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बदमाशों की धरपकड़ को जिले के बॉर्डर सील...बिना चेकिंग %नो-एंट्री%
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बदायूं। पिछले दिनों जिले में बाहरी बदमाशों ने आकर जिन घटनाओं को अंजाम दिया, उन्होंने जनता को दहशत में ला दिया था। अब पुलिस ने ऐसे बाहरी बदमाशों को जिले की सीमा पर ही पकड़ने के लिए रणनीति बनाई है। एसपी देहात ने जिले के सभी बॉर्डर सील कर दिए हैं। उन्होंने न सिर्फ प्रत्येक चेकपोस्ट, बॉर्डर पर अतिरिक्त पुलिस बल लगाया है, बल्कि यह भी आदेश दिए हैं कि रात के वक्त आने-जाने वाले हर वाहन चेक किया जाएगा।
जिले में खासतौर पर सहसवान, जरीफनगर, फैजगंज बेहटा, बिसौली और वजीरगंज इलाके ऐसे हैं, जिनकी सीमा रेखा हमेशा असुरक्षित रही है। सपा सरकार के दौरान पशु तस्करों ने वजीरगंज, बिसौली और फैजगंज बेहटा क्षेत्र में आने-जाने का मुख्य रास्ता बना लिया था। हर दूसरे-तीसरे दिन गोवंशीय पशुओं से भरे वाहन गुजरते थे। घेराबंदी के दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग करने से भी नहीं चूकते थे। यह इलाके अज्ञात लाशें डाले जाने के लिए भी मशहूर हैं। बीते कुछ साल में कई अज्ञात शव जिले में लाकर डाले गए। पिछले साल इन इलाकों में लूटपाट की कई घटनाएं हुईं। लोगों के मर्डर हुए, जब पुलिस ने खुलासे किए तो अधिकतर बदमाश दूसरे जनपदों के निकले।
ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए एसपी देहात ने दूसरे जिलों से जुड़े हर थाने के बॉर्डर को सील कराया है। प्रत्येक चेकपोस्ट पर अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है। प्रत्येक थाने की द्वितीय मोबाइल टीम चेकपोस्ट पर रहेगी। यूपी-100 को चेकपोस्ट के नजदीक लगाया गया है, जिससे कोई सूचना मिलने पर वह तत्काल मौके पर पहुंच सके। रात में इन सीमाओं को सील करके सघन चेकिंग की जाएगी।
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यहां बढ़ाई गई सख्ती
बदायूं जिले से दूसरे जिलों को जोड़ने वाली जगहों, मसलन सहसवान कोतवाली के ग्राम सिलहरी और अकबराबाद चौराहा, बिल्सी में बर्रई पुल और अल्लैहपुर, इस्लामनगर में बहजोई और चंदौसी रोड, जरीफनगर में चंदौसी और गुन्नौर, फैजगंज में ओरछी चौराहा, बिसौली में आसफपुर और दबतोरी, वजीरगंज में बगरैन आदि स्थानों पर सख्ती बढ़ाई गई है।
हमने क्राइम कंट्रोल के लिए जिले के बॉर्डर को सील किया है। अतिरिक्त पुलिस बल, द्वितीय मोबाइल टीम, यूपी-100 को लगाया गया है, जिससे बॉर्डर पर सुरक्षा बनी रहे। अधिकतर बड़ी घटनाएं दूसरे जनपदों से आने वाले बदमाश करते हैं। बॉर्डर पर सख्ती रहेगी तो ऐसे खुराफाती जिले में प्रवेश नहीं करेंगे और वहीं पकड़े जाएंगे। -डॉ. सुरेंद्र प्रताप सिंह, एसपी देहात
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जिले में खासतौर पर सहसवान, जरीफनगर, फैजगंज बेहटा, बिसौली और वजीरगंज इलाके ऐसे हैं, जिनकी सीमा रेखा हमेशा असुरक्षित रही है। सपा सरकार के दौरान पशु तस्करों ने वजीरगंज, बिसौली और फैजगंज बेहटा क्षेत्र में आने-जाने का मुख्य रास्ता बना लिया था। हर दूसरे-तीसरे दिन गोवंशीय पशुओं से भरे वाहन गुजरते थे। घेराबंदी के दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग करने से भी नहीं चूकते थे। यह इलाके अज्ञात लाशें डाले जाने के लिए भी मशहूर हैं। बीते कुछ साल में कई अज्ञात शव जिले में लाकर डाले गए। पिछले साल इन इलाकों में लूटपाट की कई घटनाएं हुईं। लोगों के मर्डर हुए, जब पुलिस ने खुलासे किए तो अधिकतर बदमाश दूसरे जनपदों के निकले।
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ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए एसपी देहात ने दूसरे जिलों से जुड़े हर थाने के बॉर्डर को सील कराया है। प्रत्येक चेकपोस्ट पर अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है। प्रत्येक थाने की द्वितीय मोबाइल टीम चेकपोस्ट पर रहेगी। यूपी-100 को चेकपोस्ट के नजदीक लगाया गया है, जिससे कोई सूचना मिलने पर वह तत्काल मौके पर पहुंच सके। रात में इन सीमाओं को सील करके सघन चेकिंग की जाएगी।
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यहां बढ़ाई गई सख्ती
बदायूं जिले से दूसरे जिलों को जोड़ने वाली जगहों, मसलन सहसवान कोतवाली के ग्राम सिलहरी और अकबराबाद चौराहा, बिल्सी में बर्रई पुल और अल्लैहपुर, इस्लामनगर में बहजोई और चंदौसी रोड, जरीफनगर में चंदौसी और गुन्नौर, फैजगंज में ओरछी चौराहा, बिसौली में आसफपुर और दबतोरी, वजीरगंज में बगरैन आदि स्थानों पर सख्ती बढ़ाई गई है।
हमने क्राइम कंट्रोल के लिए जिले के बॉर्डर को सील किया है। अतिरिक्त पुलिस बल, द्वितीय मोबाइल टीम, यूपी-100 को लगाया गया है, जिससे बॉर्डर पर सुरक्षा बनी रहे। अधिकतर बड़ी घटनाएं दूसरे जनपदों से आने वाले बदमाश करते हैं। बॉर्डर पर सख्ती रहेगी तो ऐसे खुराफाती जिले में प्रवेश नहीं करेंगे और वहीं पकड़े जाएंगे। -डॉ. सुरेंद्र प्रताप सिंह, एसपी देहात