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Bijnor News: अभियान चलाकर बंदियों में खोजी जाएगी गंभीर बीमारी
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- जिला कारागार में आज से चलाया जाएगा विशेष अभियान
- 300 बंदियों की रोजाना जेल में स्वास्थ्य विभाग की टीम करेगी जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिला कारागार में बंदियों को गंभीर बीमारियों से बचाने के लिए आज से विशेष अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीमें जेल में बंदियों की टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की जांच की जाएगी। इसके लिए टीम तैयार की जा रही है।
जेल में अभी तक टीबी मरीजों को खोजने के लिए ही अभियान चलाकर जांच की जाती थी। वहीं जो लोग टीबी से ग्रसित पाए जाते, उनकी एचआईवी की जांच होती थी। मगर, अब जेल में बंद कैदियों की हेपेटाइटिस की जांच अनिवार्य कर दी गई है। इसके चलते सात से 13 दिसंबर तक विशेष अभियान चलाकर कैदियों की स्क्रीनिंग की जाएगी। टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की स्क्रीनिंग के लिए अलग-अलग टीम काम करेंगी। जेल में करीब 1500 कैदी बंद हैं। रोजाना 300 कैदियों की जांच की जाएगी। अभियान के दौरान लिए गए सैंपलों को जांच के लिए लैब भेजा जाएगा। जांच में संक्रमित मिलने के बाद कैदियों का इलाज शुरू होगा।
जेल में आज से विशेष अभियान के तहत कैदियों की टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की जांच की जाएगी। तीन टीम भेजी जाएंगी। बंदियों में गंभीर बीमारी खोजने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। - डॉ. विजय कुमार गोयल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, बिजनौर
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- 300 बंदियों की रोजाना जेल में स्वास्थ्य विभाग की टीम करेगी जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिला कारागार में बंदियों को गंभीर बीमारियों से बचाने के लिए आज से विशेष अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीमें जेल में बंदियों की टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की जांच की जाएगी। इसके लिए टीम तैयार की जा रही है।
जेल में अभी तक टीबी मरीजों को खोजने के लिए ही अभियान चलाकर जांच की जाती थी। वहीं जो लोग टीबी से ग्रसित पाए जाते, उनकी एचआईवी की जांच होती थी। मगर, अब जेल में बंद कैदियों की हेपेटाइटिस की जांच अनिवार्य कर दी गई है। इसके चलते सात से 13 दिसंबर तक विशेष अभियान चलाकर कैदियों की स्क्रीनिंग की जाएगी। टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की स्क्रीनिंग के लिए अलग-अलग टीम काम करेंगी। जेल में करीब 1500 कैदी बंद हैं। रोजाना 300 कैदियों की जांच की जाएगी। अभियान के दौरान लिए गए सैंपलों को जांच के लिए लैब भेजा जाएगा। जांच में संक्रमित मिलने के बाद कैदियों का इलाज शुरू होगा।
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जेल में आज से विशेष अभियान के तहत कैदियों की टीबी, हेपेटाइटिस, एचआईवी की जांच की जाएगी। तीन टीम भेजी जाएंगी। बंदियों में गंभीर बीमारी खोजने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। - डॉ. विजय कुमार गोयल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, बिजनौर
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