{"_id":"61648c858ebc3e1fe1313afb","slug":"demand-to-make-democracy-fighters-freedom-fighters-bijnor-news-mrt5602704105","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी बनाने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी बनाने की मांग
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी बनाने की मांग
बिजनौर। लोकतंत्र रक्षक सेनानी संगठन ने लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का दर्जा और समाज में सम्मान दिलाने की मांग की है। इस संबंध में मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में दिया।
ज्ञापन में बताया गया कि देश में आपातकाल का विरोध करने वाले जेल गए और उन्हें लोकतंत्र रक्षक सेनानी का दर्जा दिया गया। लोकतंत्र सेनानियों की संख्या अब जिले में 40-50 ही रह गई है। लोकतंत्र सेनानियों की स्थिति पर ध्यान देने की जरूरत है। मुख्यमंत्री से लोकतंत्र सेनानियों को दी जा रही सम्मान राशि 20 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रुपये करने, बसों में उनके लिए सीट आरक्षित करने, लोकतंत्र सेनानी का निधन होने पर उनका अंतिम संस्कार सरकार द्वारा कराने तथा उनकी पत्नी को लोकतंत्र सेनानी का दर्जा देकर सुविधाएं देने, राष्ट्रीय पर्वों पर लोकतंत्र सेनानियों को भी कार्यक्रमों में आमंत्रित व सम्मानित करने, उन्हें विभागों में प्राथमिकता पर अपनी बात कहने का अधिकार देने तथा लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का दर्जा देने की मांग की गई।
इस दौरान जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह गहलौत, मेघराज सिंह, आनंद कुमार, पवन कुमार रस्तोगी, नरेंद्र सिंह, धनीराम, शीतल प्रसाद आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
बिजनौर। लोकतंत्र रक्षक सेनानी संगठन ने लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का दर्जा और समाज में सम्मान दिलाने की मांग की है। इस संबंध में मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में दिया।
ज्ञापन में बताया गया कि देश में आपातकाल का विरोध करने वाले जेल गए और उन्हें लोकतंत्र रक्षक सेनानी का दर्जा दिया गया। लोकतंत्र सेनानियों की संख्या अब जिले में 40-50 ही रह गई है। लोकतंत्र सेनानियों की स्थिति पर ध्यान देने की जरूरत है। मुख्यमंत्री से लोकतंत्र सेनानियों को दी जा रही सम्मान राशि 20 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रुपये करने, बसों में उनके लिए सीट आरक्षित करने, लोकतंत्र सेनानी का निधन होने पर उनका अंतिम संस्कार सरकार द्वारा कराने तथा उनकी पत्नी को लोकतंत्र सेनानी का दर्जा देकर सुविधाएं देने, राष्ट्रीय पर्वों पर लोकतंत्र सेनानियों को भी कार्यक्रमों में आमंत्रित व सम्मानित करने, उन्हें विभागों में प्राथमिकता पर अपनी बात कहने का अधिकार देने तथा लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का दर्जा देने की मांग की गई।
विज्ञापन
इस दौरान जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह गहलौत, मेघराज सिंह, आनंद कुमार, पवन कुमार रस्तोगी, नरेंद्र सिंह, धनीराम, शीतल प्रसाद आदि मौजूद रहे।