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18 प्रतिशत बच्चों को नहीं दिया गया एक भी टीका
Updated Fri, 22 Jun 2018 12:16 AM IST
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मिशन इंद्र धनुष में बरती गई लापरवाही
बिजनौर। मिशन इंद्रधनुष जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहत बच्चों के टीकाकरण में लापरवाही बरतने वाले चार चिकित्सा प्रभारियों की वेतन वृद्धि रोकने और एक दिन का वेतन काटने के निर्देश डीएम ने नोडल अधिकारी को दिए हैं। साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि देने के लिए भी कहा है।
जनपद में 18 से 22 जून तक मिशन इंद्रधनुष कार्यक्रम चलाया जा रहा है। बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए इस टीकाकरण अभियान की शुरुआत की गई थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस योजना के 90 प्रतिशत की कवरेज लक्ष्य को पूरा करने के लिए वर्ष 2018 के अंत तक पूरा किया जाना सुनिश्चित किया है। इस कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए डीएम अटल कुमार राय ने एसआईएमआई में डॉ. ईशा गोयल एसएमओ डब्लूएचओ भी उपस्थित थीं। समीक्षा के दौरान जनपद के कुछ ब्लॉकों में अपडेट ड्यू लिस्ट शत प्रतिशत नहीं मिली। सुपरवाइजरों के द्वारा एसआईएमआई सत्रों का निरीक्षण नहीं किया गया।
मिशन इंद्रधनुष के नोडल अफसर डॉ. एसके निगम के अनुसार शत प्रतिशत बच्चों को टीके नहीं लगाए गए। 18 प्रतिशत बच्चों को एक भी टीका नहीं लगाया गया। डीएम ने इस मामले में बार-बार संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की बैठक लेकर टीकाकरण को 100 फीसदी करने के निर्देश दिए। इसके बावजूद इसमें कोई सुधार नहीं पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने किरतपुर, नजीबाबाद, जलीलपुर, कोतवाली देहात, जलीलपुर के प्रभारी चिकित्साधिकारियों की वेतन वृद्धि रोकते हुए एक दिन का वेतन काटने के आदेश दिए हैं। नोडल अधिकारी एसके निगम ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि जिन कर्मचारियों के द्वारा लापरवाही बरती गई है। उनके संबंधित कार्य दिवसों का वेतन काटने, प्रतिकूल प्रविष्टि देने के आदेश भी दिए हैं।
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बिजनौर। मिशन इंद्रधनुष जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहत बच्चों के टीकाकरण में लापरवाही बरतने वाले चार चिकित्सा प्रभारियों की वेतन वृद्धि रोकने और एक दिन का वेतन काटने के निर्देश डीएम ने नोडल अधिकारी को दिए हैं। साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि देने के लिए भी कहा है।
जनपद में 18 से 22 जून तक मिशन इंद्रधनुष कार्यक्रम चलाया जा रहा है। बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए इस टीकाकरण अभियान की शुरुआत की गई थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस योजना के 90 प्रतिशत की कवरेज लक्ष्य को पूरा करने के लिए वर्ष 2018 के अंत तक पूरा किया जाना सुनिश्चित किया है। इस कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए डीएम अटल कुमार राय ने एसआईएमआई में डॉ. ईशा गोयल एसएमओ डब्लूएचओ भी उपस्थित थीं। समीक्षा के दौरान जनपद के कुछ ब्लॉकों में अपडेट ड्यू लिस्ट शत प्रतिशत नहीं मिली। सुपरवाइजरों के द्वारा एसआईएमआई सत्रों का निरीक्षण नहीं किया गया।
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मिशन इंद्रधनुष के नोडल अफसर डॉ. एसके निगम के अनुसार शत प्रतिशत बच्चों को टीके नहीं लगाए गए। 18 प्रतिशत बच्चों को एक भी टीका नहीं लगाया गया। डीएम ने इस मामले में बार-बार संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की बैठक लेकर टीकाकरण को 100 फीसदी करने के निर्देश दिए। इसके बावजूद इसमें कोई सुधार नहीं पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने किरतपुर, नजीबाबाद, जलीलपुर, कोतवाली देहात, जलीलपुर के प्रभारी चिकित्साधिकारियों की वेतन वृद्धि रोकते हुए एक दिन का वेतन काटने के आदेश दिए हैं। नोडल अधिकारी एसके निगम ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि जिन कर्मचारियों के द्वारा लापरवाही बरती गई है। उनके संबंधित कार्य दिवसों का वेतन काटने, प्रतिकूल प्रविष्टि देने के आदेश भी दिए हैं।
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