अमर ज्योति कंपनी घोटाला: बदायूं में विधायक संग एसएसपी कार्यालय पहुंचे पीड़ित निवेशक, रो-रोकर सुनाया दुखड़ा
अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड कंपनी में हजारों निवेशकों ने करोड़ों रुपये जमा किए। अब कंपनी ऑफिस समेट कर भाग गई। इससे निवेशक परेशान हैं। जमापूंजी वापस दिलाने के लिए अफसरों से गुहार लगा रहे हैं।
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बदायूं में अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड कंपनी में जमापूंजी गवांने वाले निवेशक बुधवार को सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचे। पीड़ित महिलाओं ने रो-रोकर अपना दुखड़ा सुनाया। कोई मकान बनवाने को तो कोई बच्चों की पढ़ाई के लिए पैसा जोड़ रहा था। निवेशकों ने रुपये वापस कराने की गुहार लगाई।
अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड कंपनी के भाग जाने के बाद से निवेशक परेशान हैं। निवेशक अपनी जमापूंजी वापस पाने को कभी नेताओं के दरवाजे पर तो कभी अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं। मंगलवार 300 से अधिक निवेशक एसएसपी कार्यालय पर तहरीर लेकर पहुंचे तो बुधवार को भी करीब सौ निवेशक पहुंच गए। तमाम निवेशक बुधवार सुबह सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता के आवास पहुंच गए। महिलाओं ने रो-रोकर अपना-अपना दर्द बताया।
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रामवती ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटी की शादी के लिए मेहनत मजदूरी कर रुपये जमा किए थे। जुलाई महीने में बेटी की शादी होनी है। जून में किताब पूरी हो जाती तो दो लाख रुपये का पेमेंट मिलना था। शादी में इस रुपये से बहुत राहत मिलती। अब शादी करना मुश्किल हो गया है। इसी तरह से सभी ने अपनी-अपनी समस्या बताते हुए रुपये दिलाने की गुहार सदर विधायक से लगाई। पीड़ित महिलाओं औैर पुरुषों को साथ लेकर विधायक एसएसपी कार्यालय पहुंच गए।
पीड़ितों ने एसएसपी को अपना हाल बताया। एसएसपी ने उनको आश्वासन दिया है कि उनका पैसा वापस कराया जाएगा। आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। जिनको मुकदमा लिखवाना है, वह अपनी तहरीर कोतवाली में जाकर दे दें। आरोपियों की गिरफ्तार करने के बाद जेल भेजा जाएगा।
एजेंट घर से फरार, दरवाजे पर पहुंच रहे निवेशक
शहर में करीब सौ से अधिक एजेंट हैं, जिन्होंने अपने मिलने वाले रिश्तेदारों व आसृपास के लोगों का करोड़ों रुपये कंपनी में जमा कराया। एजेंटों को तो कमीशन का लालच था। लेकिन सपने बहुत ही सुहावने दिखाए जाते थे। पांच साल में दोगुना पैसा सुनते ही लोग एफडी करने को तैयार हो जाते थे। क्योंकि बैंक में सात साल लगते हैं यहां दो साल पहले ही रुपये दोगुना हो रहे थे।
सैकड़ों लोग तो ऐसे है कि 15 साल से लगातार रुपये दोगुना के चक्कर में रुपयों की लौट कराते आ रहे थे। लेकिन उनका करोड़ों रुपया डूब गया है। जिन एजेंटों पर लोग विश्वास करते थे वह भी घरों में ताले डालकर फरार हो गए हैं। इसलिए निवेशक परेशान हो रहे हैं।
मजदूरी करके जमा किए थे रुपये
सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला हकीमगंज निवासी शना ने बताया कि मेहनत मजदूरी कर उन्होंने 1.25 लाख रुपये फाइनेंस कंपनी में जमा किया था। बेटी की शादी तक 2.50 लाख रुपये हो जाते लेकिन कंपनी के भाग जाने के बाद पूरी कमाई डूब गई है। अब रुपये वापस को परेशान होकर एसएसपी कार्यालय आए हैं।
बेटी की शादी को जमा किए थे रुपये
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला खंडसारी मोहल्ला के रहने वाले आलिम ने बताया कि एक-एक रुपये जोड़कर बेटी की शादी को जमा कर रहे थे। वह तीन सौ रुपये रोजाना किताब में जमा करते थे। सोचा था कि रुपये जमा हो जाएंगे तो बेटी की शादी अच्छे से हो जाएगी। अब समझ नहीं आ रहा है कि बेटी की शादी कैसे होगी। पूरा परिवार सदमे में आ गया है। खाना तक नहीं खाया जा रहा है।
एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता के साथ जो भी निवेशक आए थे उनको आश्वासन दिया गया कि कंपनी निदेशकों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की गई है। या ता वह सभी के रुपये लौटाएंगे नहीं तो जेल जाएंगे। गरीब का हक मारने वाले लोगों को छोड़ा नहीं जाएगा।