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बरसात से लबालब हो गईं शहर की सड़कें, गली व मोहल्लों में जलभराव
Updated Sat, 23 Sep 2017 01:47 AM IST
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घुटनों तक भरे पानी में बंद आटो व ई-रिक्शा खींचते नजर आए चालक
अमर उजाला ब्यूरो
अमरोहा।
तड़के से पड़ रही झमाझम बारिश थमने का नाम नहीं ले रही है। लगातार हो रही बरसात से शहरी सड़कें जलमग्न हो गई हैं। गलियों से लेकर मोहल्लों तक में निकलना दुश्वार हो गया। नाले लबालब हो गए। उनका गंदा पानी भी सड़कों पर आ गया। गंदे पानी से निकलकर ही लोग अपनी मंजिलों तक पहुंचे। ऐसे में वाहन चालकों को भी मुश्किल का सामना करना पड़ा। आटो बंद हुआ तो किसी का ई-रिक्शा। घुटनों तक भरे पानी से चालक उनको खींचते नजर आए।
शुक्रवार की रात से मौसम ने अचानक करवट बदली। हवा के झोंकों संग नीले आकाश में काले-काले बादल छा गए। टिमटिमाते तारे धीरे-धीरे बादलों के आगोश में समाने लगे। पूरा आसमान बादलों की चादर से ढक गया। करीब पांच बजे बूंदाबांदी होने लगी। पहले फुहारों की बारिश हुई, उसके बाद झमाझम पानी बरसने लगा। सुबह शुरू हुआ बरसात का यह सिलसिला शाम तक जारी रहा। तेज पानी पड़ने से नगर की सूरत बदल गई। हर सड़क पानी में डूब गई। पानी से लबालब गलियों से गुजरना भारी पड़ गया। दिन भर हुई बरसात की वजह से अधिकांश लोग अपने घरों से निकले ही नहीं। नगर के सर्राफा बाजार, कोट चौराहा, लकड़ा चौराहा, कुरैशी, जामा मस्जिद, नौबत खाना आदि में पानी ही पानी भरा रहा। दुकानदारों ने भी बारिश के चलते अपने प्रतिष्ठान नहीं खोले। पूरे दिन उनमें भी सन्नाटा पसरा रहा।
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अमर उजाला ब्यूरो
अमरोहा।
तड़के से पड़ रही झमाझम बारिश थमने का नाम नहीं ले रही है। लगातार हो रही बरसात से शहरी सड़कें जलमग्न हो गई हैं। गलियों से लेकर मोहल्लों तक में निकलना दुश्वार हो गया। नाले लबालब हो गए। उनका गंदा पानी भी सड़कों पर आ गया। गंदे पानी से निकलकर ही लोग अपनी मंजिलों तक पहुंचे। ऐसे में वाहन चालकों को भी मुश्किल का सामना करना पड़ा। आटो बंद हुआ तो किसी का ई-रिक्शा। घुटनों तक भरे पानी से चालक उनको खींचते नजर आए।
शुक्रवार की रात से मौसम ने अचानक करवट बदली। हवा के झोंकों संग नीले आकाश में काले-काले बादल छा गए। टिमटिमाते तारे धीरे-धीरे बादलों के आगोश में समाने लगे। पूरा आसमान बादलों की चादर से ढक गया। करीब पांच बजे बूंदाबांदी होने लगी। पहले फुहारों की बारिश हुई, उसके बाद झमाझम पानी बरसने लगा। सुबह शुरू हुआ बरसात का यह सिलसिला शाम तक जारी रहा। तेज पानी पड़ने से नगर की सूरत बदल गई। हर सड़क पानी में डूब गई। पानी से लबालब गलियों से गुजरना भारी पड़ गया। दिन भर हुई बरसात की वजह से अधिकांश लोग अपने घरों से निकले ही नहीं। नगर के सर्राफा बाजार, कोट चौराहा, लकड़ा चौराहा, कुरैशी, जामा मस्जिद, नौबत खाना आदि में पानी ही पानी भरा रहा। दुकानदारों ने भी बारिश के चलते अपने प्रतिष्ठान नहीं खोले। पूरे दिन उनमें भी सन्नाटा पसरा रहा।
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