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नई शिक्षा नीति देगी नई ऊर्जा : डॉ. एलएस बिष्ट
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नई शिक्षा नीति देगी नई ऊर्जा : डॉ. एलएस बिष्ट
नजीबाबाद। नई शिक्षा नीति और चुनौतियों विषय से आयोजित सेमिनार में शिक्षाविद डॉ. एलएस बिष्ट ने नई शिक्षा नीति को समय की आवश्यकता बताया। निर्मला गोकुल सिंह यादव सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कालेज में प्रधानाचार्य ब्रजभूषण भारद्वाज के नेतृत्व में नई शिक्षा नीति और चुनौतियों विषय से सेमिनार में शिक्षाविदों ने कोविड-19 दौर की शिक्षा और नई शिक्षा व्यवस्था पर चर्चा की।
जन शिक्षा समिति के प्रदेश मंत्री एवं शिक्षाविद डॉ. एलएस बिष्ट ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति में बदलाव को समय की जरूरत बताया। उन्होंने कहा कि डॉ. के कस्तूरी रंगन की अध्यक्षता वाली समिति ने फाउंडेशन स्टेज के तहत पहले तीन साल के बच्चे को आंगनबाड़ी प्री स्कूलिंग शिक्षा से जोड़ा है। कक्षा एक से दो में खेलकूद गतिविधियां, कक्षा तीन से पांच तक मातृभाषा ज्ञान व शिक्षण कार्य शामिल किया गया है। कहा कि कक्षा छह से जूनियर कक्षा तक प्रोफेशनल और कौशल विकास पाठ्यक्रम विद्यार्थियों के भविष्य को दिशा देगा। जबकि कक्षा नौ से 12 तक सेमिस्टर सिस्टम पर आधारित परीक्षाएं होंगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति से समाज में नई ऊर्जा का समावेश होगा। सेमिनार में प्रधानाचार्य ब्रजभूषण भारद्वाज, प्रमोद शर्मा, संजय सिंह, आत्मस्वरूप, पंकज शर्मा, गोपेंद्र, फूलमाला, मृदुला विश्नोई, रंजनी टांक उपस्थित रहे।
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नजीबाबाद। नई शिक्षा नीति और चुनौतियों विषय से आयोजित सेमिनार में शिक्षाविद डॉ. एलएस बिष्ट ने नई शिक्षा नीति को समय की आवश्यकता बताया। निर्मला गोकुल सिंह यादव सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कालेज में प्रधानाचार्य ब्रजभूषण भारद्वाज के नेतृत्व में नई शिक्षा नीति और चुनौतियों विषय से सेमिनार में शिक्षाविदों ने कोविड-19 दौर की शिक्षा और नई शिक्षा व्यवस्था पर चर्चा की।
जन शिक्षा समिति के प्रदेश मंत्री एवं शिक्षाविद डॉ. एलएस बिष्ट ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति में बदलाव को समय की जरूरत बताया। उन्होंने कहा कि डॉ. के कस्तूरी रंगन की अध्यक्षता वाली समिति ने फाउंडेशन स्टेज के तहत पहले तीन साल के बच्चे को आंगनबाड़ी प्री स्कूलिंग शिक्षा से जोड़ा है। कक्षा एक से दो में खेलकूद गतिविधियां, कक्षा तीन से पांच तक मातृभाषा ज्ञान व शिक्षण कार्य शामिल किया गया है। कहा कि कक्षा छह से जूनियर कक्षा तक प्रोफेशनल और कौशल विकास पाठ्यक्रम विद्यार्थियों के भविष्य को दिशा देगा। जबकि कक्षा नौ से 12 तक सेमिस्टर सिस्टम पर आधारित परीक्षाएं होंगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति से समाज में नई ऊर्जा का समावेश होगा। सेमिनार में प्रधानाचार्य ब्रजभूषण भारद्वाज, प्रमोद शर्मा, संजय सिंह, आत्मस्वरूप, पंकज शर्मा, गोपेंद्र, फूलमाला, मृदुला विश्नोई, रंजनी टांक उपस्थित रहे।
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