फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   Amar Ujala Campaign: The life of the drivers is being trampled on the road

अमर उजाला अभियान : सड़क पर चालकों की मनमर्जी रौंद रही जिंदगी

Fri, 26 Aug 2022 11:45 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 26 Aug 2022 11:45 PM IST
विज्ञापन
Amar Ujala Campaign: The life of the drivers is being trampled on the road
अमर उजाला अभियान : सड़क पर चालकों की मनमर्जी रौंद रही जिंदगी
विज्ञापन

बिजनौर। सड़कों पर चालकों की मनमर्जी जिंदगी रौंद रही है। आगे निकले की होड़ और जल्द पहुंचने की मंशा में हादसे हो रहे हैं। ब्रेक लगाने में भी दूसरे वाहन चालक का इंतजार मौत के मुंह में धकेल देता है। ऐसे में खुद ही ब्रेक लगा लेना ही हादसे से बचा सकता है। दरअसल, यातायात के नियमों की लोग परवाह नहीं करते हैं, जिसके लिए चालान का भी डर नहीं रहता है। करीब 20 हजार वाहनों के चालान इस साल किए गए हैं, जिनसे 64 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया है।
केस नंबर एक
14 अगस्त को नारायणपुर का रहने वाला फईम अपनी मौसी मीना और मौसेरी बहन सूफिया को छोड़ने के लिए उनके गांव भोजपुर जा रहा था, सामने से आ रही दूसरी बाइक ने टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार फईम की मौत हुई जबकि मां बेटी घायल हो गए थे। यह हादसा तेज रफ्तार मेें सामने से आ रही बाइक की टक्कर से हुआ था।
विज्ञापन

केस नंबर दो
मंडावली क्षेत्र में 11 अप्रैल को मोहनपुर पेट्रोल पंप के पास दो बाइकों की टक्कर तेज रफ्तार की वजह से हुई। दोनों बाइकों पर सवार घायल हो गए। अस्पताल में इलाज के दौरान एक बाइक पर सवार मयंक की मौत हो गई। वहीं दूसरा गंभीर रुप से घायल हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन

केस नंबर तीन
19 जुलाई को बाइक में पिकअप ने टक्कर मार दी। जिसमें कोतवाली देहात के सरफराज की मौत हो गई थी। सामने से यह टक्कर लगी थी। यह हादसा हरिद्वार काशीपुर नेशनल हाईवे पर रोशनपुर प्रताप के पास हुआ था। अगर बाइक सवार खुद ही ब्रेक लगा लेता तो जान बच जाती।
केस नंबर चार
पांच जुलाई को हरिद्वार-काशीपुर नेशनल हाईवे पर सिकंदरपुर के पास रोडवेज बस ने बाइक मेें टक्कर मार दी थी। जिसमें जगन्नाथपुर के रहने वाले जितेंद्र कुमार की मौत हो गई जबकि उसका साथी हैदर गंभीर रूप से घायल हो गया था।
केस नंबर पांच
24 जून को बिजनौर-कोतवाली मार्ग पर बरुकी के पास मिनी ट्रक ने बाइक में टक्कर मार दी थी। जिसमें बाइक सवार युवक ब्रजवीर की मौत हो गई थी। बाइक सवार ने हेलमेट नहीं पहना हुआ था।

मई में हुईं सबसे ज्यादा मौतें
इस साल मई के महीने में 55 हादसे हुए, जिनमें 40 की मौत हुई, जबकि 42 लोग घायल हो गए। जनवरी से लेकर जुलाई तक 324 हादसे हो चुके हैं, जिनमें 232 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी। जबकि 236 लोग घायल हुए। जिन्हें उपचार पर ही काफी रकम खर्च करनी पड़ गई। पिछले साल 495 हादसे हुए थे। जिनमें 313 लोगों की जान चली गई थी, जबकि 382 घायल हुए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed