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बच्चे तो छोड़िए, यहां बड़े भी नहीं लगाते हेलमेट
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बच्चे तो छोड़िए, यहां बड़े भी नहीं लगाते हेलमेट
बिजनौर। भले ही केंद्र सरकार ने चार साल से कम के बच्चों के लिए भी हेलमेट जरूरी कर दिया हो, लेकिन यहां तो बड़े भी हेलमेट नहीं लगाते हैं। जिसे ट्रैफिक पुलिस के आंकड़े तस्दीक कर रहे हैं। पुलिस हर रोज औसतन 20 लोगों के चालान करती है, जोकि हेलमेट लगाए बिना बाइक चला रहे होते हैं। इस महीने सिर्फ 17 दिन में ही 340 चालान किए गए हैं।
बुधवार को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने नए नियमों की अधिसूचना जारी कर दी है। जिसमें चार साल से कम के बच्चों को भी क्रैश हेलमेट और सेफ्टी हार्नेस जरूरी किया है। बता दें कि हेमलेट लगाने और सुरक्षित वाहन चलाने के लिए हर साल जागरुकता अभियान चलाए जाते हैं। फिर भी लोग सुधरने को तैयार नहीं हैं। बिना हेलमेट ही बाइक दौड़ाते हुए शहर से गांव देहात तक बाइक सवार दिखाई दे जाएंगे। हालांकि पुलिस लगातार चेकिंग करती है, फिर भी कोई असर नहीं पड़ता।
पिछले महीने भर चुके हैं 13 लाख जुर्माना
जनवरी के महीने में जिलेभर में चेकिंग के दौरान 1377 लोगों के चालान सिर्फ हेलमेट नहीं लगाने पर किए गए थे। यह काफी बड़ा आंकड़ा है। जो हर रोज औसतन 45 बैठता है। इन लोगों से करीब 13 लाख रुपये जुर्माना पुलिस ने वसूल किया है। हेलमेट नहीं लगाने वालों का एक हजार रुपये का चालान कटता है। बाजार में हेलमेट की कीमत भी एक हजार से शुरू होती है। अगर हेलमेट लगाकर चलें तो बार-बार के चालान से भी मुुक्ति मिल सकती है।
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कोट ---
यातायात सुरक्षा सप्ताह के तहत लोगों को जागरूक किया जाता है। लोगों को हेलमेट लगाकर चलने की सलाह दी जाती है। फिर भी कुछ बाइक सवार बिना हेलमेट ही सड़कों पर निकल आते हैं, जिन्हें दंडित करने के लिए चालान कर दिए जाते हैं
- कुलदीप गुप्ता, सीओ
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बिजनौर। भले ही केंद्र सरकार ने चार साल से कम के बच्चों के लिए भी हेलमेट जरूरी कर दिया हो, लेकिन यहां तो बड़े भी हेलमेट नहीं लगाते हैं। जिसे ट्रैफिक पुलिस के आंकड़े तस्दीक कर रहे हैं। पुलिस हर रोज औसतन 20 लोगों के चालान करती है, जोकि हेलमेट लगाए बिना बाइक चला रहे होते हैं। इस महीने सिर्फ 17 दिन में ही 340 चालान किए गए हैं।
बुधवार को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने नए नियमों की अधिसूचना जारी कर दी है। जिसमें चार साल से कम के बच्चों को भी क्रैश हेलमेट और सेफ्टी हार्नेस जरूरी किया है। बता दें कि हेमलेट लगाने और सुरक्षित वाहन चलाने के लिए हर साल जागरुकता अभियान चलाए जाते हैं। फिर भी लोग सुधरने को तैयार नहीं हैं। बिना हेलमेट ही बाइक दौड़ाते हुए शहर से गांव देहात तक बाइक सवार दिखाई दे जाएंगे। हालांकि पुलिस लगातार चेकिंग करती है, फिर भी कोई असर नहीं पड़ता।
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पिछले महीने भर चुके हैं 13 लाख जुर्माना
जनवरी के महीने में जिलेभर में चेकिंग के दौरान 1377 लोगों के चालान सिर्फ हेलमेट नहीं लगाने पर किए गए थे। यह काफी बड़ा आंकड़ा है। जो हर रोज औसतन 45 बैठता है। इन लोगों से करीब 13 लाख रुपये जुर्माना पुलिस ने वसूल किया है। हेलमेट नहीं लगाने वालों का एक हजार रुपये का चालान कटता है। बाजार में हेलमेट की कीमत भी एक हजार से शुरू होती है। अगर हेलमेट लगाकर चलें तो बार-बार के चालान से भी मुुक्ति मिल सकती है।
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कोट ---
यातायात सुरक्षा सप्ताह के तहत लोगों को जागरूक किया जाता है। लोगों को हेलमेट लगाकर चलने की सलाह दी जाती है। फिर भी कुछ बाइक सवार बिना हेलमेट ही सड़कों पर निकल आते हैं, जिन्हें दंडित करने के लिए चालान कर दिए जाते हैं
- कुलदीप गुप्ता, सीओ