{"_id":"6339d5f5ff0cad0ae73b917b","slug":"sent-the-inquiry-report-of-the-teacher-bijnor-news-mrt6079353107","type":"story","status":"publish","title_hn":"अध्यापिका की जांच रिपोर्ट भेजी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अध्यापिका की जांच रिपोर्ट भेजी
विज्ञापन
अध्यापिका की जांच रिपोर्ट भेजी
नहटौर। प्राथमिक विद्यालय बेगराजपुर की इंचार्ज अध्यापिका के खिलाफ जातिवाद फैलाने सहित कई अन्य आरोपों की जांच करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी ने आठ पन्नों की जांच आख्या जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को प्रेषित कर दी है। आख्या में कई आरोप सही साबित हुए हैं।
गांव बेगराजपुर के ग्रामीण कपिल कुमार, अमित कुमार, सुबोध कुमार, दिनेश कुमार, देवदत्त शर्मा ने आईजीआरएस पोर्टल पर गांव में स्थित प्राथमिक विद्यालय बेगराजपुर-2 की इंचार्ज अध्यापिका के खिलाफ जातिवाद फैलाने, बीएलओ के पद पर कार्य करने में लापरवाही बरतने, विद्यालय में फर्जी छात्र अंकित करने, उपस्थिति रजिस्टर में चेकिंग के दौरान अनुपस्थित लगने के बाद रजिस्टर में छेड़छाड़ करने, विद्यालय प्रबंध समिति के चयन में गड़बड़ी करने, खेल सामग्री खरीद में फर्जी बिल लगाकर रुपये निकालने, कंपोजिट ग्रांट के रुपये फर्जी बिल से निकालने आदि आरोप लगाए थे। सभी आरोपों को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी ने स्थलीय जांच करते हुए ग्रामीण व इंचार्ज अध्यापिका सहित विद्यालय के अन्य शिक्षकों के ब्यान दर्ज किए। जिसमें शिक्षकों ने भी इंचार्ज अध्यापिका पर सामान्य जाति के प्रति घृणा रखने सहित कई आरोप लगाते हुए लिखित ब्यान दिए।
इस मामले में इंचार्ज अध्यापिका प्रियंका रानी ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए उसे मानसिक रूप प्रताड़ित करने का ग्रामीणों पर आरोप लगाया। खंड शिक्षा अधिकारी योगेश कुमार शर्मा ने अपनी जांच आख्या में जातिगत घृणा के संबंध में कोई पुष्टि नहीं होने लेकिन स्टाफ में विवाद की स्थिति को स्पष्ट होना बताया है। इसके अलावा उपस्थिति रजिस्टर में छेड़छाड़ के आरोप को सही पाया गया हैं। खंड शिक्षा अधिकारी का कहना है कि जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्रेषित कर दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
नहटौर। प्राथमिक विद्यालय बेगराजपुर की इंचार्ज अध्यापिका के खिलाफ जातिवाद फैलाने सहित कई अन्य आरोपों की जांच करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी ने आठ पन्नों की जांच आख्या जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को प्रेषित कर दी है। आख्या में कई आरोप सही साबित हुए हैं।
गांव बेगराजपुर के ग्रामीण कपिल कुमार, अमित कुमार, सुबोध कुमार, दिनेश कुमार, देवदत्त शर्मा ने आईजीआरएस पोर्टल पर गांव में स्थित प्राथमिक विद्यालय बेगराजपुर-2 की इंचार्ज अध्यापिका के खिलाफ जातिवाद फैलाने, बीएलओ के पद पर कार्य करने में लापरवाही बरतने, विद्यालय में फर्जी छात्र अंकित करने, उपस्थिति रजिस्टर में चेकिंग के दौरान अनुपस्थित लगने के बाद रजिस्टर में छेड़छाड़ करने, विद्यालय प्रबंध समिति के चयन में गड़बड़ी करने, खेल सामग्री खरीद में फर्जी बिल लगाकर रुपये निकालने, कंपोजिट ग्रांट के रुपये फर्जी बिल से निकालने आदि आरोप लगाए थे। सभी आरोपों को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी ने स्थलीय जांच करते हुए ग्रामीण व इंचार्ज अध्यापिका सहित विद्यालय के अन्य शिक्षकों के ब्यान दर्ज किए। जिसमें शिक्षकों ने भी इंचार्ज अध्यापिका पर सामान्य जाति के प्रति घृणा रखने सहित कई आरोप लगाते हुए लिखित ब्यान दिए।
विज्ञापन
इस मामले में इंचार्ज अध्यापिका प्रियंका रानी ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए उसे मानसिक रूप प्रताड़ित करने का ग्रामीणों पर आरोप लगाया। खंड शिक्षा अधिकारी योगेश कुमार शर्मा ने अपनी जांच आख्या में जातिगत घृणा के संबंध में कोई पुष्टि नहीं होने लेकिन स्टाफ में विवाद की स्थिति को स्पष्ट होना बताया है। इसके अलावा उपस्थिति रजिस्टर में छेड़छाड़ के आरोप को सही पाया गया हैं। खंड शिक्षा अधिकारी का कहना है कि जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्रेषित कर दी गई है।
विज्ञापन