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बिजनौर में भी प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की भड़की थी चिंगारी
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बिजनौर । आजादी के अमृत महोत्सव के तहत क्रांति दिवस पर विकास भवन प्रांगण में प्रदर्शनी का आयोजन हुआ। प्रर्दशनी में 1857 की क्रांति में योगदान देने वाले अमर शहीदों एवं क्रांतिकारियों के इतिहास से संबंधित अभिलेख उपस्थित रहे।
प्रदर्शनी में सीडीओ केपी सिंह ने 1857 की क्रांति के इतिहास से संबंधित जिला बिजनौर में होने वाली गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। बताया कि देश की आजादी प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 10 मई 1857 को शुरू हुआ था और बिजनौर में भी प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की चिंगारी भड़की थी। जिसके परिणामस्वरूप जिले में मौजूद अंग्रेज अधिकारियों को जिला छोड़कर भागना पड़ा था। उन्होंने बताया कि 10 मई 1857 को मेरठ से उठी क्रांति की चिंगारी बिजनौर तक पहुंच गई थी। उस समय बिजनौर में लगभग आठ अंग्रेज अधिकारी मौजूद थे।
उन्होंने कहा कि क्रांति दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाली 1857 की क्रांति के इतिहास से संबंधित अभिलेख पर आधारित प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य यही है कि जनसामान्य विशेष रूप से युवा अपने जिले के इतिहास से परिचित हों और देश की आजादी में अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीरों के नामों एवं उनकी वीरता के कारनामों से परिचित हो। इससे पहले अभिलेख प्रदर्शनी का सीडीओ केपी सिंह ने फीता काटकर शुभारंभ किया। जिला विकास अधिकारी कृष्ण कुमार के अलावा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
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प्रदर्शनी में सीडीओ केपी सिंह ने 1857 की क्रांति के इतिहास से संबंधित जिला बिजनौर में होने वाली गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। बताया कि देश की आजादी प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 10 मई 1857 को शुरू हुआ था और बिजनौर में भी प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की चिंगारी भड़की थी। जिसके परिणामस्वरूप जिले में मौजूद अंग्रेज अधिकारियों को जिला छोड़कर भागना पड़ा था। उन्होंने बताया कि 10 मई 1857 को मेरठ से उठी क्रांति की चिंगारी बिजनौर तक पहुंच गई थी। उस समय बिजनौर में लगभग आठ अंग्रेज अधिकारी मौजूद थे।
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उन्होंने कहा कि क्रांति दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाली 1857 की क्रांति के इतिहास से संबंधित अभिलेख पर आधारित प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य यही है कि जनसामान्य विशेष रूप से युवा अपने जिले के इतिहास से परिचित हों और देश की आजादी में अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीरों के नामों एवं उनकी वीरता के कारनामों से परिचित हो। इससे पहले अभिलेख प्रदर्शनी का सीडीओ केपी सिंह ने फीता काटकर शुभारंभ किया। जिला विकास अधिकारी कृष्ण कुमार के अलावा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
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