{"_id":"5f4be6678ebc3e3cfa619b58","slug":"shia-community-donated-blood-bijnor-news-mrt4988241112","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिया समाज के लोगों ने किया रक्तदान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिया समाज के लोगों ने किया रक्तदान
विज्ञापन
शिया समाज के लोगों ने किया रक्तदान
नहटौर/रेहड़। कोविद 19 के मद्देनजर इस साल दसवीं मुहर्रम के मौके पर जंजीरों के मातम की बजाय शिया समाज के लोगों ने हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में एक रक्तदान शिविर आयोजित किया। इसमें 35 लोगों ने रक्तदान कर अपनी अकीदत का इजहार किया।
नहटौर के सरकारी अस्पताल में हजरत इमाम हुसैन की याद में हुसैनी रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें इमाम हुसैन से अकीदत रखने वाले लोगों ने इंसानियत की खातिर रक्तदान किया। इस दौरान 35 लोगों ने अपना खून देकर इंसानियत की मिसाल पेश की। रक्तदान शिविर के आयोजकों ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन को कर्बला की जंग में आज के दिन तीन दिन की भूख और प्यास के दौरान साथियों के साथ यजीद ने कत्ल कर दिया था। उसके बाद से आज तक कोई भी मुसलमान यजीद नाम नहीं रखता है। सैय्यद मिसाल मेहंदी ने कहा कि कोविड 19 को लेकर सरकार ने धार्मिक जुलूसों पर रोक लगाई है। सरकार के निर्देशों का पालन करते हुए रक्तदान किया गया। वहीं, रेहड़ में रविवार को लॉक डाउन व मुहर्रम के मद्देनजर ताजिये जुलूस आदि को लेकर पुलिस मुस्तैद रही। पुलिस दिन भर गश्त करती रही। थाना प्रभारी शिव कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस की सख्ती के कारण सादकपुर व हसनपुर में ताजिये, जुलूस आदि नहीं निकाले गए।
विज्ञापन
नहटौर/रेहड़। कोविद 19 के मद्देनजर इस साल दसवीं मुहर्रम के मौके पर जंजीरों के मातम की बजाय शिया समाज के लोगों ने हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में एक रक्तदान शिविर आयोजित किया। इसमें 35 लोगों ने रक्तदान कर अपनी अकीदत का इजहार किया।
नहटौर के सरकारी अस्पताल में हजरत इमाम हुसैन की याद में हुसैनी रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें इमाम हुसैन से अकीदत रखने वाले लोगों ने इंसानियत की खातिर रक्तदान किया। इस दौरान 35 लोगों ने अपना खून देकर इंसानियत की मिसाल पेश की। रक्तदान शिविर के आयोजकों ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन को कर्बला की जंग में आज के दिन तीन दिन की भूख और प्यास के दौरान साथियों के साथ यजीद ने कत्ल कर दिया था। उसके बाद से आज तक कोई भी मुसलमान यजीद नाम नहीं रखता है। सैय्यद मिसाल मेहंदी ने कहा कि कोविड 19 को लेकर सरकार ने धार्मिक जुलूसों पर रोक लगाई है। सरकार के निर्देशों का पालन करते हुए रक्तदान किया गया। वहीं, रेहड़ में रविवार को लॉक डाउन व मुहर्रम के मद्देनजर ताजिये जुलूस आदि को लेकर पुलिस मुस्तैद रही। पुलिस दिन भर गश्त करती रही। थाना प्रभारी शिव कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस की सख्ती के कारण सादकपुर व हसनपुर में ताजिये, जुलूस आदि नहीं निकाले गए।
विज्ञापन