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जिले के पांच हजार किसानों को बांटे जाएंगे ऋण मोचन प्रमाण पत्र
Updated Sun, 03 Sep 2017 12:24 AM IST
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बिजनौर। शासन की कर्ज माफी योजना के क्रियान्वयन में तेजी आ गई है। जिले के पांच हजार किसानों को दूसरे चरण में ऋण मोचन प्रमाणपत्र बांटे जाएंगे। सीडीओ इंद्रमणि त्रिपाठी अवकाश के बावजूद शनिवार को बैंक अधिकारियों के साथ योजना को अमली जामा पहनाने की तैयारी में जुटे रहे। दूसरे चरण की माफी योजना के दायरे में आने वाले किसानों को बैंक खाते आधार कार्ड से आठ सितंबर तक आवश्यक रूप से लिंक कराने को कहा गया है।
सीडीओ इंद्रमणि त्रिपाठी के अनुसार शासन की ऋण माफी योजना में पहले चरण में चयनित किसानों का पैसा उनके खातों में पहुंच गया है। अब दूसरे चरण में चयनित किसानों को ऋण मोचन प्रमाणपत्र बांटने की तैयारी है। शनिवार को ईद उल अजहा का अवकाश था, लेकिन सीडीओ जिले के बैंक अधिकारियों की बैठक में प्रमाण पत्र वितरण को अंतिम रूप देने में लगे रहे। सीडीओ के मुताबिक प्रमाणपत्र वितरण के लिए आठ सितंबर को जिला मुख्यालय पर शिविर लगेगा। शिविर में जिले के पांच हजार किसानों को प्रमाण पत्र बांटने का लक्ष्य है। बैंक अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार अनेक किसानों ने अपने बैंक खातों को आधार कार्ड से लिंक नहीं कराया है। इंद्रमणि त्रिपाठी ने बताया कि दूसरे चरण के किसान यदि आठ सितंबर तक अपने खाते आधार कार्ड से लिंक नही कराते हैं तो उनके नाम कर्जमाफी की अगली सूची में भेज दिए जाएंगे।
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सीडीओ इंद्रमणि त्रिपाठी के अनुसार शासन की ऋण माफी योजना में पहले चरण में चयनित किसानों का पैसा उनके खातों में पहुंच गया है। अब दूसरे चरण में चयनित किसानों को ऋण मोचन प्रमाणपत्र बांटने की तैयारी है। शनिवार को ईद उल अजहा का अवकाश था, लेकिन सीडीओ जिले के बैंक अधिकारियों की बैठक में प्रमाण पत्र वितरण को अंतिम रूप देने में लगे रहे। सीडीओ के मुताबिक प्रमाणपत्र वितरण के लिए आठ सितंबर को जिला मुख्यालय पर शिविर लगेगा। शिविर में जिले के पांच हजार किसानों को प्रमाण पत्र बांटने का लक्ष्य है। बैंक अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार अनेक किसानों ने अपने बैंक खातों को आधार कार्ड से लिंक नहीं कराया है। इंद्रमणि त्रिपाठी ने बताया कि दूसरे चरण के किसान यदि आठ सितंबर तक अपने खाते आधार कार्ड से लिंक नही कराते हैं तो उनके नाम कर्जमाफी की अगली सूची में भेज दिए जाएंगे।
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