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तीन शिक्षकों पर 500 विद्यार्थियों की है जिम्मेदारी
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तीन शिक्षकों पर 500 विद्यार्थियों की है जिम्मेदारी
अफजलगढ़। राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज केवल तीन शिक्षकों के सहारे चल रहा है। इस कालेज में सरकार की ओर से 24 पद सृजित है, पर वर्तमान में केवल तीन की शिक्षक कार्यरत हैं। जो बच्चों की संख्या को देखते हुए कम है। कालेज के शिक्षकों का कहना है कि वह कई बार डीआईओएस को अवगत करा चुके है, पर कहीं कोई सुनवाई नहीं है। जिससे छात्रों को गुणवत्ता युक्त शिक्षा दे पाना शिक्षकों के लिए टेडी खीर साबित हो रहा है।
नगर का राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज लंबे समय से अध्यापकों की कमी से जूझ रहा है। जिसके चलते छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। ठीक से पढ़ाई न होने से कालेज के बच्चों का हाईस्कूल और इंटर का परीक्षा परिणाम भी डाउन रहता है। कालेज में छात्र-छात्राओं की संख्या करीब 500 है। इसके सापेक्ष यहां 10 प्रवक्ता तथा 14 एलटी ग्रेड अध्यापकों, तीन क्लर्क सहित 7 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के पद सृजित हैं , जबकि सृजित पदों के सापेक्ष यहां पर एक भी प्रवक्ता नहीं है। प्रधानाचार्य सहित चार शिक्षक हैं। इनमें से एक शिक्षक सबलगढ़ गांव के कालेज से विभाग की ओर से संबद्ध कर रखा है। क्षेत्र के कल्याण सिंह, मोहन सिंह, वीरेंद्र कुमार का कहना है कि उनके स्तर से कई बार प्रदेश के सीएम को व्यवस्था बनाने को ज्ञापन भेजे गए, पर भरोसा मिलने के बाद भी कुछ समाधान नहीं हो रहा है। उधर, प्रधानाचार्य सत्यवीर सिंह का कहना है कि उनके द्वारा अध्यापकों की कमी को पूरा करने के लिए लिखित व मौखिक रूप से अनेक बार उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। पर समस्या का समाधान का भरोसा मिलने के बाद भी कुछ प्रयास नहीं किया जा रहा है।
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अफजलगढ़। राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज केवल तीन शिक्षकों के सहारे चल रहा है। इस कालेज में सरकार की ओर से 24 पद सृजित है, पर वर्तमान में केवल तीन की शिक्षक कार्यरत हैं। जो बच्चों की संख्या को देखते हुए कम है। कालेज के शिक्षकों का कहना है कि वह कई बार डीआईओएस को अवगत करा चुके है, पर कहीं कोई सुनवाई नहीं है। जिससे छात्रों को गुणवत्ता युक्त शिक्षा दे पाना शिक्षकों के लिए टेडी खीर साबित हो रहा है।
नगर का राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज लंबे समय से अध्यापकों की कमी से जूझ रहा है। जिसके चलते छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। ठीक से पढ़ाई न होने से कालेज के बच्चों का हाईस्कूल और इंटर का परीक्षा परिणाम भी डाउन रहता है। कालेज में छात्र-छात्राओं की संख्या करीब 500 है। इसके सापेक्ष यहां 10 प्रवक्ता तथा 14 एलटी ग्रेड अध्यापकों, तीन क्लर्क सहित 7 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के पद सृजित हैं , जबकि सृजित पदों के सापेक्ष यहां पर एक भी प्रवक्ता नहीं है। प्रधानाचार्य सहित चार शिक्षक हैं। इनमें से एक शिक्षक सबलगढ़ गांव के कालेज से विभाग की ओर से संबद्ध कर रखा है। क्षेत्र के कल्याण सिंह, मोहन सिंह, वीरेंद्र कुमार का कहना है कि उनके स्तर से कई बार प्रदेश के सीएम को व्यवस्था बनाने को ज्ञापन भेजे गए, पर भरोसा मिलने के बाद भी कुछ समाधान नहीं हो रहा है। उधर, प्रधानाचार्य सत्यवीर सिंह का कहना है कि उनके द्वारा अध्यापकों की कमी को पूरा करने के लिए लिखित व मौखिक रूप से अनेक बार उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। पर समस्या का समाधान का भरोसा मिलने के बाद भी कुछ प्रयास नहीं किया जा रहा है।
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