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मिशन कायाकल्प पर अधिकारियों की पैनी नजर
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मिशन कायाकल्प पर अधिकारियों की पैनी नजर
बिजनौर। परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों में मिशन कायाकल्प के तहत कराए गए कार्यों पर प्रशासन के अधिकारियों की नजर है। डीएम उमेश मिश्रा ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से अब तक स्कूलों में हुए कार्यों की रिपोर्ट तलब की है। स्कूलों की 19 बिंदुओं पर प्रत्येक सप्ताह रिपोर्ट ब्लॉक स्तर पर ली जा रही है।
कायाकल्प योजना के तहत परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों के साथ स्कूलों से अटैच आंगनबाड़ी केंद्रों की दशा सुधारने को भी अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत बच्चों की बैठने के लिए फर्नीचर, बालक व बालिकाओं के लिए अलग अलग शौचालय आदि कार्य मार्च तक पूरे किए जाने थे। पर अभी तक इन कार्यों को पूरा नहीं कराया गया है। शिक्षा विभाग की माने तो तमाम स्कूल ऐसे हैं, जिनमें कार्य आधे अधूरे हैं। जबकि कागजों में कार्य पूरे दिखाए गए हैं।
डीएम उमेश मिश्रा ने जिले के सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से अब तक स्कूलों में हुए कार्यों की रिपोर्ट दो दिन में देने को कहा है। बीएसए जयकरन यादव भी स्कूलों में कायाकल्प के कार्यों पर नजर रखे हुए हैं। उन्होंने अकादमिक रिसोर्स पर्सन से स्कूलों में कार्यो की रिपोर्ट मांगी है। शिक्षा विभाग के सूत्र बताते हैं कि स्कूलों में कार्य देखने के लिए स्वयं ग्राम पंचायत सचिव नहीं आते हैं। ठेकेदारों के भरोसे ही सारा काम छोड़ दिया जाता है।
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बिजनौर। परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों में मिशन कायाकल्प के तहत कराए गए कार्यों पर प्रशासन के अधिकारियों की नजर है। डीएम उमेश मिश्रा ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से अब तक स्कूलों में हुए कार्यों की रिपोर्ट तलब की है। स्कूलों की 19 बिंदुओं पर प्रत्येक सप्ताह रिपोर्ट ब्लॉक स्तर पर ली जा रही है।
कायाकल्प योजना के तहत परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों के साथ स्कूलों से अटैच आंगनबाड़ी केंद्रों की दशा सुधारने को भी अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत बच्चों की बैठने के लिए फर्नीचर, बालक व बालिकाओं के लिए अलग अलग शौचालय आदि कार्य मार्च तक पूरे किए जाने थे। पर अभी तक इन कार्यों को पूरा नहीं कराया गया है। शिक्षा विभाग की माने तो तमाम स्कूल ऐसे हैं, जिनमें कार्य आधे अधूरे हैं। जबकि कागजों में कार्य पूरे दिखाए गए हैं।
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डीएम उमेश मिश्रा ने जिले के सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से अब तक स्कूलों में हुए कार्यों की रिपोर्ट दो दिन में देने को कहा है। बीएसए जयकरन यादव भी स्कूलों में कायाकल्प के कार्यों पर नजर रखे हुए हैं। उन्होंने अकादमिक रिसोर्स पर्सन से स्कूलों में कार्यो की रिपोर्ट मांगी है। शिक्षा विभाग के सूत्र बताते हैं कि स्कूलों में कार्य देखने के लिए स्वयं ग्राम पंचायत सचिव नहीं आते हैं। ठेकेदारों के भरोसे ही सारा काम छोड़ दिया जाता है।
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