{"_id":"617ee91f169e6f71185bca3e","slug":"the-district-will-soon-get-the-gift-of-another-sugar-mill-bijnor-news-mrt563153978","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले को जल्दी मिलेगा एक और चीनी मिल का तोहफा, किसानों का होगा फायदा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले को जल्दी मिलेगा एक और चीनी मिल का तोहफा, किसानों का होगा फायदा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले को जल्दी मिलेगा एक और चीनी मिल का तोहफा
बिजनौर। जिले के किसानों को एक और चीनी मिल का तोहफा मिल सकता है। चीनी के दामों में आई तेजी और मिलों के एथेनॉल की ओर बढ़ने से चीनी मिलों को फायदा हुआ है। नूरपुर क्षेत्र में एक और चीनी मिल खुलेगी। इसके लिए एक ग्रुप द्वारा कवायद भी शुरू कर दी गई है। मिल खुलने से बाकी मिलों का एरिया कम होगा और गन्ना खरीद की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। किसानों का गन्ना समय से बिकेगा और परेशानी कम होगी।
गन्ना जिले के किसानों की प्रमुख फसल है। जिले में करीब 72 प्रतिशत जमीन में गन्ना बोया जाता है। गन्ने का रकबा पिछले कुछ सालों से लगातार बढ़ रहा है और ढाई लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया है। जिले में पहले से ही नौ चीनी मिल चल रही हैं। इसके अलावा कोल्हू भी बड़ी तादाद में चल रहे हैं। लगातार बढ़ रहे गन्ना रकबे और पैदावार की वजह से जिले में एक और चीनी लगवाने की मांग काफी समय से चल रही है। जिले में आखिरी चीनी मिल साल 2005 में बिलाई चीनी मिल लगी थी। चीनी मिल लगाने के प्रयास भी हुए और कुछ ग्रुप ने बिजनौर में चांदपुर रोड पर गांव सिकंदरी गंज और नूरपुर में जमीन देखी और खरीदी भी, लेेकिन मिल नहीं लगी। इसके बाद चीनी के दाम गिर गए और किसी ने मिल का काम शुरू करने की हिम्मत नहीं जुटाई। अब चीनी के दामों में पहले से राहत है और सरकार एथेनॉल बनवाने पर भी जोर दे रही है। मुनाफे की संभावना को देखते हुए नूरपुर क्षेत्र में चीनी मिल लगाने का काम जल्दी शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। चीनी मिल के लिए कागजी कार्रवाई भी शुरू होने की चर्चा है। मिल चलने पर गन्ना रकबा बढ़ेगा और किसानों को समय से पर्ची मिलेंगी। साथ ही मिलों में प्रतिस्पर्धा भी रहेगी।
जिले में गन्ना रकबे की स्थिति
चीनी मिल पैड़ी पौधा कुल रकबा
बिजनौर 3464 3926 7390
धामपुर 25022 25316 50338
स्योहारा 18311 15609 33920
नजीबाबाद 7874 8394 16298
बुंदकी 14344 17190 31534
चांदपुर 7183 7787 14970
बिलाई 14062 14965 29029
बरकातपुर 13550 14984 28535
बहादरपुर 14782 18032 32760
धनौरा 2430 2419 4849
खाईखेड़ी 250 226 476
कुल 121218 128849 250067
नोट: गन्ने का रकबा हेक्टेयर में है।
किसानों को मिलेगी राहत
भाकियू के मुरादाबाद मंडल अध्यक्ष दिगंबर सिंह के अनुुुसार जिले में गन्ने की पैदावार और रकबे को देखते हुए और एक चीनी मिल लगनी चाहिए। नजीबाबाद चीनी मिल की पेराई क्षमता भी बढ़नी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। जिले के किसानों को एक और चीनी मिल का तोहफा मिल सकता है। चीनी के दामों में आई तेजी और मिलों के एथेनॉल की ओर बढ़ने से चीनी मिलों को फायदा हुआ है। नूरपुर क्षेत्र में एक और चीनी मिल खुलेगी। इसके लिए एक ग्रुप द्वारा कवायद भी शुरू कर दी गई है। मिल खुलने से बाकी मिलों का एरिया कम होगा और गन्ना खरीद की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। किसानों का गन्ना समय से बिकेगा और परेशानी कम होगी।
गन्ना जिले के किसानों की प्रमुख फसल है। जिले में करीब 72 प्रतिशत जमीन में गन्ना बोया जाता है। गन्ने का रकबा पिछले कुछ सालों से लगातार बढ़ रहा है और ढाई लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया है। जिले में पहले से ही नौ चीनी मिल चल रही हैं। इसके अलावा कोल्हू भी बड़ी तादाद में चल रहे हैं। लगातार बढ़ रहे गन्ना रकबे और पैदावार की वजह से जिले में एक और चीनी लगवाने की मांग काफी समय से चल रही है। जिले में आखिरी चीनी मिल साल 2005 में बिलाई चीनी मिल लगी थी। चीनी मिल लगाने के प्रयास भी हुए और कुछ ग्रुप ने बिजनौर में चांदपुर रोड पर गांव सिकंदरी गंज और नूरपुर में जमीन देखी और खरीदी भी, लेेकिन मिल नहीं लगी। इसके बाद चीनी के दाम गिर गए और किसी ने मिल का काम शुरू करने की हिम्मत नहीं जुटाई। अब चीनी के दामों में पहले से राहत है और सरकार एथेनॉल बनवाने पर भी जोर दे रही है। मुनाफे की संभावना को देखते हुए नूरपुर क्षेत्र में चीनी मिल लगाने का काम जल्दी शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। चीनी मिल के लिए कागजी कार्रवाई भी शुरू होने की चर्चा है। मिल चलने पर गन्ना रकबा बढ़ेगा और किसानों को समय से पर्ची मिलेंगी। साथ ही मिलों में प्रतिस्पर्धा भी रहेगी।
विज्ञापन
जिले में गन्ना रकबे की स्थिति
चीनी मिल पैड़ी पौधा कुल रकबा
बिजनौर 3464 3926 7390
धामपुर 25022 25316 50338
स्योहारा 18311 15609 33920
नजीबाबाद 7874 8394 16298
बुंदकी 14344 17190 31534
चांदपुर 7183 7787 14970
बिलाई 14062 14965 29029
बरकातपुर 13550 14984 28535
बहादरपुर 14782 18032 32760
धनौरा 2430 2419 4849
खाईखेड़ी 250 226 476
कुल 121218 128849 250067
नोट: गन्ने का रकबा हेक्टेयर में है।
किसानों को मिलेगी राहत
भाकियू के मुरादाबाद मंडल अध्यक्ष दिगंबर सिंह के अनुुुसार जिले में गन्ने की पैदावार और रकबे को देखते हुए और एक चीनी मिल लगनी चाहिए। नजीबाबाद चीनी मिल की पेराई क्षमता भी बढ़नी चाहिए।
विज्ञापन