फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   जिले के किसान करेंगे केले की खेती

जिले के किसान करेंगे केले की खेती

Sun, 15 Jul 2018 12:44 AM IST
Updated Sun, 15 Jul 2018 12:44 AM IST
विज्ञापन
जिले के किसान करेंगे केले की खेती
जिले के किसान करेंगे केले की खेती
विज्ञापन

बिजनौर। जिले के किसान अब केले की खेती करेंगे। शासन ने केले की खेती करने के लिए पहली बार जिले को दस हेक्टेअर का लक्ष्य दिया है। इसकी खेती करने वाले किसानों को सब्सिडी दी जाएगी। गन्ने के खेती के अलावा किसानों को और फसलों की खेती के लिए जागरूक करने के लिए ऐसा किया गया है।
जिले के किसानों ने गन्ने की खेती में कीर्तिमान बना दिए हैं। किसान गन्ने की खेती पर ही ध्यान दे रहे हैं। हर साल गन्ने का रकबा और उत्पादन बढ़ता जा रहा है। बंपर उत्पादन होने से चीनी के दाम भी गिरे हुए हैं। इससे चीनी मिल प्रबंधन भी परेशान हैं। किसानों को गन्ने के अलावा दूसरी फसलों के प्रति भी जागरूक करने के लिए शासन ने अलग अलग जिलों के लिए फसलें निर्धारित की हैं। जिले में केले की खेती को बढ़ावा देने के लिए कहा गया है। पहले साल में सरकारी मदद से दस हेक्टेअर जमीन में केले की खेती कराने के लिए कहा गया है। किसान केले की खेती करेंगे और इसके साथ ही साथ दूसरी फसलों के लिए भी जागरूक होंगे।
विज्ञापन


2500 रुपये प्रति बीघा मिलेगी सब्सिडी
जिला उद्यान अधिकारी आरके सक्सेना का कहना है कि किसानों को जागरूक किया जा रहा है। केले के पौधे एक निश्चित दूरी पर लगाए जाते हैं। एक बीघा में 250 से 300 पौधे तक लगाए जा सकते हैं। एक बीघा जमीन में केले की खेती करने के लिए शासन द्वारा 2500 रुपये की सब्सिडी दी जाएगी। किसान द्वारा केला प्रति किलोग्राम में व्यापारियों को बेचा जाता है। किसान कच्चा केला ही बेच देता है। खेत में केला पकाने के लिए इंतजार नहीं करना होता है। केले की खेती गन्ने की तरह होती है। केले के एक पौधे से एक साल में एक चरखा मिलता है। इसके बाद पौधे को बीच में से या नीचे से काट दिया जाता है। जड़ से फसल की पैड़ी निकलती है और वह भी एक चरखा देती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


50 हजार रुपये प्रति बीघा तक आमदनी
गांव जाफ्फरपुर निवासी किसान नेता राजेंद्र सिंह केले की खेती कर रहे हैं। राजेंद्र सिंह ने 28 बीघा जमीन में केला बो रखा है। उनके खेत में चरखे का वजन अधिकतम 37 किलो तक का निकला है। उनके खेत में केले की प्रति पौधे पर 18.5 किलो औसत पैदावार हुई थी। केले की खेती कर 50 हजार रुपये प्रति बीघा तक की आमदनी पाई जा सकती है। राजेंद्र सिंह कहते हैं कि केले की खेती के लिए बाजार कम नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed