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बारिश से सड़कें डूबीं
bhadohi hindi news
Updated Mon, 04 Jul 2016 01:30 AM IST
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करीब 10 दिन लेट से आए मानसून ने रविवार को भी लोगों को राहत प्रदान किया। दोपहर बाद करीब तीन बजे से शुरू हुई झमाझम बारिश से सड़कें झील में तब्दील हो गईं। एक घंटे की बारिश में ही हर तरफ पानी-पानी दिखने लगा। शुरूआती बारिश ने ही नगर पंचायत और नगर पालिका के दावों की पोल खोल दी। जलजमाव से लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा, हालांकि बारिश से किसानों के चेहरे खिल उठे। धूप से सूख रही नर्सरी को बारिश संजीवनी का काम कर रही है।
करीब दो महीने की तपिश और गर्मी के बाद पखवारे भर पूर्व बारिश हुई तो लोग काफी खुश हुए लेकिन 10 से 12 दिनों तक फिर धूप और गर्मी को देख लोग परेशान हो गए। 22 जून तक आने वाला मानसून आगे बढ़ने लगा तो लोगों की चिंता बढ़ गई। करीब 10 दिन विलंब से मानसून ने दस्तक दी। शनिवार को हुई बारिश के बाद रविवार को सुबह से उमस और गर्मी से लोग परेशान दिखे। दोपहर तीन बजे के बाद आसमान में अचानक काले बादलों ने दस्तक दी और तेज बारिश शुरू हो गई। करीब एक घंटे तक हुई झमाझम बारिश से सड़कों पर एक से दो फीट पानी भर गया। ज्ञानपुर, गोपीगंज, भदोही, सुरियावां, घोसिया, खमरिया नगर में जल निकासी के लिए बनाए गए नाले भी फेल होते नजर आए। जगह-जगह जलजमावसे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। शाम करीब साढ़े चार बजे बारिश रूकी। करीब एक घंटे से अधिक समय तक हुई बारिश से मौसम सुहाना हो गया। उमस से परेशान लोगों को बारिश से राहत मिली। वहीं दूसरी ओर पानी के अभाव में सूख रही नर्सरी के लिए बारिश संजीवनी का काम कर रही है। कृषि विशेषज्ञ किशोर चंद्र बरनवाल ने बताया कि बारिश का पानी नर्सरी के लिए लाभदायक है। हर रोज बारिश हुई तो धान की नर्सरी कम समय में तैयार हो जाएगी।
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करीब दो महीने की तपिश और गर्मी के बाद पखवारे भर पूर्व बारिश हुई तो लोग काफी खुश हुए लेकिन 10 से 12 दिनों तक फिर धूप और गर्मी को देख लोग परेशान हो गए। 22 जून तक आने वाला मानसून आगे बढ़ने लगा तो लोगों की चिंता बढ़ गई। करीब 10 दिन विलंब से मानसून ने दस्तक दी। शनिवार को हुई बारिश के बाद रविवार को सुबह से उमस और गर्मी से लोग परेशान दिखे। दोपहर तीन बजे के बाद आसमान में अचानक काले बादलों ने दस्तक दी और तेज बारिश शुरू हो गई। करीब एक घंटे तक हुई झमाझम बारिश से सड़कों पर एक से दो फीट पानी भर गया। ज्ञानपुर, गोपीगंज, भदोही, सुरियावां, घोसिया, खमरिया नगर में जल निकासी के लिए बनाए गए नाले भी फेल होते नजर आए। जगह-जगह जलजमावसे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। शाम करीब साढ़े चार बजे बारिश रूकी। करीब एक घंटे से अधिक समय तक हुई बारिश से मौसम सुहाना हो गया। उमस से परेशान लोगों को बारिश से राहत मिली। वहीं दूसरी ओर पानी के अभाव में सूख रही नर्सरी के लिए बारिश संजीवनी का काम कर रही है। कृषि विशेषज्ञ किशोर चंद्र बरनवाल ने बताया कि बारिश का पानी नर्सरी के लिए लाभदायक है। हर रोज बारिश हुई तो धान की नर्सरी कम समय में तैयार हो जाएगी।
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