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15 मई के बाद होगा पांच से 12 साल तक के बच्चों का टीकाकरण
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महिला अस्पताल स्थित केंद्र पर टीका लगवाता बालक। संवाद
- फोटो : BADAUN
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बदायूं। जिले में पांच से 12 वर्ष तक के बच्चों का टीकाकरण 15 मई के बाद कभी भी शुरू हो सकता है। शासन स्तर से अभी इसके लिए तारीख तय नहीं की गई है, लेकिन जिस तरह से दिशा निर्देश मिल रहे हैं उससे साफ है कि स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश शुरू होने से पहले टीकाकरण शुरू करा दिया जाएगा। शासन के निर्देशों पर स्वास्थ्य विभाग ने जिले में करीब 80 हजार बच्चों का ब्योरा भी जुटा लिया है।
दरअसल, शासन ने स्वास्थ्य विभाग को 12 से 14 वर्ष तक के बच्चों का टीकाकरण पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इस आयु वर्ग के बच्चों का टीकाकरण 16 मार्च से शुरू हुआ था। जिले को 1.32 लाख बच्चों का टीका लगाने का लक्ष्य मिला है। लक्ष्य के सापेक्ष अब तक करीब 86 प्रतिशत बच्चों को टीका लगाया जा चुका है। दूसरे टीके की बात करें तो सिर्फ दो फीसदी ने ही इसे लगवाया है। दूसरी ओर 15 से 18 वर्ष आयु वर्ग में 2.19 लाख किशोर-किशोरियों के लक्ष्य के सापेक्ष 98 प्रतिशत को टीका लगाया जा चुका है। पांच से 12 वर्ष के बच्चों का टीकाकरण होना है।
ऐसे में सरकार चाहती है कि 15 मई से पहले 12 से 14 और 15 से 17 वर्ष आयु वर्ग का टीकाकरण पूरा कर लिया जाए। वहीं पांच से 12 वर्ष के बच्चों का डाटा जुटाने को भी कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग ने अब तक 80 हजार से ज्यादा बच्चों का डाटा जुटा लिया है।
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दरअसल, एक जून से ग्रीष्म कालीन अवकाश शुरू होने के साथ एक माह के लिए स्कूल-कॉलेज बंद हो जाएंगे। इससे पहले सरकार टीकाकरण शुरू कराना चाहती है।
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स्कूल-कॉलेज नियमित न खुलने से पिछड़ा टीकाकरण
12 से 14 वर्ष के बच्चों का टीकाकरण पिछड़ने का एक कारण स्कूल-कॉलेज नियमित रूप से न खुलना और मिशन इंद्रधनुष भी है। स्कूल कॉलेज नियमित न खुलने और स्टाफ की ड्यूटी मिशन इंद्रधनुष में होने के कारण स्कूलों में टीकाकरण शिविर नहीं लगाए जा रहे हैं। ऐसे में टीकाकरण रफ्तार नहीं पकड़ रहा है। इस आयु वर्ग में अब तक 86 प्रतिशत को ही टीका लगाया जा सका है।
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पांच से 12 वर्ष तक के बच्चों का ब्योरा जुटाया जा रहा है। शासन स्तर से संकेत मिल रहे हैं कि टीकाकरण 15 मई तक शुरू हो जाएगा। इससे पहले 12 से 14 वर्ष आयु वर्ग का टीकाकरण शत प्रतिशत पूरा करने के निर्देश मिले हैं। बच्चों के टीकाकरण की तैयारियों को पूरा करने को कहा गया है।
-डॉ. मोहम्मद असलम, नोडल अधिकारी टीकाकरण
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दरअसल, शासन ने स्वास्थ्य विभाग को 12 से 14 वर्ष तक के बच्चों का टीकाकरण पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इस आयु वर्ग के बच्चों का टीकाकरण 16 मार्च से शुरू हुआ था। जिले को 1.32 लाख बच्चों का टीका लगाने का लक्ष्य मिला है। लक्ष्य के सापेक्ष अब तक करीब 86 प्रतिशत बच्चों को टीका लगाया जा चुका है। दूसरे टीके की बात करें तो सिर्फ दो फीसदी ने ही इसे लगवाया है। दूसरी ओर 15 से 18 वर्ष आयु वर्ग में 2.19 लाख किशोर-किशोरियों के लक्ष्य के सापेक्ष 98 प्रतिशत को टीका लगाया जा चुका है। पांच से 12 वर्ष के बच्चों का टीकाकरण होना है।
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ऐसे में सरकार चाहती है कि 15 मई से पहले 12 से 14 और 15 से 17 वर्ष आयु वर्ग का टीकाकरण पूरा कर लिया जाए। वहीं पांच से 12 वर्ष के बच्चों का डाटा जुटाने को भी कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग ने अब तक 80 हजार से ज्यादा बच्चों का डाटा जुटा लिया है।
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दरअसल, एक जून से ग्रीष्म कालीन अवकाश शुरू होने के साथ एक माह के लिए स्कूल-कॉलेज बंद हो जाएंगे। इससे पहले सरकार टीकाकरण शुरू कराना चाहती है।
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स्कूल-कॉलेज नियमित न खुलने से पिछड़ा टीकाकरण
12 से 14 वर्ष के बच्चों का टीकाकरण पिछड़ने का एक कारण स्कूल-कॉलेज नियमित रूप से न खुलना और मिशन इंद्रधनुष भी है। स्कूल कॉलेज नियमित न खुलने और स्टाफ की ड्यूटी मिशन इंद्रधनुष में होने के कारण स्कूलों में टीकाकरण शिविर नहीं लगाए जा रहे हैं। ऐसे में टीकाकरण रफ्तार नहीं पकड़ रहा है। इस आयु वर्ग में अब तक 86 प्रतिशत को ही टीका लगाया जा सका है।
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पांच से 12 वर्ष तक के बच्चों का ब्योरा जुटाया जा रहा है। शासन स्तर से संकेत मिल रहे हैं कि टीकाकरण 15 मई तक शुरू हो जाएगा। इससे पहले 12 से 14 वर्ष आयु वर्ग का टीकाकरण शत प्रतिशत पूरा करने के निर्देश मिले हैं। बच्चों के टीकाकरण की तैयारियों को पूरा करने को कहा गया है।
-डॉ. मोहम्मद असलम, नोडल अधिकारी टीकाकरण