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रुपये बंटवारे को लेकर शिक्षक नेता और बाबू में मारपीट
ब्यूरो /बदायूं
Updated Sat, 27 Aug 2016 12:42 AM IST
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म्याऊं बीआरसी केंद्र पर शुक्रवार को एक शिक्षक नेता और बाबू में उगाहे गए रुपयों की बंटवारे को लेकर मारपीट हो गई। सूचना पर पुलिस भी बीआरसी आ गई। दोनों पक्षों को जब थाने बुलाया गया तो उनके बीच समझौता भी हो गया। यह मामला शिक्षा विभाग में चर्चा का विषय बना रहा।
म्याऊं बीआरसी केंद्र पर शुक्रवार को दो लोगों में पहले कहासुनी हुई, बाद में नौबत मारपीट तक पहुंच गई। दरअसल हुआ यूं कि इस वर्ष होने वाले एक कार्य के लिए प्रत्येक स्कूल से टीम के खैर मकदम के नाम पर पर दो-दो सौ रुपये की उगाही करने के लिए मंत्रणा की गई थी। सूत्र बताते हैं कि बाद में प्रति स्कूल दो के बजाय चार-चार सौ रुपये लिए गए। पहले तो बाबू ने इसका विरोध किया, लेकिन उसके विरोध का कोई असर नहीं हुआ, तो बाबू ने भी पचास रुपये प्रति स्कूल उसके पास जमा करने की बात की। इसको लेकर बाबू और शिक्षक नेता में पहले मोबाइल पर गाली गलौज हुई। इस दौरान दोनों ने एक दूसरे को देख लेने की धमकी तक दे डाली। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि शुक्रवार को दोपहर एक शिक्षक नेता बीआरसी केंद्र पहुंचे। कुछ देर तक बाबू और शिक्षक नेता में बातचीत हुई। बाद में गर्मा गर्मी बढ़ी तो नौबत गाली गलौज तक आ गइ्र। फिर बीआरसी केंद्र के अंदर ही मारपीट होने लगी। तभी शिक्षक नेता ने आपने साथियों को फोन कर बुलाना शुरू किया, तो बाबू ने मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले आई। जानकारी होने पर तमाम शिक्षक भी थाने पहुंच गए।
एसओ एपी सिंह ने बताया कि शिक्षक और बाबू के बीच आपसी मामले को लेकर विवाद हो गया था। जिसमें दोनों पक्षों के बीच फैसला हो गया है। कोई भी पक्ष कार्रवाई नहीं चाहता।
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म्याऊं बीआरसी केंद्र पर शुक्रवार को दो लोगों में पहले कहासुनी हुई, बाद में नौबत मारपीट तक पहुंच गई। दरअसल हुआ यूं कि इस वर्ष होने वाले एक कार्य के लिए प्रत्येक स्कूल से टीम के खैर मकदम के नाम पर पर दो-दो सौ रुपये की उगाही करने के लिए मंत्रणा की गई थी। सूत्र बताते हैं कि बाद में प्रति स्कूल दो के बजाय चार-चार सौ रुपये लिए गए। पहले तो बाबू ने इसका विरोध किया, लेकिन उसके विरोध का कोई असर नहीं हुआ, तो बाबू ने भी पचास रुपये प्रति स्कूल उसके पास जमा करने की बात की। इसको लेकर बाबू और शिक्षक नेता में पहले मोबाइल पर गाली गलौज हुई। इस दौरान दोनों ने एक दूसरे को देख लेने की धमकी तक दे डाली। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि शुक्रवार को दोपहर एक शिक्षक नेता बीआरसी केंद्र पहुंचे। कुछ देर तक बाबू और शिक्षक नेता में बातचीत हुई। बाद में गर्मा गर्मी बढ़ी तो नौबत गाली गलौज तक आ गइ्र। फिर बीआरसी केंद्र के अंदर ही मारपीट होने लगी। तभी शिक्षक नेता ने आपने साथियों को फोन कर बुलाना शुरू किया, तो बाबू ने मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले आई। जानकारी होने पर तमाम शिक्षक भी थाने पहुंच गए।
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एसओ एपी सिंह ने बताया कि शिक्षक और बाबू के बीच आपसी मामले को लेकर विवाद हो गया था। जिसमें दोनों पक्षों के बीच फैसला हो गया है। कोई भी पक्ष कार्रवाई नहीं चाहता।
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