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50 प्रकार के मिट्टी के बर्तन बनाने का प्लांट शुरू
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नहटौर के गांव बालापुर में माटी कला योजना के तहत मिट्टी के बर्तनों के बारे में जानकारी लेते राज्य?
- फोटो : BIJNOR
नहटौर। माटी कला योजना के तहत गांव बालापुर में 40 लाख रुपये की कीमत से पोट्री प्लांट का संसदीय कार्य एवं औद्योगिक विकास राज्य मंत्री जसवंत सैनी ने फीता काटकर शुभारंभ किया। प्लांट में करीब 50 प्रकार के मिट्टी के बर्तन बनाने की योजना हैं। ग्लास, कप, प्लेट, कटोरी आदि 10 प्रकार के मिट्टी के बर्तन बनने शुरू हो गए हैं।
गांव बालापुर में नैपाल सिंह आर्य ने माटी कला योजना को बढ़ाने के लिए पोट्री प्लांट शुरू किया। नैपाल सिंह ने बताया कि प्लांट में एक बार प्रयोग के लिए विभिन्न प्रकार के मिट्टी के बर्तन बनाए जा रहे हैं, जिसमें ग्लास, कटोरी, कप, प्लेट आदि बनाएं जा रहे हैं। करीब 50 कर्मचारी व मजदूर प्लांट में काम करेंगे। प्रति दिन 70 से 80 हजार रुपये का सामान बनाया जाएगा। प्लांट में बनाया गया सामान होटल व बैंक्विट हॉल आदि में सप्लाई किया जाएगा। अधिकांश सामान सिंगल यूज बनाया जा रहा हैं। मशीनों के माध्यम से कारीगर सामान को तैयार करेंगे।
प्लांट में बना सामान जिले के अलावा अन्य स्थानों पर भी सप्लाई किया जाएगा। आसपास के कारीगरों को रोजगार उपलब्ध कराते हुए माटी कला के प्रति जागरूक किया जाएगा। उक्त प्लांट को नैपाल सिंह ने अपने नीजि खर्च से बनवाया हैं। इसको माटी कला योजना से जोड़ने के लिए सरकार से आग्रह करेंगे। प्लांट के उद्घाटन करने के दौरान राज्य मंत्री जसवंत सैनी ने प्लांट में काम कर रहे कारीगरों के तरीकों को सराहा। उन्होंने कहा कि माटी कला को सरकार प्रोत्साहित कर रही है। माटी कला को अपनाकर व्यवसाय शुरू करें और अन्य लोगों को भी जागरूक करें। इस मौके पर पूर्व सांसद डॉ. यशवंत सिंह, भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष तिलकराज सैनी, मुकेंद्र त्यागी, पूर्व ब्लॉक प्रमुख मृणाल भारद्वाज आदि मौजूद रहे।
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गांव बालापुर में नैपाल सिंह आर्य ने माटी कला योजना को बढ़ाने के लिए पोट्री प्लांट शुरू किया। नैपाल सिंह ने बताया कि प्लांट में एक बार प्रयोग के लिए विभिन्न प्रकार के मिट्टी के बर्तन बनाए जा रहे हैं, जिसमें ग्लास, कटोरी, कप, प्लेट आदि बनाएं जा रहे हैं। करीब 50 कर्मचारी व मजदूर प्लांट में काम करेंगे। प्रति दिन 70 से 80 हजार रुपये का सामान बनाया जाएगा। प्लांट में बनाया गया सामान होटल व बैंक्विट हॉल आदि में सप्लाई किया जाएगा। अधिकांश सामान सिंगल यूज बनाया जा रहा हैं। मशीनों के माध्यम से कारीगर सामान को तैयार करेंगे।
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प्लांट में बना सामान जिले के अलावा अन्य स्थानों पर भी सप्लाई किया जाएगा। आसपास के कारीगरों को रोजगार उपलब्ध कराते हुए माटी कला के प्रति जागरूक किया जाएगा। उक्त प्लांट को नैपाल सिंह ने अपने नीजि खर्च से बनवाया हैं। इसको माटी कला योजना से जोड़ने के लिए सरकार से आग्रह करेंगे। प्लांट के उद्घाटन करने के दौरान राज्य मंत्री जसवंत सैनी ने प्लांट में काम कर रहे कारीगरों के तरीकों को सराहा। उन्होंने कहा कि माटी कला को सरकार प्रोत्साहित कर रही है। माटी कला को अपनाकर व्यवसाय शुरू करें और अन्य लोगों को भी जागरूक करें। इस मौके पर पूर्व सांसद डॉ. यशवंत सिंह, भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष तिलकराज सैनी, मुकेंद्र त्यागी, पूर्व ब्लॉक प्रमुख मृणाल भारद्वाज आदि मौजूद रहे।
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