UP: कार में आपदा विशेषज्ञ ने की आत्महत्या, पत्नी से बात करते-करते काटा फोन, पिस्टल से खुद को मारी गोली
Budaun News: मुरादाबाद के दैवीय आपदा राहत विभाग में तैनात आपदा विशेषज्ञ का शव रविवार रात कार में मिला। परिजनों के मुताबिक आपदा विशेषज्ञ घर से नाराज होकर निकले थे। लाइसेंस पिस्टल से गोली मारकर उन्होंने आत्महत्या की है।
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बदायूं के इस्लामनगर थाना क्षेत्र में बिसौली रोड पर वनखंडी नाथ मंदिर के समीप मुरादाबाद के दैवीय आपदा राहत विभाग में तैनात आपदा विशेषज्ञ ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। वह रविवार रात घर से नाराज होकर कार से मुरादाबाद के लिए निकले थे। परिजन उनकी कार के पीछे-पीछे लोकेशन की मदद से आ रहे थे। परिजन जब मौके पर पहुंचे तो कार में उनका लहूलुहान शव मिला। कार के शीशे अंदर से लॉक थे। सोमवार को पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा।
कासगंज जिले के जयजय राम कॉलोनी निवासी सुरजीत (32) राम निवास मुरादाबाद के दैवीय आपदा राहत विभाग में आपदा विशेषज्ञ के पद पर तैनात थे। शनिवार को वह साप्ताहिक अवकाश होने के चलते घर गए थे। बताते हैं कि घर से निकलने से पहले उनका परिवार के लोगों से किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था। इस वजह से वह घर से नाराज होकर निकले थे। घर से निकलने के बाद वह रास्ते में पत्नी से बात करते हुए जा रहे थे। परिवार के लोग भी मोबाइल लोकेशन के आधार पर कार से पीछा करते हुए आ रहे थे।
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इसी बीच आपदा विशेषज्ञ का मोबाइल फोन बंद हो गया। परिवार के लोग लोकेशन के आधार पर इस्लामनगर थाना क्षेत्र के बिसौली रोड पर वनखंडी के पास पहुंचे। यहां आपदा विशेषज्ञ की बंद कार खड़ी मिली। परिजनों ने अंदर से लॉक कार के शीशे तोड़े। जहां आपदा विशेषज्ञ खून से लथपथ हालात में मिले। परिवार के लोग उन्हें राजकीय मेडिकल कॉलेज ले गए। यहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इससे परिवार में कोहराम मच गया।
इस्लामनगर पुलिस ने पल्ला झाड़ा, सिविल लाइंस ने की पंचनामा की कार्रवाई
घटना इस्लामनगर थाना क्षेत्र में होने के बावजूद पुलिस ने घटनास्थल पर जाकर जांच पड़ताल करने की जहमत नहीं उठाई। न ही शव का पंचनामा भरा और न ही घटना की वजह जानने का प्रयास किया। जबकि मामला देर रात एक अधिकारी के गोली लगने से मौत का था। आपदा विशेषज्ञ को राजकीय मेडिकल कॉलेज लाने की वजह से मेडिकल प्रशासन ने सिविल लाइंस पुलिस को मीमो भेजा था।
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