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शौचालय न बनवाने पर ग्राम प्रधान और सचिव के खिलाफ रिपोर्ट
Updated Sat, 30 Sep 2017 10:03 AM IST
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बिसौली।
निर्मल भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण में गोलमाल का मामला सामने आया है। शौचालय निर्माण के लिए मिली रकम का गबन करने के आरोप में ग्राम प्रधान और सचिव के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। रिपोर्ट मामले की जांच के बाद सीडीओ के निर्देश पर हुई।
बिसौली तहसील क्षेत्र के ग्राम सिद्धपुर कैथोली में निर्मल भारत अभियान के अंतर्गत वर्ष 2015 में 25 शौचालय और 21 लोहिया आवासों का निर्माण कराए जाने का प्रस्ताव हुआ था। आरोप है कि सचिव और ग्राम प्रधान ने मिलकर 25 शौचालयों के दो लाख 52 हजार रुपये और 21 लोहिया आवासों में शौचालय निर्माण के तीन लाख रुपये बैंक खातों से निकाल लिए। मगर शौचालय बनाने के नाम पर खानापूर्ति की गई। वहां 25 शौचालय अधूरे बनकर छोड़ दिए गए। लोहिया आवासों के 21 शौचालयों का निर्माण ही नहीं किया गया। यह मामला खंड विकास अधिकारी के संज्ञान में आया तो उन्होंने मामले की जांच ब्लाक कोआर्डिनेटर राजीव उपाध्याय और एडीओ पंचायत को दे दी। इन दोनों की जांच में सारा गोलमाल सामने आ गया। घोटाला सामने आने पर एडीओ पंचायत ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए सीडीओ से अनुमति मांगी। सीडीओ का आदेश मिलने के बाद शुक्रवार को प्रधान और सचिव के विरूद्ध रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। इस बारे में सचिव लक्ष्मीनारायण का कहना है कि मुझे झूठा फंसाया जा रहा है। शौचालयों का निर्माण गांव में जारी है।
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निर्मल भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण में गोलमाल का मामला सामने आया है। शौचालय निर्माण के लिए मिली रकम का गबन करने के आरोप में ग्राम प्रधान और सचिव के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। रिपोर्ट मामले की जांच के बाद सीडीओ के निर्देश पर हुई।
बिसौली तहसील क्षेत्र के ग्राम सिद्धपुर कैथोली में निर्मल भारत अभियान के अंतर्गत वर्ष 2015 में 25 शौचालय और 21 लोहिया आवासों का निर्माण कराए जाने का प्रस्ताव हुआ था। आरोप है कि सचिव और ग्राम प्रधान ने मिलकर 25 शौचालयों के दो लाख 52 हजार रुपये और 21 लोहिया आवासों में शौचालय निर्माण के तीन लाख रुपये बैंक खातों से निकाल लिए। मगर शौचालय बनाने के नाम पर खानापूर्ति की गई। वहां 25 शौचालय अधूरे बनकर छोड़ दिए गए। लोहिया आवासों के 21 शौचालयों का निर्माण ही नहीं किया गया। यह मामला खंड विकास अधिकारी के संज्ञान में आया तो उन्होंने मामले की जांच ब्लाक कोआर्डिनेटर राजीव उपाध्याय और एडीओ पंचायत को दे दी। इन दोनों की जांच में सारा गोलमाल सामने आ गया। घोटाला सामने आने पर एडीओ पंचायत ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए सीडीओ से अनुमति मांगी। सीडीओ का आदेश मिलने के बाद शुक्रवार को प्रधान और सचिव के विरूद्ध रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। इस बारे में सचिव लक्ष्मीनारायण का कहना है कि मुझे झूठा फंसाया जा रहा है। शौचालयों का निर्माण गांव में जारी है।
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