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निजी जमीन पर बना है स्कूल भवन : अमित
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Tue, 04 Jul 2017 12:01 AM IST
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धामपुर में आरएन इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल के निदेशक एवं प्रदेश के पूर्व राज्यमंत्री मूलचंद चौहान के पुत्र अमित प्रताप सिंह ने दावा किया है कि एसडीएम ने जिस जमीन को राज्य सरकार की संपत्ति में निहित करने के आदेश किए हैं, उस जमीन से स्कूल भवन का कोई लेनादेना नहीं है।
उन्होंने कहा कि स्कूल निजी जमीन में बनाया गया। इस जमीन का खसरा नंबर भी अलग है। जिस जमीन को एसडीएम ने राज्य सरकार की संपत्ति में निहित करने के आदेश दिए रखे हैं, उस जमीन को उनके द्वारा डीएम की अनुमति से खरीदा है। लेकिन इस जमीन में स्कूल का निर्माण नहीं है। इस जमीन को स्कूल के पास इसलिए खरीद लिया गया था कि यदि भविष्य में उनके द्वारा डिग्री कालेज का निर्माण कराया गया तो इस जमीन में छात्रों के खेलने का मैदान बना दिया जाएगा।
वह एसडीएम के आदेश पर रोक लगाने की मांग को लेकर अपील करेंगे। स्कूल का निर्माण उनकी निजी जमीन में होने से पूरी तरह से सुरक्षित है। उन्होंने बच्चों से स्कूल में अधिक से अधिक से प्रवेश पाकर पढ़ाई करने को प्रेरित किया है। जिन पट्टोदारों से डीएम की अनुमति से जमीन को खरीदा गया है उस जमीन को नौबत एजुकेशनल ट्रस्ट के नाम है और कोई भी संपत्ति ट्रस्ट के नाम होने से उस जमीन में कोई भी शिक्षण संस्था आदि की स्थापना की जा सकती है।
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उन्होंने कहा कि स्कूल निजी जमीन में बनाया गया। इस जमीन का खसरा नंबर भी अलग है। जिस जमीन को एसडीएम ने राज्य सरकार की संपत्ति में निहित करने के आदेश दिए रखे हैं, उस जमीन को उनके द्वारा डीएम की अनुमति से खरीदा है। लेकिन इस जमीन में स्कूल का निर्माण नहीं है। इस जमीन को स्कूल के पास इसलिए खरीद लिया गया था कि यदि भविष्य में उनके द्वारा डिग्री कालेज का निर्माण कराया गया तो इस जमीन में छात्रों के खेलने का मैदान बना दिया जाएगा।
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वह एसडीएम के आदेश पर रोक लगाने की मांग को लेकर अपील करेंगे। स्कूल का निर्माण उनकी निजी जमीन में होने से पूरी तरह से सुरक्षित है। उन्होंने बच्चों से स्कूल में अधिक से अधिक से प्रवेश पाकर पढ़ाई करने को प्रेरित किया है। जिन पट्टोदारों से डीएम की अनुमति से जमीन को खरीदा गया है उस जमीन को नौबत एजुकेशनल ट्रस्ट के नाम है और कोई भी संपत्ति ट्रस्ट के नाम होने से उस जमीन में कोई भी शिक्षण संस्था आदि की स्थापना की जा सकती है।
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