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मांग में सिंदूर, पैरों में बिछुआ और लड़की नाबालिग
बदायूं, ब्यूरो
Updated Tue, 21 Feb 2017 11:35 PM IST
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लड़की बोली, जबरिया गांव से उठा कर ले गए, नोएडा और शिमला में रखा
छह महीने से गायब किशोरी की रोडवेज बस स्टैंड से नाटकीय ढंग से बरामदगी ने कई सवाल भी छोड़ दिए हैं। सच क्या है, यह तो पड़ताल के बाद ही पता चलेगा। लेकिन किशोरी का आरोप है कि धीरपाल, धीरा और अशोक उसको जबरिया गांव से उठा कर ले गए थे। इस दौरान उसको नोएडा और शिमला में रखा गया। हालांकि किशोरी के पैरों में बिछुआ, मांग में सिंदूर और गले में मंगलसूत्र देख पुलिस भी उलझी दिखाई दी।
किशोरी के पिता का कहना है कि उसकी बेटी नाबालिग है। किशोरी ने धीरपाल, धीरा और अशोक के खिलाफ ही बयान दिया। उसका कहना था कि धीरपाल उसको अपने साथ रख रहा था। हाल ही में वह नोएडा से बंगलूरू चला गया। इसके बाद वह मौका पाकर नोएडा से बदायूं आ गई। गौर करने वाली बात यह है कि किशोरी का पिता परिवार के साथ तीन बार विधानसभा के सामने आत्मदाह की कोशिश कर चुका है। वह शासन को भेजी शिकायतों में और खुलकर इस मामले में एक राज्यमंत्री के दबाव में पुलिस पर अपनी बेटी की बरामदगी न होने का आरोप लगाते रहे। दो जनवरी को आत्मदाह की कोशिश के दौरान किशोरी की मां झुलस चुकी है। मंगलवार को किशोरी के मिलने के बाद उसके पहनावे को लेकर परिवार ने कुछ भी कहने से मना किया। सिर्फ यही बात दोहराई कि उनकी बेटी नाबालिग है। उसका अपहरण किया गया।
वर्जन-
लड़की पैरों में बिछुआ पहने है। उसकी मांग भी भरी हुई है और गले में मंगलसूत्र है। लड़की के परिवार वाले उसे नाबालिग बता रहे हैं। पूरे मामले में पड़ताल जारी है। लड़की के 164 के बयान के बाद ही इस बारे में ज्यादा कुछ कहा जा सकता है।
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-एपी सिंह, एसओ मूसाझाग
छह महीने से गायब किशोरी की रोडवेज बस स्टैंड से नाटकीय ढंग से बरामदगी ने कई सवाल भी छोड़ दिए हैं। सच क्या है, यह तो पड़ताल के बाद ही पता चलेगा। लेकिन किशोरी का आरोप है कि धीरपाल, धीरा और अशोक उसको जबरिया गांव से उठा कर ले गए थे। इस दौरान उसको नोएडा और शिमला में रखा गया। हालांकि किशोरी के पैरों में बिछुआ, मांग में सिंदूर और गले में मंगलसूत्र देख पुलिस भी उलझी दिखाई दी।
किशोरी के पिता का कहना है कि उसकी बेटी नाबालिग है। किशोरी ने धीरपाल, धीरा और अशोक के खिलाफ ही बयान दिया। उसका कहना था कि धीरपाल उसको अपने साथ रख रहा था। हाल ही में वह नोएडा से बंगलूरू चला गया। इसके बाद वह मौका पाकर नोएडा से बदायूं आ गई। गौर करने वाली बात यह है कि किशोरी का पिता परिवार के साथ तीन बार विधानसभा के सामने आत्मदाह की कोशिश कर चुका है। वह शासन को भेजी शिकायतों में और खुलकर इस मामले में एक राज्यमंत्री के दबाव में पुलिस पर अपनी बेटी की बरामदगी न होने का आरोप लगाते रहे। दो जनवरी को आत्मदाह की कोशिश के दौरान किशोरी की मां झुलस चुकी है। मंगलवार को किशोरी के मिलने के बाद उसके पहनावे को लेकर परिवार ने कुछ भी कहने से मना किया। सिर्फ यही बात दोहराई कि उनकी बेटी नाबालिग है। उसका अपहरण किया गया।
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वर्जन-
लड़की पैरों में बिछुआ पहने है। उसकी मांग भी भरी हुई है और गले में मंगलसूत्र है। लड़की के परिवार वाले उसे नाबालिग बता रहे हैं। पूरे मामले में पड़ताल जारी है। लड़की के 164 के बयान के बाद ही इस बारे में ज्यादा कुछ कहा जा सकता है।
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-एपी सिंह, एसओ मूसाझाग