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वन क्षेत्र में पशु चराने पर पशुपालकों को नोटिस
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वन क्षेत्र में पशु चराने पर पशुपालकों को नोटिस
भागूवाला। क्षेत्र की राजगढ़ रेंज के वन्य क्षेत्र में पशु चराने पर पशुपालकों को नोटिस दिए गए हैं। डिप्टी रेंजर ने पशुपालकों को रेंज के आरक्षित वन क्षेत्र में पशु न चराने की हिदायत भी दी है।
राजगढ़ रेंज के डिप्टी रेंजर जयपाल सिंह का कहना है कि गुर्जर बस्ती, प्रीतमगढ़, सबलगढ़ के पशुपालक प्रतिदिन सैकड़ों की तादात में पशु को चराने के लिए आरक्षित वन क्षेत्र में लाते हैं। जिससे वन विभाग द्वारा लगाए गए पौधों भारी नुकसान होता है। इस वर्ष भी राजगढ़ रेंज की ओर से वन महोत्सव के मौके पर 230 हेक्टेयर जमीन में पौधरोपण किया गया है। वन उपज को नष्ट होने से बचाने के लिए गुर्जर बस्ती, प्रीतमगढ़, सबलगढ़ के पशुपालकों को नोटिस दिए गए है। वहीं, पशुपालक इब्राहिम, राजकुमार, अशोक कुमार, इकबाल का कहना है कि दशकों से पशु वन क्षेत्रों में चरने आ रहे हैं। पशुओं के चरने के लिए अन्य स्थान नहीं है। डिप्टी रेंजर जयपाल सिंह और पशुपालकों की बीच हुई वार्ता में पशुओं के आरक्षित वन क्षेत्र में नहीं जाने पर सहमति बनी है।
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भागूवाला। क्षेत्र की राजगढ़ रेंज के वन्य क्षेत्र में पशु चराने पर पशुपालकों को नोटिस दिए गए हैं। डिप्टी रेंजर ने पशुपालकों को रेंज के आरक्षित वन क्षेत्र में पशु न चराने की हिदायत भी दी है।
राजगढ़ रेंज के डिप्टी रेंजर जयपाल सिंह का कहना है कि गुर्जर बस्ती, प्रीतमगढ़, सबलगढ़ के पशुपालक प्रतिदिन सैकड़ों की तादात में पशु को चराने के लिए आरक्षित वन क्षेत्र में लाते हैं। जिससे वन विभाग द्वारा लगाए गए पौधों भारी नुकसान होता है। इस वर्ष भी राजगढ़ रेंज की ओर से वन महोत्सव के मौके पर 230 हेक्टेयर जमीन में पौधरोपण किया गया है। वन उपज को नष्ट होने से बचाने के लिए गुर्जर बस्ती, प्रीतमगढ़, सबलगढ़ के पशुपालकों को नोटिस दिए गए है। वहीं, पशुपालक इब्राहिम, राजकुमार, अशोक कुमार, इकबाल का कहना है कि दशकों से पशु वन क्षेत्रों में चरने आ रहे हैं। पशुओं के चरने के लिए अन्य स्थान नहीं है। डिप्टी रेंजर जयपाल सिंह और पशुपालकों की बीच हुई वार्ता में पशुओं के आरक्षित वन क्षेत्र में नहीं जाने पर सहमति बनी है।
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