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विहिप के स्थापना दिवस पर जिला सम्मेलन आयोजित
Updated Mon, 21 Aug 2017 12:43 AM IST
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नजीबाबाद। विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर हिंदुत्व की रक्षा करने, भारत माता को देवी मानकर उसकी पूजा करने, खंडित भारत के हिस्सों को जोड़ने के लिए संगठित रहने का आह्वान किया गया। विहिप ने विशाल जिला सम्मेलन के बाद नगर में भगवा ध्वज के साथ विशाल शोभायात्रा भी निकाली।
विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर आचार्य आरएन केला इंटर कॉलेज में जिलास्तरीय विशाल सम्मेलन आयोजित किया गया। जिलाध्यक्ष ऋषिपाल सिंह, न्यायमूर्ति (रि.) रामअवतार सिंह की उपस्थिति में ओम जाप, विजय मंत्र के साथ शुरू हुए सम्मेलन के मुख्य वक्ता विहिप के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं क्षेत्रीय मंत्री देवेश उपाध्याय ने अपने ओजस्वी संबोधन में राष्ट्र की एकता, अस्मिता और अखंडता के प्रति हिंदू समाज के उदासीन होने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि देश की संस्कृति और हिंदुत्व की रक्षा के लिए 1964 में विहिप की स्थापना की गई थी। देश के विभाजन को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए विहिप के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि हमें कश्मीर से कन्याकुमारी तक अखंड भारत का स्वप्न साकार करने के लिए भारत माता के कटे हुए पाकिस्तान जैसे हाथ शरीर से जोड़ने होंगे। तभी हम अपनी माटी का कर्ज चुका पाएंगे। उन्होंने पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी द्वारा मुस्लिमों के असुरक्षित होने के बयान को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। कहा कि वंदेमातरम गाने के नाम पर इस्लाम और शरीयत का सामने आना दुर्भाग्यपूर्ण है। हिंदू समुदाय के लोगों से परिवार बढ़ाने और राष्ट्र की अस्मिता के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। सुधीर भुईयार और जितेंद्र चौधरी के संचालन में आयोजित सम्मेलन में विहिप द्वारा चलाए जा रहे धर्म को जोड़ने, शिक्षा, चिकित्सा सहित विभिन्न क्षेत्रों के कार्यक्रमों की वक्ताओं प्रदीप चौहान, कपिल चौधरी, राजकुमार, कपिल सराफ, गंगाराम ने चर्चा की। जिला संघ चालक सुभाष कुमार ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में हमें संस्कृति को सुरक्षित रखने के लिए तत्पर रहना है। उन्होंने आरएसएस द्वारा भारतीय संस्कृति और हिंदुत्व की रक्षा के लिए चलाए जा रहे अभियान से जुड़ने का भी आह्वान किया। सम्मेलन से पहले नवनीत चतुर्वेदी, मलखान सिंह, डॉ.भूपेंद्र सिंह, शैलेंद्र चौधरी, तपराज सिंह, रोहिताश सिंह, अनिल चौधरी सहित अनेक विहिप नेताओं ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया। शांति पाठ से संपन्न हुए कार्यक्रम में कमला चौधरी, शिवानी घाघट, बिंदू सराफ, मंजू शर्मा, रीता, पूनम, मीनाक्षी, रुकविंदर कौर, अजय माहेश्वरी, तरुण राजपूत, नकुल अग्रवाल, राकेश कौशिक, राजन टंडन, रातपान सिन्हा, विनय, सुबोध, नरेंद्र सहित बजरंग दल, दुर्गा वाहिनी, धर्म प्रसार और सामाजिक समरसता संगठन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
नगर में निकली विहिप की भव्य शोभायात्रा
विहिप सम्मेलन के बाद भारत माता के जयघोष के साथ विशाल शोभायात्रा निकाली गई। विहिप के जिला अध्यक्ष ऋषिपाल सिंह के नेतृत्व में निकाली गई शोभायात्रा में राष्ट्रभक्ति गीता और भगवा ध्वज से नगर सराबोर हो गया। शोभायात्रा आचार्य आरएन केला इंटर कॉलेज से शुरू होकर चौक बाजार, कल्लूगंज, रेलवे स्टेशन होती हुई रवा राजपूत धर्मशाला पहुंचकर संपन्न हुई। एसडीएम उद्भव त्रिपाठी, सीओ महेश कुमार, प्रभारी सतीश कुमार के नेतृत्व में शोभायात्रा के दौरान भारी पुलिस बल ने व्यवस्था देखी।
