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Bijnor News: मुर्गी खाने के फेर में फंस गया गुलदार, पिंजरे में हुआ कैद
Tue, 28 Oct 2025 11:35 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Tue, 28 Oct 2025 11:35 PM IST
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मंडावर क्षेत्र के ग्राम गीदड़पुरा के जंगल में पिंजरे में कैद हुआ गुलदार। स्रोत वन विभाग
मंडावर(बिजनौर)। यूं तो पिंजरा महीनों से लगा हुआ था मगर उसमें मुर्गी को बंद किया गया तो गुलदार फंस गया। पिंजरे में कैद हुए गुलदार को देखकर गांव वालों ने राहत की सांस ली। दरअसल कई महीनों से गुलदार आस पास ही देखा जा रहा था।
गांव गीदड़पुरा के लोग मंगलवार की सुबह खेतों की तरफ गए तो उन्हें पिंजर में गुलदार गुर्राता नजर आया। इसके बाद गांव वालों ने वन विभाग को खबर दी। मौके पर पहुंची टीम ने गुलदार को रेस्क्यू किया। बता दें कि वन विभाग की ओर से गांव गीदड़पुरा के पास जनवरी में पिंजरा लगाया था।
30 जनवरी को गुलदार उक्त पिंजरे में कैद हो गया। इस गुलदार के कैद होने के बाद गांव वालों ने राहत महसूस की थी। मगर कुछ महीनों के बाद फिर से एक और गुलदार नजर आने लगा। पिछले महीने फिर से पिंजरा लगाया गया।
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खेत में खुले स्थान पर पिंजरा लगाने के बाद उसे पत्ती से ढक दिया गया। गुलदार पिंजरे तक आ जाए, इसके लिए कभी बकरी, कभी कुत्ता तो कभी मुर्गी बंद को बंद किया गया। अब सोमवार की रात फिर से एक मुर्गी को पिंजरे में बंद कर दिया गया।
मुर्गी को खाने के फेर में मादा गुलदार पिंजरे में पहुंची और कैद हो गई। खबर मिलने के बाद वन विभाग की टीम पिंजरे को उठाकर रेंज कार्यालय ले आई। डीएफओ जय सिंह कुशवाहा ने बताया कि गुलदार को बाहर भेजने के लिए अनुमति मांगी गई है।
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गांव गीदड़पुरा के लोग मंगलवार की सुबह खेतों की तरफ गए तो उन्हें पिंजर में गुलदार गुर्राता नजर आया। इसके बाद गांव वालों ने वन विभाग को खबर दी। मौके पर पहुंची टीम ने गुलदार को रेस्क्यू किया। बता दें कि वन विभाग की ओर से गांव गीदड़पुरा के पास जनवरी में पिंजरा लगाया था।
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30 जनवरी को गुलदार उक्त पिंजरे में कैद हो गया। इस गुलदार के कैद होने के बाद गांव वालों ने राहत महसूस की थी। मगर कुछ महीनों के बाद फिर से एक और गुलदार नजर आने लगा। पिछले महीने फिर से पिंजरा लगाया गया।
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खेत में खुले स्थान पर पिंजरा लगाने के बाद उसे पत्ती से ढक दिया गया। गुलदार पिंजरे तक आ जाए, इसके लिए कभी बकरी, कभी कुत्ता तो कभी मुर्गी बंद को बंद किया गया। अब सोमवार की रात फिर से एक मुर्गी को पिंजरे में बंद कर दिया गया।
मुर्गी को खाने के फेर में मादा गुलदार पिंजरे में पहुंची और कैद हो गई। खबर मिलने के बाद वन विभाग की टीम पिंजरे को उठाकर रेंज कार्यालय ले आई। डीएफओ जय सिंह कुशवाहा ने बताया कि गुलदार को बाहर भेजने के लिए अनुमति मांगी गई है।