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गढ़मलपुर में पटाखा फैक्ट्री पकड़ी

Wed, 14 Mar 2018 11:16 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर Updated Wed, 14 Mar 2018 11:16 PM IST
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Caught fireworks factory in Gadhalpur
गढ़मलपुर में छापेमारी के दौरान फैक्ट्री में मिले पटाखे। - फोटो : अमर उजाला
नजीबाबाद में पुलिस ने गढ़मलपुर क्षेत्र से पटाखा बनाने की अवैध फैक्ट्री पकड़ी। भारी मात्रा में बने, अधबने पटाखे, बारूद, औजार और कच्चा मैटीरियल बरामद किया गया। पुलिस ने पटाखे कब्जे में लेकर फैक्ट्री को सील कर दिया। अवैध पटाखा फैक्ट्री के मालिक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
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नजीबाबाद-रायपुर मार्ग पर गांव गढ़मलपुर में आबादी से चंद कदम के फासले पर खेतों में चल रही पटाखा फैक्ट्री पर बुधवार दोपहर पुलिस ने धावा बोला। थाना प्रभारी देवेंद्र सिंह धामा के नेतृत्व में एसआई महेश मलिक, रामवीर सिंह और नीरज कुमार ने पटाखा फैक्ट्री को घेर लिया। पटाखा फैक्ट्री संचालक असलम को पुलिस ने दबोच लिया, जबकि पुलिस को आता देख फैक्ट्री पर काम कर रहे चार लोग फरार हो गए। फैक्ट्री के भीतर का आलम देखकर पुलिस टीम दंग रह गई।
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पटाखा बनाने के कारखाने में भारी मात्रा में तैयार पटाखे रखे थे, जबकि काफी तादाद में अधबने पटाखे, बारूद, कच्चा माल, औजार रखे मिले। पुलिस को फैक्ट्री पर असलम की पत्नी शबनम और पुत्र अफशान भी मिले। थाना प्रभारी की सूचना पर एसडीएम सत्येंद्र कुमार सिंह एवं सीओ बृजराज सिंह मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने अनाधिकृत रूप से पटाखे बनाने पर असलम और उसके परिजनों को फटकार लगाई। एसडीएम ने आतिशबाजी के सामान को कब्जे में लेकर फैक्ट्री को सील करने के निर्देश दिए। सीओ ने थाना प्रभारी को रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई के लिए कहा।
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अधिकारियों द्वारा की गई पूछताछ में असलम ने बताया कि वह नजीबाबाद के मोहल्ला बसंती माता में स्थित अपने घर से काफी समय से पटाखे बनाता आ रहा है। आबादी के बीच पटाखा बनाने पर प्रतिबंध के चलते उसने गढ़मलपुर में पटाखे बनाने का काम शुरू किया था। उसने लाइसेंस नवीनीकरण के लिए आवेदन किया हुआ है। उसकी कमी केवल इतनी है कि फीस की धनराशि जमा न हो पाने के बावजूद उसने लाइसेंस नवीनीकरण से पहले पटाखे बनाने का काम शुरू कर दिया।

खुद को बताया आर्थिक तंगी का शिकार
नजीबाबाद। पटाखा फैक्ट्री चलाने वाले असलम की पत्नी शबनम का कहना था कि उसकी दो बेटियां शहर में जिस स्कूल में पढ़ती हैं, उनसे उनकी फीस तक जमा नहीं हो पा रही है। उसके घर पर बिजली नहीं है। बिजली बिल का हजारों रुपये बकाया है। पटाखे बनाने के काम के लिए उन्होंने बैंक से लिमिट बनवाकर दो लाख रुपये ऋण भी लिया था।

चंद कदम दूर जल रही थी आग
नजीबाबाद। जिस जगह पटाखा फैक्ट्री चल रही थी, उससे चंद कदम के फासले पर खेत में एक किसान ने पुआल जला रखी थी। उस समय हवा भी चल रही थी। संयोग से चिंगारी फैक्ट्री तक नहीं पहुंची, वर्ना आसपास के क्षेत्र को काफी नुकसान हो सकता था ।


एसपी ने ली जानकारी
पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी ने नजीबाबाद थाने पर पहुंचकर पटाखा फैक्ट्री संचालन के बाबत जानकारी की। उन्होंने आबादी के बीच और आसपास पटाखे न बनने देने के कड़े निर्देश दिए। साथ ही कहा कि बिना लाइसेंस इस गोरखधंधे में जुटे लोगों से सख्ती से निपटा जाए।
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