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विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर आचार्य आरएन केला इंटर कॉलेज में जिलास्तरीय विशाल सम्मेलन आयोजित किया गया। जिलाध्यक्ष ऋषिपाल सिंह, न्यायमूर्ति (रि.) रामअवतार सिंह की उपस्थिति में ओम जाप, विजय मंत्र के साथ शुरू हुए सम्मेलन के मुख्य वक्ता विहिप के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं क्षेत्रीय मंत्री देवेश उपाध्याय ने अपने ओजस्वी संबोधन में राष्ट्र की एकता, अस्मिता और अखंडता के प्रति हिंदू समाज के उदासीन होने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि देश की संस्कृति और हिंदुत्व की रक्षा के लिए 1964 में विहिप की स्थापना की गई थी। देश के विभाजन को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए विहिप के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि हमें कश्मीर से कन्याकुमारी तक अखंड भारत का स्वप्न साकार करने के लिए भारत माता के कटे हुए पाकिस्तान जैसे हाथ शरीर से जोड़ने होंगे। तभी हम अपनी माटी का कर्ज चुका पाएंगे। उन्होंने पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी द्वारा मुस्लिमों के असुरक्षित होने के बयान को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। कहा कि वंदेमातरम गाने के नाम पर इस्लाम और शरीयत का सामने आना दुर्भाग्यपूर्ण है। हिंदू समुदाय के लोगों से परिवार बढ़ाने और राष्ट्र की अस्मिता के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। सुधीर भुईयार और जितेंद्र चौधरी के संचालन में आयोजित सम्मेलन में विहिप द्वारा चलाए जा रहे धर्म को जोड़ने, शिक्षा, चिकित्सा सहित विभिन्न क्षेत्रों के कार्यक्रमों की वक्ताओं प्रदीप चौहान, कपिल चौधरी, राजकुमार, कपिल सराफ, गंगाराम ने चर्चा की। जिला संघ चालक सुभाष कुमार ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में हमें संस्कृति को सुरक्षित रखने के लिए तत्पर रहना है। उन्होंने आरएसएस द्वारा भारतीय संस्कृति और हिंदुत्व की रक्षा के लिए चलाए जा रहे अभियान से जुड़ने का भी आह्वान किया। सम्मेलन से पहले नवनीत चतुर्वेदी, मलखान सिंह, डॉ.भूपेंद्र सिंह, शैलेंद्र चौधरी, तपराज सिंह, रोहिताश सिंह, अनिल चौधरी सहित अनेक विहिप नेताओं ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया। शांति पाठ से संपन्न हुए कार्यक्रम में कमला चौधरी, शिवानी घाघट, बिंदू सराफ, मंजू शर्मा, रीता, पूनम, मीनाक्षी, रुकविंदर कौर, अजय माहेश्वरी, तरुण राजपूत, नकुल अग्रवाल, राकेश कौशिक, राजन टंडन, रातपान सिन्हा, विनय, सुबोध, नरेंद्र सहित बजरंग दल, दुर्गा वाहिनी, धर्म प्रसार और सामाजिक समरसता संगठन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
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नगर में निकली विहिप की भव्य शोभायात्रा
विहिप सम्मेलन के बाद भारत माता के जयघोष के साथ विशाल शोभायात्रा निकाली गई। विहिप के जिला अध्यक्ष ऋषिपाल सिंह के नेतृत्व में निकाली गई शोभायात्रा में राष्ट्रभक्ति गीता और भगवा ध्वज से नगर सराबोर हो गया। शोभायात्रा आचार्य आरएन केला इंटर कॉलेज से शुरू होकर चौक बाजार, कल्लूगंज, रेलवे स्टेशन होती हुई रवा राजपूत धर्मशाला पहुंचकर संपन्न हुई। एसडीएम उद्भव त्रिपाठी, सीओ महेश कुमार, प्रभारी सतीश कुमार के नेतृत्व में शोभायात्रा के दौरान भारी पुलिस बल ने व्यवस्था देखी।
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