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Bijnor News: बाढ़ में डूबी तीन हजार हेक्टेयर फसल, मुआवजे में मिलेगा सिर्फ असल

Wed, 26 Jul 2023 12:34 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर Updated Wed, 26 Jul 2023 12:34 AM IST
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Three thousand hectare crop submerged in flood, only real will be given in compensation
- नदियों में बाढ़ से जिले में 3102 हेक्टेयर फसल प्रभावित
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- मुआवजे के लिए बाढ़ से प्रभावित फसलों का फिर से होगा सर्वे
आंकडे़
- 45 गांवों के किसानों की फसलें नदियों के पानी से हुई बर्बाद
- 3102.2 हेक्टेयर गन्ना व अन्य फसलें हुई प्रभावित
- 2949 हेक्टेयर गन्ना फसल हुई प्रभावित
- 33 प्रतिशत या उससे ज्यादा नुकसान पर ही मुआवजा
फोटो
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। किसानों की फसलों का उत्पादन पूर्ण रूप से प्रकृति पर ही निर्भर है। समय पर अच्छी बारिश होने एवं मौसम अनुकूल होने से अच्छा उत्पादन मिल जाता है। इस बार नदियों के पानी और बाढ़ से करीब 45 गांवों के किसानों की 3102.2 हेक्टेयर फसल प्रभावित हुई। इसमें 2949 हेक्टेयर अकेले गन्ना फसल प्रभावित हुई है। राजस्व विभाग के प्रारंभिक सर्वे में सबसे ज्यादा चांदपुर तहसील में 2856 हेक्टेयर फसल प्रभावित हुई है। बाढ़ से प्रभावित फसलों के मुआवजे अर्थात (सरकार इनपुट सब्सिडी) के लिए चार सदस्य टीम बनाई। जिन किसानों की फसल में 33 प्रतिशत या उससे ज्यादा नुकसान होगा, केवल उन्हें ही मुआवजा देने की तैयारी चल रही है।
जनपद में गन्ना मुख्य फसल है। किसान अन्य फसलों का उत्पादन कम ही करते हैं। पिछले दो सप्ताह से जनपद व पहाड़ी क्षेत्र में बारिश हो रही है। पहाड़ों का पानी जिले में गंगा, मालन नदी, खो, कुकड़ा नदी में जलस्तर बढ़ने आसपास बाढ़ की स्थिति रही। इन नदियों के पानी ने खेतों में खड़ी करीब तीन हजार एक सौ दो हेक्टेयर गन्ना, धान, पशुचारा आदि फसलें प्रभावित हुई। सर्वाधिक मालन नदी के पानी ने गन्ने की फसल को उखाड़ दिया और पानी से गिरी गन्ना, पशुचारा की फसल पर मिट्टी चढ़ गई। फसलों के मुआवजा को लेकर तहसील विभाग प्रभावित फसलों का दोबारा सर्वे कराएगा। इसके लिए तहसील स्तर पर चार सदस्य टीम का गठन किया गया है।
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- इतनी फसल हुई नदियों के पानी से प्रभावित
धान - 110 हेक्टेयर
ज्वार - 39.37 हेक्टेयर
गन्ना - 2949 हेक्टेयर
सब्जी - 3.2 हेक्टेयर
कुल - 3102.2 हेक्टेयर
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- इतनी मिलेगी सरकार की राहत
किसानों को 17 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर मिलेगी क्षतिपूर्ति
-कम से कम 2 हजार रुपये नुकसान पर मुआवजा
-ज्यादा से ज्यादा 17 हजार प्रति हेक्टेयर
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चार सदस्य टीम करेगी फसलों के नुकसान का सर्वे
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अरविंद सिंह ने कृषि, राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ अपने कार्यालय में समीक्षा की। एडीएम ने तहसील बार बाढ़ से प्रभावित फसलों के नुकसान के बारे में जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि बाढ़ से 3102.2 हेक्टेयर प्रभावित है। एडीएम वित्त एवं राजस्व ने प्रभावित क्षेत्र में मुआवजे के लिए दोबारा सर्वे करने के लिए चार सदस्य टीम बनाई। टीम में एसडीएम, तहसीलदार, विकास खंड, कृषि विभाग के अधिकारी शामिल रहेंगे।
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टीम में ये रहेंगे अधिकारी
बिजनौर तहसील में एसडीएम सदर, जिला कृषि रक्षा अधिकारी, तहसीलदार, संबंधित खंड विकास अधिकारी।
चांदपुर तहसील में एसडीएम चांदपुर, जिला कृषि अधिकारी, तहसीलदार, संबंधित खंड विकास अधिकारी।
नजीबाबाद तहसील में एसडीएम, भूमि संरक्षण अधिकारी बिजनौर, तहसीलदार, संबंधित खंड विकास अधिकारी।
धामपुर तहसील में एसडीएम, व,प्रा, ग्रुप ए, तहसीलदार, संबंधित खंड विकास अधिकारी।
नगीना तहसील में एसडीएम नगीना, अपर जिला कृषि अधिकारी, तहसीलदार, संबंधित खंड विकास अधिकारी।
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