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नजीबाबाद, स्योहारा मिल ने किया 93 करोड़ भुगतान
Tue, 09 Apr 2019 11:53 PM IST
Deepak Sharma
अमर उजाला ब्यूरो/बिजनौर
अमर उजाला ब्यूरो/बिजनौर
Published by: Deepak Sharma
Updated Tue, 09 Apr 2019 11:53 PM IST
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नजीबाबाद में मासिक पंचायत करते किसान।
- फोटो : अमर उजाला
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बिजनौर में केंद्र सरकार से ऋण मिलने के बाद सोमवार को नजीबाबाद और स्योहारा चीनी मिल ने 93 करोड़ से अधिक का भुगतान कर दिया। बाकी चीनी मिलों को जल्द ही ऋण मिलने उम्मीद है। धामपुर चीनी मिल पहले ही ऋण से मिली राशि से बकाया गन्ना मूल्य भुगतान कर चुकी है। बरकातपुर चीनी मिल का भी 47.84 करोड़ का ऋण स्वीकृत हो गया है, जो एक-दो दिन में मिल जाएगा।
किसानों के गन्ने का भुगतान 14 दिन के अंदर कराने की गन्ना नीति के अंतर्गत केंद्र सरकार ने चीनी मिलों से ऋण के लिए आवेदन मांगे थे। 26 फरवरी तक खरीदे गए गन्ने का 25 प्रतिशत भुगतान करने वाली चीनी मिलों को ऋण का पात्र माना गया था। मिलों की तीन साल की चीनी रिकवरी का आधार भी देखा गया था। इसके आधार पर जिले की चीनी मिलों ने 363.72 करोड़ का ऋण सरकार से मांगा था। सरकार ने धामपुर चीनी मिल को पिछले सप्ताह ही 88.84 करोड़ का ऋण दे दिया था। मंगलवार को मिलों को 93.32 करोड़ का ऋण मंजूर किया है। नजीबाबाद सहकारी चीनी मिल को 17.68 करोड़, स्योहारा चीनी मिल को 75.64 करोड़ का ऋण मिल गया है। यह राशि किसानों के खातों में भेजी जा रही है। बाकी चीनी मिलों को भी एक दो दिन में ही ऋण की राशि मिल जाएगी। ऋण मिलते ही बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कर दिया जाएगा। जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह के अनुसार मिलों को ऋण में मिली राशि किसानों के खाते में भेजी जा रही है। बाकी मिलों को ऋण मिलते ही वह राशि भी किसानों के खातों में भेज दी जाएगी।
सर्वे कराकर बांड भरवाने की मांग
अफजलगढ़। भाकियू कार्यकर्ताओं की बैठक में गन्ना समिति परिसर में हुई। बैठक में किसानों की समस्याओं पर विचार विमर्श किया गया। समिति सचिव से किसानों के बांड भरवाकर सर्वे कर अतिशीघ्र गन्ना मिल में सप्लाई कराने की मांग उठाई गई। गेहूं क्रय केंद्र लगवाने के लिए स्थान चिह्नित कर तौल की व्यवस्था अतिशीघ्र कराए जाने की मांग की। आरोप लगाया कि निगम जर्जर बिजली लाइनों की सुध नहीं ले रहा है। बिजली की लाइन ढीली होने के कारण पके गेहूं की फसल में आग लगने का खतरा है। सुबह शाम पूरी रात को सप्लाई दी जाये। बिजली के तारों में ओटीएस योजना में भ्रष्टता के कारण किसानों को पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। ओटीएस योजना की जांच कराकर संशोधन कराये जाने व वसूली वापस कराए जाने की मांग की। अध्यक्षता ब्लॉक अध्यक्ष दर्शन सिंह फौजी और संचालन मुख्तियार सिंह ने किया। बैठक में राजकुमार, गुरदेव सिंह, धर्मेंद्र सिंह, राजेंद्र गुज्जर, बलकार सिंह, चंद्रपाल सिंह, भूरे सिंह, भारत सिंह, कुलदीप सिंह, जफीर अहमद, सरजा सिंह आदि रहे।
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किसानों के गन्ने का भुगतान 14 दिन के अंदर कराने की गन्ना नीति के अंतर्गत केंद्र सरकार ने चीनी मिलों से ऋण के लिए आवेदन मांगे थे। 26 फरवरी तक खरीदे गए गन्ने का 25 प्रतिशत भुगतान करने वाली चीनी मिलों को ऋण का पात्र माना गया था। मिलों की तीन साल की चीनी रिकवरी का आधार भी देखा गया था। इसके आधार पर जिले की चीनी मिलों ने 363.72 करोड़ का ऋण सरकार से मांगा था। सरकार ने धामपुर चीनी मिल को पिछले सप्ताह ही 88.84 करोड़ का ऋण दे दिया था। मंगलवार को मिलों को 93.32 करोड़ का ऋण मंजूर किया है। नजीबाबाद सहकारी चीनी मिल को 17.68 करोड़, स्योहारा चीनी मिल को 75.64 करोड़ का ऋण मिल गया है। यह राशि किसानों के खातों में भेजी जा रही है। बाकी चीनी मिलों को भी एक दो दिन में ही ऋण की राशि मिल जाएगी। ऋण मिलते ही बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कर दिया जाएगा। जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह के अनुसार मिलों को ऋण में मिली राशि किसानों के खाते में भेजी जा रही है। बाकी मिलों को ऋण मिलते ही वह राशि भी किसानों के खातों में भेज दी जाएगी।
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सर्वे कराकर बांड भरवाने की मांग
अफजलगढ़। भाकियू कार्यकर्ताओं की बैठक में गन्ना समिति परिसर में हुई। बैठक में किसानों की समस्याओं पर विचार विमर्श किया गया। समिति सचिव से किसानों के बांड भरवाकर सर्वे कर अतिशीघ्र गन्ना मिल में सप्लाई कराने की मांग उठाई गई। गेहूं क्रय केंद्र लगवाने के लिए स्थान चिह्नित कर तौल की व्यवस्था अतिशीघ्र कराए जाने की मांग की। आरोप लगाया कि निगम जर्जर बिजली लाइनों की सुध नहीं ले रहा है। बिजली की लाइन ढीली होने के कारण पके गेहूं की फसल में आग लगने का खतरा है। सुबह शाम पूरी रात को सप्लाई दी जाये। बिजली के तारों में ओटीएस योजना में भ्रष्टता के कारण किसानों को पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। ओटीएस योजना की जांच कराकर संशोधन कराये जाने व वसूली वापस कराए जाने की मांग की। अध्यक्षता ब्लॉक अध्यक्ष दर्शन सिंह फौजी और संचालन मुख्तियार सिंह ने किया। बैठक में राजकुमार, गुरदेव सिंह, धर्मेंद्र सिंह, राजेंद्र गुज्जर, बलकार सिंह, चंद्रपाल सिंह, भूरे सिंह, भारत सिंह, कुलदीप सिंह, जफीर अहमद, सरजा सिंह आदि रहे।
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