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पुत्र की मौत के सदमे में पिता भी चल बसा
Updated Tue, 13 Nov 2018 12:37 AM IST
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पुत्र की मौत के सदमे में पिता के भी प्राण निकले
हल्दौर। गांव बल्दिया में दो दिन पूर्व बुखार से हुई पुत्र की मौत के सदमे में पिता के भी प्राण निकल गए। तीन दिन में दो मौत होने से परिजनों में कोहराम मच गया।
गांव बल्दिया निवासी सुखराम के पांच वर्षीय पुत्र कार्तिक की शनिवार को बुखार से मौत हो गई थी। पुत्र की मौत के सदमे को सुखराम (46) बर्दाश्त नहीं कर सका। परिजनों के अनुसार वह रविवार सुबह जंगल गया था। पुत्र की मौत से सुखराम काफी तनाव में आ गया था। जंगल से लौटने के बाद देर शाम बिना खाना खाए ही वह अपने कमरे में सोने चला गया। सोमवार सुबह करीब सात बजे उसकी पत्नी कोमल चाय लेकर कमरे पहुंची तो बार बार उठाने पर भी वह नहीं उठा। महिला के शोर मचाने पर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और उसे उपचार के लिए हल्दौर के एक निजी चिकित्सक के यहां ले गए। वहां पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दो दिन में पिता-पुत्र की मौत से उसके परिवार में कोहराम मच गया। ग्रामीणों के अनुसार मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का पालन पोषण करता था। सुखराम की मौत से परिवार की रोजी रोटी का सहारा छिन गया है। सुखराम अपनी पत्नी, एक पुत्र और दो पुत्रियों को रोता बिलखता छोड़ गया।
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हल्दौर। गांव बल्दिया में दो दिन पूर्व बुखार से हुई पुत्र की मौत के सदमे में पिता के भी प्राण निकल गए। तीन दिन में दो मौत होने से परिजनों में कोहराम मच गया।
गांव बल्दिया निवासी सुखराम के पांच वर्षीय पुत्र कार्तिक की शनिवार को बुखार से मौत हो गई थी। पुत्र की मौत के सदमे को सुखराम (46) बर्दाश्त नहीं कर सका। परिजनों के अनुसार वह रविवार सुबह जंगल गया था। पुत्र की मौत से सुखराम काफी तनाव में आ गया था। जंगल से लौटने के बाद देर शाम बिना खाना खाए ही वह अपने कमरे में सोने चला गया। सोमवार सुबह करीब सात बजे उसकी पत्नी कोमल चाय लेकर कमरे पहुंची तो बार बार उठाने पर भी वह नहीं उठा। महिला के शोर मचाने पर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और उसे उपचार के लिए हल्दौर के एक निजी चिकित्सक के यहां ले गए। वहां पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दो दिन में पिता-पुत्र की मौत से उसके परिवार में कोहराम मच गया। ग्रामीणों के अनुसार मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का पालन पोषण करता था। सुखराम की मौत से परिवार की रोजी रोटी का सहारा छिन गया है। सुखराम अपनी पत्नी, एक पुत्र और दो पुत्रियों को रोता बिलखता छोड़ गया।
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