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कान्वेंट स्कूलों की मनमानी की जांच अब तक पूरी नहीं
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बदायूं। जिले में कान्वेंट स्कूलों की मनमानी के चलते अभिभावकों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पढ़ रहा है। जब इसकी शिकायत अभिभावकों ने डीएम से की तो उन्होंने जांच के निर्देश डीआईओएस को दिए, लेकिन तय समय निकलने के बाद भी डीआईओएस ने जांच पूरी नहीं की है। कॉलेज प्रशासन को लगातार दी जा रही छूट अभिभावकों के गले नहीं उतर रही है और उनको परेेशानी में डाले हुए है।
प्राइवेट स्कूल संचालकों की ओर से शासनादेश के विपरीत बढ़ाई गई फीस की बात जब डीएम दिनेश कुमार सिंह के पास पहुंची, तो डीएम ने छह अप्रैल को डीआईओएस राममूरत को बुलाया और निर्देश दिए किए सोमवार शाम तक हर हाल में फीस से संबंधित जानकारी दें कि स्कूल संचालकों ने शासन के निर्देश का पालन किया है या नहीं। इस पर सोमवार को डीआईओएस ने संबंधित स्कूल में जाकर फीस की जांच की, तो प्रथम दृष्टया विद्यालय संचालक दोषी पाया गया। शिक्षकों के वेतन संबंधित पत्रावली विद्यालय प्रबंधक नहीं दिखा पाए। इस वजह से उसे अपनी ओर से एक दिन का समय देते हुए मंगलवार को रिपोर्ट देने के लिए कहा गया। इसके बाद भी शाम तक डीआईओएस ने डीएम को फीस से संबंधित रिपोर्ट नहीं दी। डीआईओएस का कहना है कि कई अन्य कामों की वजह से रिपोर्ट नहीं बन पायी है। संभवत: बुधवार को इसकी रिपोर्ट डीएम को दी जाएगी। इधर अभिभावकों का कहना है कि डीएम के आदेश के बाद भी डीआईओएस इस प्रकरण को गंभीरता से नहीं लेते हुए लगातार विद्यालय प्रशासन को अपनी ओर से समय पर समय दे रहे हैं। विद्यालय पर की जा रही मेहरबानी किसी अभिभावक के गले नहीं उतर रही है।
अभी तक रिपोर्ट पूरी नहीं हो सकी है। जांच चल रही है, हालांकि प्रथम दृष्टया विद्यालय संचालक दोषी पाए गए हैं। इसके बारे में डीएम को अवगत कराया जा चुका है।
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-राममूरत, डीआईओएस
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प्राइवेट स्कूल संचालकों की ओर से शासनादेश के विपरीत बढ़ाई गई फीस की बात जब डीएम दिनेश कुमार सिंह के पास पहुंची, तो डीएम ने छह अप्रैल को डीआईओएस राममूरत को बुलाया और निर्देश दिए किए सोमवार शाम तक हर हाल में फीस से संबंधित जानकारी दें कि स्कूल संचालकों ने शासन के निर्देश का पालन किया है या नहीं। इस पर सोमवार को डीआईओएस ने संबंधित स्कूल में जाकर फीस की जांच की, तो प्रथम दृष्टया विद्यालय संचालक दोषी पाया गया। शिक्षकों के वेतन संबंधित पत्रावली विद्यालय प्रबंधक नहीं दिखा पाए। इस वजह से उसे अपनी ओर से एक दिन का समय देते हुए मंगलवार को रिपोर्ट देने के लिए कहा गया। इसके बाद भी शाम तक डीआईओएस ने डीएम को फीस से संबंधित रिपोर्ट नहीं दी। डीआईओएस का कहना है कि कई अन्य कामों की वजह से रिपोर्ट नहीं बन पायी है। संभवत: बुधवार को इसकी रिपोर्ट डीएम को दी जाएगी। इधर अभिभावकों का कहना है कि डीएम के आदेश के बाद भी डीआईओएस इस प्रकरण को गंभीरता से नहीं लेते हुए लगातार विद्यालय प्रशासन को अपनी ओर से समय पर समय दे रहे हैं। विद्यालय पर की जा रही मेहरबानी किसी अभिभावक के गले नहीं उतर रही है।
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अभी तक रिपोर्ट पूरी नहीं हो सकी है। जांच चल रही है, हालांकि प्रथम दृष्टया विद्यालय संचालक दोषी पाए गए हैं। इसके बारे में डीएम को अवगत कराया जा चुका है।
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-राममूरत, डीआईओएस