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Budaun News: बाढ़ से बचने का कछला घाट पर किया पूर्वाभ्यास
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खागी नगला के गंगा घाट पर बाढ़ राहत एवं बचाव का पूर्वाभ्यास करते अधिकारी। स्त्रोत सूचना
बदायूं। बाढ़ के दौरान आपात स्थिति से निपटने के लिए बृहस्पतिवार को जिलाधिकारी अवनीश राय की मौजूदगी में कछला गंगाघाट पर मॉक ड्रिल किया गया। इसके साथ सहसवान क्षेत्र के गांव खागी नगला और दातागंज क्षेत्र के अटैना गंगा घाट पर बाढ़ राहत एवं बचाव का पूर्वाभ्यास किया।
मॉक ड्रिल में एसडीआरएफ की टीम के साथ ही चिकित्सा विभाग, राजस्व विभाग, बाढ़ खंड, पशुपालन विभाग आदि ने जन सामान्य को बाढ़ के समय आवश्यक सावधानियां और बचाव के निर्देश दिए। बाढ़ में डूबे व्यक्ति को कैसे बचाएं. इसका पूर्वाभ्यास किया गया।
अभ्यास के तहत गंगा में नाव पलटने की सूचना मिलते ही गोताखोरों और एसडीआरएफ की टीम तुरंत सक्रिय हुई। डीप डाइविंग, मोटरबोट और विशेष उपकरणों की मदद से डूब रहे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
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उधर, कंट्रोल रूम में सूचना मिलते ही पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन और राजस्व विभाग की टीमें मिनटों में कछला गंगा घाट पर पहुंच गईं। वायरलेस सेट पर लगातार निर्देश देते अधिकारियों ने सभी विभागों के बीच तालमेल को मजबूत किया। बचाए गए लोगों को मेडिकल कैंप में प्राथमिक उपचार दिया गया। गंभीर व्यक्तियों को एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। लाइफ जैकेट, स्ट्रेचर और अत्याधुनिक रेस्क्यू उपकरणों के सही इस्तेमाल का डेमो भी दिया।
खाली बोतल और कनस्तर से अस्थायी लाइफ जैकेट बनाना सिखाया
प्रोफेशनल उपकरण न होने पर खाली बोतल और कनस्तर से अस्थायी लाइफ जैकेट बनाने की तकनीक भी दिखाई गई। खागी नगला में हुए पूर्वाभ्यास में सहसवान तहसीलदार राकेश कुमार ने कहा कि ऐसे पूर्वाभ्यास से हमारी प्रशासनिक तैयारियां मजबूत होती हैं। मॉक ड्रिल में ग्राम प्रधान, लेखपाल, स्वास्थ्य विभाग की टीम, पुलिस बल और स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे।
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मॉक ड्रिल में एसडीआरएफ की टीम के साथ ही चिकित्सा विभाग, राजस्व विभाग, बाढ़ खंड, पशुपालन विभाग आदि ने जन सामान्य को बाढ़ के समय आवश्यक सावधानियां और बचाव के निर्देश दिए। बाढ़ में डूबे व्यक्ति को कैसे बचाएं. इसका पूर्वाभ्यास किया गया।
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अभ्यास के तहत गंगा में नाव पलटने की सूचना मिलते ही गोताखोरों और एसडीआरएफ की टीम तुरंत सक्रिय हुई। डीप डाइविंग, मोटरबोट और विशेष उपकरणों की मदद से डूब रहे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
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उधर, कंट्रोल रूम में सूचना मिलते ही पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन और राजस्व विभाग की टीमें मिनटों में कछला गंगा घाट पर पहुंच गईं। वायरलेस सेट पर लगातार निर्देश देते अधिकारियों ने सभी विभागों के बीच तालमेल को मजबूत किया। बचाए गए लोगों को मेडिकल कैंप में प्राथमिक उपचार दिया गया। गंभीर व्यक्तियों को एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। लाइफ जैकेट, स्ट्रेचर और अत्याधुनिक रेस्क्यू उपकरणों के सही इस्तेमाल का डेमो भी दिया।
खाली बोतल और कनस्तर से अस्थायी लाइफ जैकेट बनाना सिखाया
प्रोफेशनल उपकरण न होने पर खाली बोतल और कनस्तर से अस्थायी लाइफ जैकेट बनाने की तकनीक भी दिखाई गई। खागी नगला में हुए पूर्वाभ्यास में सहसवान तहसीलदार राकेश कुमार ने कहा कि ऐसे पूर्वाभ्यास से हमारी प्रशासनिक तैयारियां मजबूत होती हैं। मॉक ड्रिल में ग्राम प्रधान, लेखपाल, स्वास्थ्य विभाग की टीम, पुलिस बल और स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे।

खागी नगला के गंगा घाट पर बाढ़ राहत एवं बचाव का पूर्वाभ्यास करते अधिकारी। स्त्रोत सूचना