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गर्मी की मार, बुखार में तप रहे बच्चे
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बिजनौर। बढ़ते तापमान का असर बच्चों के स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। तेज गर्मी की वजह से कई तरह की बीमारियां बच्चों को अपनी चपेट में ले रही हैं। इन दिनों बच्चों में यह समस्या डिहाइड्रेशन और फूड पॉइजनिंग की वजह से हो रही है। जिसके चलते अस्पतालों में ज्यादातर बच्चे उल्टी, दस्त और तेज बुखार के पहुंच रहे हैं।
तापमान में रोजाना बढ़ोतरी हो रही है। रविवार को भी अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान बढ़ने से अस्पतालों की ओपीडी में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। प्राइवेट अस्पतालों में ज्यादातर बच्चे उल्टी, दस्त और बुखार से ग्रसित आ रहे हैं। जैसे-जैसे पारा बढ़ रहा है, वैसे ही उल्टी, दस्त और बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं। गर्मी का असर छोटे बच्चों पर ज्यादा पड़ रहा है। क्योंकि जो बच्चे दूसरों पर निर्भर रहते हैं, उनके शरीर में पानी की कमी हो रही है। जिसकी वजह से बच्चों को डिहाइड्रेशन की समस्या दिखाई दे रही है। डॉक्टरों के अनुसार गर्मी के दिनों में तापमान अधिक होने से खाना जल्दी दूषित हो जाता है। जिसकी वजह से भी बच्चे उल्टी, दस्त और तेज बुखार से ज्यादा ग्रसित हो रहे हैं। क्योंकि गर्मी के दिनों में रखा हुआ खाना खाने से फूड प्वाइजनिंग के ज्यादा मामले आते हैं।
ऐसे करें बचाव
बच्चों को समय-समय पर पानी पिलाते रहे
उल्टी, दस्त और हल्का बुखार होने पर तुरंत चिकित्सक को दिखाएं
बच्चों को रखा हुआ खाना बिल्कुल न दें
बच्चों को ओआरएस का घोल पिलाएं
करीब 70 प्रतिशत बच्चे गर्मी से ग्रसित: डॉ. विभू
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विभू शर्मा ने बताया कि गर्मी के दिनों में बच्चों का सही से ख्याल न रख पाने की वजह से मरीज बढ़ रहे हैं। अस्पताल में रोजाना करीब 70 से 80 प्रतिशत बच्चे उल्टी, दस्त और बुखार से ग्रसित आ रहे हैं। अप्रैल के मुताबिक मई में मरीजों की संख्या ज्यादा है।
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तापमान में रोजाना बढ़ोतरी हो रही है। रविवार को भी अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान बढ़ने से अस्पतालों की ओपीडी में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। प्राइवेट अस्पतालों में ज्यादातर बच्चे उल्टी, दस्त और बुखार से ग्रसित आ रहे हैं। जैसे-जैसे पारा बढ़ रहा है, वैसे ही उल्टी, दस्त और बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं। गर्मी का असर छोटे बच्चों पर ज्यादा पड़ रहा है। क्योंकि जो बच्चे दूसरों पर निर्भर रहते हैं, उनके शरीर में पानी की कमी हो रही है। जिसकी वजह से बच्चों को डिहाइड्रेशन की समस्या दिखाई दे रही है। डॉक्टरों के अनुसार गर्मी के दिनों में तापमान अधिक होने से खाना जल्दी दूषित हो जाता है। जिसकी वजह से भी बच्चे उल्टी, दस्त और तेज बुखार से ज्यादा ग्रसित हो रहे हैं। क्योंकि गर्मी के दिनों में रखा हुआ खाना खाने से फूड प्वाइजनिंग के ज्यादा मामले आते हैं।
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ऐसे करें बचाव
बच्चों को समय-समय पर पानी पिलाते रहे
उल्टी, दस्त और हल्का बुखार होने पर तुरंत चिकित्सक को दिखाएं
बच्चों को रखा हुआ खाना बिल्कुल न दें
बच्चों को ओआरएस का घोल पिलाएं
करीब 70 प्रतिशत बच्चे गर्मी से ग्रसित: डॉ. विभू
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विभू शर्मा ने बताया कि गर्मी के दिनों में बच्चों का सही से ख्याल न रख पाने की वजह से मरीज बढ़ रहे हैं। अस्पताल में रोजाना करीब 70 से 80 प्रतिशत बच्चे उल्टी, दस्त और बुखार से ग्रसित आ रहे हैं। अप्रैल के मुताबिक मई में मरीजों की संख्या ज्यादा है।
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