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मुहर्रम पर नहीं निकला जुलूस, ताजिये नहीं हुए दफन

Sun, 30 Aug 2020 11:39 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 30 Aug 2020 11:39 PM IST
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Procession did not go on Muharram, burial was not done
बिजनौर के कस्बा झालू के मोहल्ला सादात इमामबाड़ा में घर के बाहर मातम करते सोगवार। - फोटो : BIJNOR
मुहर्रम पर नहीं निकला जुलूस, ताजिये नहीं हुए दफन
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बिजनौर। जिले भर में मुहर्रम की दसवीं तारीख को कोई जुलूस नहीं निकाला गया और न ही ताजिये दफन किए गए। सभी ने शासन की गाइड लाइन का पालन किया। कर्बला पर सभी जगह पुलिस तैनात रही। बिजनौर में मुहर्रम पर न तो सीनाजनी की गई, न मजलिस हुई और न ही रविवार को ताजिये दफन किए गए। जुलूस आदि निकालने की किसी ने कोशिश भी नहीं की। नई बस्ती स्थित कर्बला के मैैदान में सुरक्षा के लिहाज से पुलिस बल तैनात रहा। कोई भी कर्बला के आसपास नहीं गया।
कोतवाली देहात में मोहर्रम के जुलूस और ताजियों को लेकर पुलिस अलर्ट रही। इमामबाड़ा व कर्बला पर पुलिस तैनात रही। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार की अगुवाई में पुलिस रविवार को सुबह से ही गश्त पर निकल पड़ी थी। किरतपुर में त्योहार पर केवल रस्म अदायगी ही की गई। गांव मेमन सादात में दस मुहर्रम के दौरान घरों में सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखते हुए मजलिसें हुई। मौलाना कुमैल अब्बास रिजवी ने मजलिसों को खिताब किया। अलम, ताजिये एवं जुलजनाह बरामद नहीं किए गए। रियाज जैदी, नजर हसन, इसरार जैदी, अब्बास हुसैन आदि ने मजलिसें कराई। गांव भनेड़ा, शकरपुरी, हुसैनपुर तीरगर में भी मुहर्रम की औपचारिकता ही पूरी की गईं। नगर में भी अखाड़े अथवा ताजिए नहीं निकाले गए।
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हल्दौर में गांव छजुपुरा सादात में अजादारों ने अपने घरों में छोटे छोटे अलम और ताजिये सजा कर इमाम हुसैन को याद किया। झालू में भी मातमी जुलूस, ताजिए व अखाड़े नहीं निकाले गए। मोहल्ला सादात इमामबाड़ा कला कमेटी के अध्यक्ष नजाकत हुसैन ने बताया कि वह लॉकडाउन का पालन करते हुए इस बार जलूस नहीं निकाल रहे हैं। बल्कि सभी अपने अपने घरों में मजलिस कर रस्मों को पूरा कर रहे हैं। शहजाद हुसैन, मोहम्मद हसनैन, मोहम्मद अली उर्फ मम्मी, नदीम हुसैन, शराफत हुसैन, सदाकत हुसैन, रजा हुसैन, मोनू, हैदर रजा, मंजर हुसैन, आरूज हुसैन, रियासत हुसैन आदि ने या हुसैन की सदाओं को बुलंद किया। जिसके बाद कर्बला पर जाकर रस्ममों को निभाया। वहीं, नगर के तीनों अखाड़ों के खलीफा सफीक कसार उर्फ नली पहलवान, डॉक्टर रईस अहमद, अमानत हुसैन ने बताया कि सरकार की गाइडलाइन का पालन करते हुए इस बार अखाड़े नहीं निकाले जा रहे हैं। बड़े इमामबाड़े पर सुरक्षा की दृष्टि से भारी पुलिस बल तैनात रहा। झालू चौकी प्रभारी राजीव कुमार शर्मा ने भारी पुलिस बल के साथ नगर के गली मोहल्लों में फ्लैग मार्च किया।

बिजनौर के कस्बा झालू के मोहल्ला सादात इमामबाड़ा में घर के अंदर मातम करता सोगवार।

बिजनौर के कस्बा झालू के मोहल्ला सादात इमामबाड़ा में घर के अंदर मातम करता सोगवार।- फोटो : BIJNOR

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