{"_id":"5807bb944f1c1bf36e703821","slug":"i-have-come-to-see-my-moon","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेरा चांद मुझे आया है नजर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेरा चांद मुझे आया है नजर
अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Wed, 19 Oct 2016 11:59 PM IST
विज्ञापन
बिजनौर में करवाचौथ पर चांद देखतीं सुहागिन।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिजनौर में करवाचौथ उत्साहपूर्वक मनाया गया। सुहागिनों ने अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखा। पतियों ने भी पत्नी के साथ व्रत रखा। पूजा करने के बाद रात को चांद देखकर ही महिलाओं ने पति के हाथ से पानी पीकर व्रत पूरा किया।
सुहागिनों ने व्रत की तैयारी मंगलवार रात से ही शुरू कर दी थी। रात को सुहागिनों ने एक-दूसरे के हाथों पर मेहंदी लगाई। बुधवार को करवा चौथ पर सुहागिनों ने व्रत रखा। अनेक सुहागिनों ने निर्जल व्रत रखा और पानी भी नहीं पिया। सुहागिनों ने बाजार में जाकर खरीदारी भी की। ऑफिसों में काम करने वाले महिला-पुरूष भी शाम को जल्दी अपने घर चले गए। महिलाओं ने शाम को नए कपड़े पहनकर श्रृंगार किया और परिजनों के साथ मिलकर पूजा की। पूजन के बाद सभी चांद के दिखने का इंतजार करने लगे। बच्चे भी छत पर चांद दिखने की मजाक बनाकर परिजनों से हंसी ठिठोली करते रहे। रात को करीब 8.30 बजे चांद दिखने पर सुहागिनों ने चांद को अर्घ्य देकर व पति का चेहरा देखकर पति के हाथ से पानी पीकर अपना व्रत खोला।
वहीं हल्दौर में भी सुहागिन महिलाओं ने अपने पति की दीर्घायु के लिए करवा चौथ पर निर्जल उपवास रखा।
विज्ञापन
सुहागिनों ने व्रत की तैयारी मंगलवार रात से ही शुरू कर दी थी। रात को सुहागिनों ने एक-दूसरे के हाथों पर मेहंदी लगाई। बुधवार को करवा चौथ पर सुहागिनों ने व्रत रखा। अनेक सुहागिनों ने निर्जल व्रत रखा और पानी भी नहीं पिया। सुहागिनों ने बाजार में जाकर खरीदारी भी की। ऑफिसों में काम करने वाले महिला-पुरूष भी शाम को जल्दी अपने घर चले गए। महिलाओं ने शाम को नए कपड़े पहनकर श्रृंगार किया और परिजनों के साथ मिलकर पूजा की। पूजन के बाद सभी चांद के दिखने का इंतजार करने लगे। बच्चे भी छत पर चांद दिखने की मजाक बनाकर परिजनों से हंसी ठिठोली करते रहे। रात को करीब 8.30 बजे चांद दिखने पर सुहागिनों ने चांद को अर्घ्य देकर व पति का चेहरा देखकर पति के हाथ से पानी पीकर अपना व्रत खोला।
विज्ञापन
वहीं हल्दौर में भी सुहागिन महिलाओं ने अपने पति की दीर्घायु के लिए करवा चौथ पर निर्जल उपवास रखा।