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पलायन की चेतावनी, मकानों पर लिखा बिकाऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Sat, 08 Apr 2017 12:22 AM IST
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हिंदू समुदाय के एक घर के बाहर लिखा ‘यह मकान बिकाऊ है’।
- फोटो : अमर उजाला
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नजीबाबाद में जोगीरम्पुरी में प्राचीन शिव मंदिर पर लाउडस्पीकर न लगने देने से खफा हिंदू समुदाय के लोगों ने क्षेत्र से पलायन की चेतावनी दी है। शुक्रवार शाम कई हिंदुओं ने अपने घरों की दीवारों पर ‘मकान बिकाऊ है’ लिख दिया।
गांव जोगीरम्पुरी में शुक्रवार शाम करीब छह बजे उस समय सनसनी फैल गई, जब मोहल्ला जोगीपुरा और रम्पुरी में रह रहे हिंदू परिवारों ने घरों के बाहर ‘मकान बिकाऊ है’ लिख डाला। हिंदू समुदाय के लोगों का कहना है कि प्राचीन शिव मंदिर पर वर्ष 2007 से पहले पूजा-अर्चना के दौरान लाउडस्पीकर का इस्तेमाल होता था। तत्कालीन नगीना देहात थानाध्यक्ष ने लाउडस्पीकर उतरवा दिया था। इसके बाद बसपा और सपा सरकार में मंदिर पर लाउडस्पीकर नहीं लगने दिया गया।
इस संबंध में एसडीएम वीके सिंह ने कहा कि मुस्लिम पक्ष मामले के निपटारे के लिए बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन वे हिंदू पक्ष द्वारा बाहरी लोगों के माध्यम से बनाए जा रहे दबाव को सही नहीं मान रहे। इसलिए मामले का हल नहीं निकल पा रहा। एसडीएम ने बताया कि भाजपा नेता राजीव अग्रवाल के साथ हिंदू पक्ष के लोगों से दोबारा बातचीत होगी। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच मामला सुलझाने के प्रयास किए जाएंगे। इससे पहले मंदिर पर लाउड स्पीकर प्रकरण को लेकर सतीश चौहान, सुभाष गहलोत, डॉ.एके गहलोत, अजीत चौहान, विजेंद्र एडवोकेट, अनिल राणा एसडीएम वीके सिंह से मिले। उन्होंने परंपराओं का निष्पक्ष आंकलन करा हिंदुओं की भावनाओं को सम्मान देने की मांग की।
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हालात बदतर होने की आशंका में निर्णय
नजीबाबाद में गली नंबर-1 में रहने वाले नरेश सैनी का कहना है कि बुजुर्ग बताते हैं कि गांव में शिव मंदिर करीब 400 वर्ष पुराना है। वहां लाउडस्पीकर नहीं लगेगा और क्षेत्र में दूसरे वर्ग के नए बने धर्मस्थलों पर लाउडस्पीकर लगे हैं। लोगों की सुनवाई न होने से आहत होकर उन्हें पलायन करना पड़ रहा है। इसी क्षेत्र के रहने वाले आरके सिंह का कहना है कि मानसिक उत्पीड़न कब तक बर्दाश्त किया जा सकता है? मुख्य मार्ग पर रहने वाले प्रशांत का कहना है कि आज ही पलायन कर लेंगे तो बेहतर। भविष्य में हालात और बदतर होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। उधर, मंगल सैनी का कहना है कि मंदिर पर लाउडस्पीकर नहीं लगेगा तो दूसरे धर्मस्थलों से भी उतारे जाने चाहिए। गांव में डॉ. दयाराम सैनी, जगराम सैनी, मंगल सैनी, संतराम सैनी, सुरेश सैनी, मनोज अग्रवाल, राम सिंह, अमर सिंह, धन सिंह, आशाराम, राजू, मुन्नू मास्टर, राजकुमार, राजन सिंह,
बलकरन सैनी सहित दर्जनों हिंदू परिवारों द्वारा अपने मकानों व दुकानों पर बिकाऊ लिखा है।
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गांव जोगीरम्पुरी में शुक्रवार शाम करीब छह बजे उस समय सनसनी फैल गई, जब मोहल्ला जोगीपुरा और रम्पुरी में रह रहे हिंदू परिवारों ने घरों के बाहर ‘मकान बिकाऊ है’ लिख डाला। हिंदू समुदाय के लोगों का कहना है कि प्राचीन शिव मंदिर पर वर्ष 2007 से पहले पूजा-अर्चना के दौरान लाउडस्पीकर का इस्तेमाल होता था। तत्कालीन नगीना देहात थानाध्यक्ष ने लाउडस्पीकर उतरवा दिया था। इसके बाद बसपा और सपा सरकार में मंदिर पर लाउडस्पीकर नहीं लगने दिया गया।
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इस संबंध में एसडीएम वीके सिंह ने कहा कि मुस्लिम पक्ष मामले के निपटारे के लिए बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन वे हिंदू पक्ष द्वारा बाहरी लोगों के माध्यम से बनाए जा रहे दबाव को सही नहीं मान रहे। इसलिए मामले का हल नहीं निकल पा रहा। एसडीएम ने बताया कि भाजपा नेता राजीव अग्रवाल के साथ हिंदू पक्ष के लोगों से दोबारा बातचीत होगी। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच मामला सुलझाने के प्रयास किए जाएंगे। इससे पहले मंदिर पर लाउड स्पीकर प्रकरण को लेकर सतीश चौहान, सुभाष गहलोत, डॉ.एके गहलोत, अजीत चौहान, विजेंद्र एडवोकेट, अनिल राणा एसडीएम वीके सिंह से मिले। उन्होंने परंपराओं का निष्पक्ष आंकलन करा हिंदुओं की भावनाओं को सम्मान देने की मांग की।
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हालात बदतर होने की आशंका में निर्णय
नजीबाबाद में गली नंबर-1 में रहने वाले नरेश सैनी का कहना है कि बुजुर्ग बताते हैं कि गांव में शिव मंदिर करीब 400 वर्ष पुराना है। वहां लाउडस्पीकर नहीं लगेगा और क्षेत्र में दूसरे वर्ग के नए बने धर्मस्थलों पर लाउडस्पीकर लगे हैं। लोगों की सुनवाई न होने से आहत होकर उन्हें पलायन करना पड़ रहा है। इसी क्षेत्र के रहने वाले आरके सिंह का कहना है कि मानसिक उत्पीड़न कब तक बर्दाश्त किया जा सकता है? मुख्य मार्ग पर रहने वाले प्रशांत का कहना है कि आज ही पलायन कर लेंगे तो बेहतर। भविष्य में हालात और बदतर होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। उधर, मंगल सैनी का कहना है कि मंदिर पर लाउडस्पीकर नहीं लगेगा तो दूसरे धर्मस्थलों से भी उतारे जाने चाहिए। गांव में डॉ. दयाराम सैनी, जगराम सैनी, मंगल सैनी, संतराम सैनी, सुरेश सैनी, मनोज अग्रवाल, राम सिंह, अमर सिंह, धन सिंह, आशाराम, राजू, मुन्नू मास्टर, राजकुमार, राजन सिंह,
बलकरन सैनी सहित दर्जनों हिंदू परिवारों द्वारा अपने मकानों व दुकानों पर बिकाऊ लिखा है।