बिजनौर: कुत्ते का पीछा करते हुए घर के कमरे में घुसा गुलदार, महिला ने दिखाई सूझबूझ
बिजनौर जिले में देहात क्षेत्र में ग्रामीण गुलदार के हमलों से दहशत में हैं, शनिवार को अफजलगढ़ के गांव नावका में शनिवार देर शाम कुत्ते का पीछा करते हुए एक गुलदार घर में घुस गया।
परिजनों ने सतर्कता दिखाते हुए कमरे में ताला लगा दिया है और पुलिस व वन विभाग को सूचना दी गई है। अफजलगढ़ क्षेत्र के गांव भागीजोत में गन्ने की बुवाई कर रही एक महिला को गुलदार ने हमला कर घायल कर दिया। महिला को सीएचसी में भर्ती कराया गया है।
गांव नावका में शनिवार की शाम आठ बजे ग्रामीण अपने दैनिक कार्यों में लगे थे। तभी अचानक एक गुलदार कुत्ते का पीछा करता हुआ गांव में आ गया। गांव के रघुबीर ने बताया की गुलदार उनके पालतू कुत्ते का पीछा करता हुआ गांव में आ पहुंचा और घर में घुस गया गुलदार को देख परिजनों के होश फाख्ता हो गए, परिजनों के शोर मचाने पर गुलदार एक कमरे में छुप गया। इसके बाद कमरा बंद कर ताला लगा दिया गया है।
गांव निवासी रमेश, महिपाल, शिवचरण, मुन्नू, नरेश , परवीन आदि ने बताया कि जंगल समीप होने के कारण अक्सर गुलदार गांव के समीप मंडराता रहता है। सूचना के बाद भी वनकर्मी कभी मौके पर नहीं आते हैं। सूचना देने के दो घंटे बाद भी वनकर्मी मौके पर नही पहुंचे थे।
सुरक्षा की दृष्टि से अफजलगढ़ कोतवाल नरेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है।उधर वन दरोगा सुनील राजौरा का कहना है कि उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत करा दिया गया है।
गांव भागीजोत निवासी दीपक ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ खेत पर गन्ने की बुवाई कर रहे थे। उनकी मां सोना देवी भी खेत पर उनसे थोड़ी दूरी पर काम कर रही थी। अचानक पास ही खेत से निकलकर कर गुलदार ने उनकी मां पर हमला कर बुरी तरह जख्मी कर दिया। मां को 108 एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए सीएचसी में भर्ती कराया गया।
गंभीरावस्था के चलते प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। गांव के दीपक मोहन सिंह, देवेंद्र, सोनू, रामपाल आदि का कहना है कि गुलदार लगातार खेत दिखाई देता रहता है। गांव वाले अकेले खेतों पर काम करने जाने से भी घबरा रहे है। गांव वालों ने वन विभाग के अधिकारियों से गुलदार को पकड़कर वन क्षेत्र में छुड़वाने की मांग की है।