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टीबी के प्रति घर घर जाकर जागरूक करेगी स्वास्थ्य टीम
Updated Sat, 24 Mar 2018 11:52 PM IST
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अफजलगढ़। विश्व टीबी दिवस पर आयोजित गोष्ठी में स्वास्थ्य कर्मियों से टीबी के बचाव को लेकर घर-घर जाकर जागरूक करने का आह्वान किया।
शनिवार को सीएचसी परिसर में आयोजित गोष्ठी में प्रभारी चिकित्सक राजीव चौहान ने कहा कि टीबी को गंभीर रोग है। इसके प्रति आमजन को जागरूक करने की जरूरत है। उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों से इसके प्रचार-प्रसार के लिये एकजुट होकर आगे आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि खांसी के साथ बलगम आने तथा भूख न लगने अथवा कम भूख लगने के अलावा शाम के समय शरीर के तापमान में बढ़ोतरी होना भी टीबी के प्रारंभिक लक्षण हैं। डाट्स पद्धति ही टीबी का सबसे सरल तथा सफल इलाज है। इसके तहत 6 से 8 माह तक नियमित रूप से डाट्स की गोलियों का सेवन करने जरूरी है। सीएचसी प्रभारी डॉ. राजीव कुमार, डॉ. संजय सिंह, मनोज शर्मा, पंकज चौहान, सर्वेंद्र कुमार, सुदेश कुमार, ऋतिका वर्मा, शहनाजजहां रहीं।
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शनिवार को सीएचसी परिसर में आयोजित गोष्ठी में प्रभारी चिकित्सक राजीव चौहान ने कहा कि टीबी को गंभीर रोग है। इसके प्रति आमजन को जागरूक करने की जरूरत है। उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों से इसके प्रचार-प्रसार के लिये एकजुट होकर आगे आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि खांसी के साथ बलगम आने तथा भूख न लगने अथवा कम भूख लगने के अलावा शाम के समय शरीर के तापमान में बढ़ोतरी होना भी टीबी के प्रारंभिक लक्षण हैं। डाट्स पद्धति ही टीबी का सबसे सरल तथा सफल इलाज है। इसके तहत 6 से 8 माह तक नियमित रूप से डाट्स की गोलियों का सेवन करने जरूरी है। सीएचसी प्रभारी डॉ. राजीव कुमार, डॉ. संजय सिंह, मनोज शर्मा, पंकज चौहान, सर्वेंद्र कुमार, सुदेश कुमार, ऋतिका वर्मा, शहनाजजहां रहीं।