णपाल की पत्नी रुचि यहां अपने बेटे के साथ रहती हैं। रुचि को कई दिन से बुखार आ रहा था। वह निजी डॉक्टरों से दवा ले रही थीं। बृहस्पतिवार को हालत बिगड़ने पर परिवार के लोग उनको लेकर राजकीय मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां इमरजेंसी ड्यूटी पर ईएमओ डॉ. ज्ञानेंद्र यादव थे।
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रुचि की जेठानी प्रिया का आरोप है कि उन्होंने हालत गंभीर होने पर भी रुचि को भर्ती नहीं किया और अभद्रता की। ज्यादा कहने पर रुचि की जांचों के लिए लिख दिया। एलाइजा जांच में रुचि को डेंगू होने की पुष्टि हो गई। उनको निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालत बिगड़ने पर शुक्रवार को रुचि को बरेली रेफर कर दिया गया है। ईएमओ की शिकायत दर्ज कराई गई है।
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आप मरीज को ले आइये मैं भर्ती करा दूंगा। इमरजेंसी में आने वाले सभी मरीजों को तो भर्ती नहीं किया जा सकता। डेंगू की पुष्टि जांच के बाद हुई है। उससे पहले ही परिवार के लोगों ने मरीज को अपनी इच्छा से कहीं बाहर भर्ती करा दिया था। - डॉ. धर्मेंद्र गुप्ता, प्राचार्य राजकीय मेडिकल कॉलेज