{"_id":"5e14cabb8ebc3e87dd3c9588","slug":"kamayani-express-stood-for-half-an-hour-bhadohi-news-vns503811738","type":"story","status":"publish","title_hn":"चेनपुलिंग में आधे घंटे खड़ी रही कामायनी एक्सप्रेस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चेनपुलिंग में आधे घंटे खड़ी रही कामायनी एक्सप्रेस
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चौरी। थानाक्षेत्र के जमुआ गांव के पास मंगलवार को वाराणसी से मुंबई जा रही अप कामायनी एक्सप्रेस चेनपुलिंग के कारण लगभग आधे घंटे खड़ी रही। इससे यात्री ऊंघते रहे तो बंद फाटक पर लंबा जाम लग गया। इससे लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। लगभग 30 मिनट बाद प्रेशर बनने पर ट्रेन को चलाया जा सका।
उत्तर रेलवे के जंघई-वाराणसी खंड पर इन दिनों आरपीएफ और जीआरपी के सुस्त पड़ जाने के कारण चेनपुलिंग की समस्या बढ़ती जा रही है। चाहकर भी संबंधित स्टेशनों पर तैनात कर्मचारी इस पर अंकुश नहीं लगा पा रहे हैं। स्टेशन के समीप, ब्लाक सेक्शन और बीच रास्ते ट्रैकों पर ट्रेनों के खड़ी होते ही दूरदराज की यात्रा करने वाले यात्रियों में अनहोनी का भय बना रहता है। समस्या यह कि जब खंड के छोटे स्टेशनों पर उक्त ट्रेन का ठहराव नहीं रहता है तब भी लोग ट्रेन से यात्रा करने से बाज नहीं आते। जब चाहा वहीं ट्रेन को खड़ी कर चलते बने। इससे न केवल ट्रेनों के संचालन में लेटलतीफी हो रही है, बल्कि दूसरी ट्रेनों का समय भी जाया होता है। रेलखंड की महत्वपूर्ण ट्रेन होने के कारण गेटमैन ने उसे पास कराने के लिए फाटक बंद कर दिया, लेकिन ट्रेन के चेनपुलिंग हो जाने से आधे घंटे तक सड़क यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्टेशन मास्टर प्रवीण सिंह का कहना था कि चेनपुलिंग के कारण ब्रेक जाम था। प्रेशर बनने के बाद ही ब्रेक छूट सका और ट्रेन आगे बढ़ सकी।
विज्ञापन
उत्तर रेलवे के जंघई-वाराणसी खंड पर इन दिनों आरपीएफ और जीआरपी के सुस्त पड़ जाने के कारण चेनपुलिंग की समस्या बढ़ती जा रही है। चाहकर भी संबंधित स्टेशनों पर तैनात कर्मचारी इस पर अंकुश नहीं लगा पा रहे हैं। स्टेशन के समीप, ब्लाक सेक्शन और बीच रास्ते ट्रैकों पर ट्रेनों के खड़ी होते ही दूरदराज की यात्रा करने वाले यात्रियों में अनहोनी का भय बना रहता है। समस्या यह कि जब खंड के छोटे स्टेशनों पर उक्त ट्रेन का ठहराव नहीं रहता है तब भी लोग ट्रेन से यात्रा करने से बाज नहीं आते। जब चाहा वहीं ट्रेन को खड़ी कर चलते बने। इससे न केवल ट्रेनों के संचालन में लेटलतीफी हो रही है, बल्कि दूसरी ट्रेनों का समय भी जाया होता है। रेलखंड की महत्वपूर्ण ट्रेन होने के कारण गेटमैन ने उसे पास कराने के लिए फाटक बंद कर दिया, लेकिन ट्रेन के चेनपुलिंग हो जाने से आधे घंटे तक सड़क यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्टेशन मास्टर प्रवीण सिंह का कहना था कि चेनपुलिंग के कारण ब्रेक जाम था। प्रेशर बनने के बाद ही ब्रेक छूट सका और ट्रेन आगे बढ़ सकी।
विज्ञापन