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दवा विक्रेताओं ने नोट लेने से किया इनकार
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दवा विक्रेताओं ने नोट लेने से किया इनकार
बिजनौर। लखनऊ तथा आगरा में कुछ केमिस्ट के कोरोना पॉजिटिव आने के बाद जिले के केमिस्ट ने ऑनलाइन पेमेंट यानी डिजीटल बैंकिंग के प्रयोग को बढ़ाने की अपील की है। मेडिकल ही नहीं हर क्षेत्र के लोगों को डिजीटल इंडिया अपनाने की सलाह दी गई है।
कोरोना से बचने के लिए सभी लोग घरों में कैद हैं। आयुष्मान हेल्थ केयर के मालिक मनोज शर्मा ने बताया कि सभी फुटकर दवा विक्रेताओं एवं चिकित्सकों के बैंक में खाते हैं और सभी के पास स्मार्ट मोबाइल फोन भी हैं, इसलिए सभी केमिस्ट यदि मोबाइल बैंकिंग की सुविधा दें तो अच्छा रहेगा। कहा कि दवा के थोक विक्रेताओं के साथसाथ फुटकर विक्रेता भी ई पेमेंट करें। इससे कोरोना के संभावित खतरे से भी बचा जा सकता है। ऐसा स्वयं भी करें और दूसरों को भी प्रेरित करें।
पूजा मेडिकल हॉल के मालिक संजीव चौधरी का कहना है कि जब से लखनऊ व आगरा के कई केमिस्ट एवं उनके सहायकों को कोरोना होने की खबर आई है, तब से बिजनौर में भी केमिस्ट को कोरोना का संभावित खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि डरने की जरूरत नहीं है। हमें लेनदेन के लिए नेट बैंकिंग का इस्तेमाल करना चाहिए। औषधि विक्रेता संघ के जिलाध्यक्ष नवीन भारद्वाज ने कहा कि केमिस्टों के लिए कैश का लेन-देन जोखिम भरा एवं जानलेवा साबित हो सकता है। इसे तुरंत बंद करने की आवश्यकता है। केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष सुबोध कुमार के अनुसार फुटकर दवा विक्रेता एवं चिकित्सक दवा मूल्य का भुगतान नकद न करें, बल्कि यथासंभव डिजीटल माध्यम से करें। इससे कोरोना वायरस से बचाव भी होगा और मिशन डिजिटल इंडिया में भी मदद मिलेगी।
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बिजनौर। लखनऊ तथा आगरा में कुछ केमिस्ट के कोरोना पॉजिटिव आने के बाद जिले के केमिस्ट ने ऑनलाइन पेमेंट यानी डिजीटल बैंकिंग के प्रयोग को बढ़ाने की अपील की है। मेडिकल ही नहीं हर क्षेत्र के लोगों को डिजीटल इंडिया अपनाने की सलाह दी गई है।
कोरोना से बचने के लिए सभी लोग घरों में कैद हैं। आयुष्मान हेल्थ केयर के मालिक मनोज शर्मा ने बताया कि सभी फुटकर दवा विक्रेताओं एवं चिकित्सकों के बैंक में खाते हैं और सभी के पास स्मार्ट मोबाइल फोन भी हैं, इसलिए सभी केमिस्ट यदि मोबाइल बैंकिंग की सुविधा दें तो अच्छा रहेगा। कहा कि दवा के थोक विक्रेताओं के साथसाथ फुटकर विक्रेता भी ई पेमेंट करें। इससे कोरोना के संभावित खतरे से भी बचा जा सकता है। ऐसा स्वयं भी करें और दूसरों को भी प्रेरित करें।
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पूजा मेडिकल हॉल के मालिक संजीव चौधरी का कहना है कि जब से लखनऊ व आगरा के कई केमिस्ट एवं उनके सहायकों को कोरोना होने की खबर आई है, तब से बिजनौर में भी केमिस्ट को कोरोना का संभावित खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि डरने की जरूरत नहीं है। हमें लेनदेन के लिए नेट बैंकिंग का इस्तेमाल करना चाहिए। औषधि विक्रेता संघ के जिलाध्यक्ष नवीन भारद्वाज ने कहा कि केमिस्टों के लिए कैश का लेन-देन जोखिम भरा एवं जानलेवा साबित हो सकता है। इसे तुरंत बंद करने की आवश्यकता है। केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष सुबोध कुमार के अनुसार फुटकर दवा विक्रेता एवं चिकित्सक दवा मूल्य का भुगतान नकद न करें, बल्कि यथासंभव डिजीटल माध्यम से करें। इससे कोरोना वायरस से बचाव भी होगा और मिशन डिजिटल इंडिया में भी मदद मिलेगी।
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