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बचे हुए गन्ने का सर्वे कर भरवाए जाएंगे बांड
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बचे हुए गन्ने का सर्वे कर भरवाए जाएंगे बांड
धामपुर। जिन किसानों के पास अभी भी निर्धारित गन्ना पर्चियों से अधिक गन्ना खेतों में है। ऐसे किसानों को पर्चियों उपलब्ध कराने के लिए प्रत्यावेदन लेकर गन्ना बांड भरवाए जा रहे हैं। खेतों में गन्ने का सर्वे कराने के बाद गन्ना बांड भरवाया जाएगा। किसानों को गन्ना बांड की पर्चियां उपलब्ध करा दी जाएंगी।
ज्येष्ठ गन्ना विभाग निरीक्षक अमित कुमार पांडे ने बताया कि मिल तभी बंद होगी। जब खेतों का एक-एक गन्ना मिल को आपूर्ति हो जाएगा। जिनके पास गन्ना ज्यादा बचा है, उन किसानों से गन्ना बांड भरवाने के लिए प्रत्यावेदन लिए जा रहे हैं। मिल के अधिकारियों से गन्ने का सर्वे कराया जा रहा है। गन्ना बांड भरवाकर पर्चियां उपलब्ध करा दी जाएंगी। जिनके पास अभी भी खेतों में अधिक गन्ना है, उनसे 15 अप्रैल तक प्रत्यावेदन मांगे जा रहे हैं।
उधर भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने चीनी मिल पर कम इंडेंट जारी करने का आरोप लगाते हुए असंतोष जताया है। भाकियू तहसील अध्यक्ष राजेंद्र सिंह का कहना है कि जब कम इंडेट जारी कर रहा है तो चीनी मिल भी उसी हिसाब से पर्चियां उपलब्ध करा रही हैं, जबकि चीनी मिल से बढ़ती गर्मी को देखते हुए इंडेंट को बढ़ाकर भेजे जाने की मांग की जा रही है। जल्द ही उनकी मांग को पूरा नही किया गया तो मिल और गन्ना समिति के अधिकारियों को घेराव किया जाएगा।
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धामपुर। जिन किसानों के पास अभी भी निर्धारित गन्ना पर्चियों से अधिक गन्ना खेतों में है। ऐसे किसानों को पर्चियों उपलब्ध कराने के लिए प्रत्यावेदन लेकर गन्ना बांड भरवाए जा रहे हैं। खेतों में गन्ने का सर्वे कराने के बाद गन्ना बांड भरवाया जाएगा। किसानों को गन्ना बांड की पर्चियां उपलब्ध करा दी जाएंगी।
ज्येष्ठ गन्ना विभाग निरीक्षक अमित कुमार पांडे ने बताया कि मिल तभी बंद होगी। जब खेतों का एक-एक गन्ना मिल को आपूर्ति हो जाएगा। जिनके पास गन्ना ज्यादा बचा है, उन किसानों से गन्ना बांड भरवाने के लिए प्रत्यावेदन लिए जा रहे हैं। मिल के अधिकारियों से गन्ने का सर्वे कराया जा रहा है। गन्ना बांड भरवाकर पर्चियां उपलब्ध करा दी जाएंगी। जिनके पास अभी भी खेतों में अधिक गन्ना है, उनसे 15 अप्रैल तक प्रत्यावेदन मांगे जा रहे हैं।
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उधर भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने चीनी मिल पर कम इंडेंट जारी करने का आरोप लगाते हुए असंतोष जताया है। भाकियू तहसील अध्यक्ष राजेंद्र सिंह का कहना है कि जब कम इंडेट जारी कर रहा है तो चीनी मिल भी उसी हिसाब से पर्चियां उपलब्ध करा रही हैं, जबकि चीनी मिल से बढ़ती गर्मी को देखते हुए इंडेंट को बढ़ाकर भेजे जाने की मांग की जा रही है। जल्द ही उनकी मांग को पूरा नही किया गया तो मिल और गन्ना समिति के अधिकारियों को घेराव किया जाएगा।
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