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सहकारी समितियों के परिसीमन को लेकर किसानों में उबाल
Updated Sat, 16 Dec 2017 11:54 PM IST
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बिजनौर। जिले की सहकारी समितियों के परिसीमन को लेकर किसानों में उबाल है। सहायक निबंधक सहकारी समितियां अर्थात एआर दफ्तर आए किसानों ने पैसे लेकर परिसीमन नियम के विरुद्ध करने का आरोप लगाए हैं। किसानों ने सुधार नहीं होने पर चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दी है। एआर कार्यालय में परिसीमन को लेकर आई आपत्तियों का अंबार लग गया है। आपत्ति प्राप्त करने की आखिरी तारीख 19 दिसंबर है।
सहकारी समितियों के संचालक मंडल व सभापति उपसभापति के चुनाव अगले माह है। शासन से चुनाव क्षेत्र का परिसीमन की घोषणा कर दी गई है। परिसीमन पर किसानों से आपत्तियां मांगी गई है। नजीबाबाद क्षेत्र की समिति अहमदपुर सादात के किसानों गोविंद, जसवेंद्र सिंह का आरोप था कि समिति का क्षेत्र नंबर पांच पिछली बार एस सी के लिए आरक्षित था। इस बार भी यह क्षेत्र एससी के लिए ही आरक्षित कर दिया गया है। इसको लेकर किसान अधिकारियों से काफी देर तक उलझे रहे। चंदक सहकारी समिति के पूर्व संचालक ओमपाल सिंह के साथ आए दर्जनों किसानों का आरोप है कि समिति का गांव रायपुर बिलसाल पूर्व में अकेला निर्वाचन क्षेत्र आठ था। कुछ लोगों ने पैसे के बल पर साठगांठ करके गंगा पार के गांव रामसहायवाला व हिम्मतपुर बेला को उनके गांव में शामिल कर दिया है। दोनों गांव उनके गांव से करीब 15 किलोमीटर की दूरी पर है। इसी समिति के क्षेत्र छह भवानीपुर के अनिल कुमार का आरोप है कि भवानीपुर में नाईवाला, भवानीपुर व दौलतापुर गांव पहले से ही थे। अब इस क्षेत्र में 12 किलोमीटर दूर को गांव अंगाखेड़ी शामिल कर दिया गया है। इससे किसानों को परेशानी होगी। किसानों का आरोप है कि समिति के एमडी परिसीमन की हेराफेरी में शामिल हैं। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि परिसीमन में सुधार नहीं हुआ तो वे चुनाव का बहिष्कार करेंगे। समिति चुनाव प्रभारी एसपी गुप्ता का कहना है कि क्षेत्र का परिसीमन समिति के एमडी की संस्तुति पर शासन से होता है। अब तक दो दर्जन से अधिक आपत्तियां आई हैं। किसान रोजाना अपनी परेशानी लेकर आ रहे हैं।
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सहकारी समितियों के संचालक मंडल व सभापति उपसभापति के चुनाव अगले माह है। शासन से चुनाव क्षेत्र का परिसीमन की घोषणा कर दी गई है। परिसीमन पर किसानों से आपत्तियां मांगी गई है। नजीबाबाद क्षेत्र की समिति अहमदपुर सादात के किसानों गोविंद, जसवेंद्र सिंह का आरोप था कि समिति का क्षेत्र नंबर पांच पिछली बार एस सी के लिए आरक्षित था। इस बार भी यह क्षेत्र एससी के लिए ही आरक्षित कर दिया गया है। इसको लेकर किसान अधिकारियों से काफी देर तक उलझे रहे। चंदक सहकारी समिति के पूर्व संचालक ओमपाल सिंह के साथ आए दर्जनों किसानों का आरोप है कि समिति का गांव रायपुर बिलसाल पूर्व में अकेला निर्वाचन क्षेत्र आठ था। कुछ लोगों ने पैसे के बल पर साठगांठ करके गंगा पार के गांव रामसहायवाला व हिम्मतपुर बेला को उनके गांव में शामिल कर दिया है। दोनों गांव उनके गांव से करीब 15 किलोमीटर की दूरी पर है। इसी समिति के क्षेत्र छह भवानीपुर के अनिल कुमार का आरोप है कि भवानीपुर में नाईवाला, भवानीपुर व दौलतापुर गांव पहले से ही थे। अब इस क्षेत्र में 12 किलोमीटर दूर को गांव अंगाखेड़ी शामिल कर दिया गया है। इससे किसानों को परेशानी होगी। किसानों का आरोप है कि समिति के एमडी परिसीमन की हेराफेरी में शामिल हैं। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि परिसीमन में सुधार नहीं हुआ तो वे चुनाव का बहिष्कार करेंगे। समिति चुनाव प्रभारी एसपी गुप्ता का कहना है कि क्षेत्र का परिसीमन समिति के एमडी की संस्तुति पर शासन से होता है। अब तक दो दर्जन से अधिक आपत्तियां आई हैं। किसान रोजाना अपनी परेशानी लेकर आ रहे हैं।
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