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मुआवजे के लिए मुख्यालय पर भरी हुंकार
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ज्ञानपुर। चक्रवाती तूफान और बेमौसम बरसात, ओलावृष्टि से किसानों को हुए भारी नुकसान के तहत मुआवजा की मांग को लेकर कांग्रेसजनों, किसान यूनियन ने सोमवार को मुख्यालय पहुंच कर हुंकार भरी। एकजुट होकर डीएम को ज्ञापन सौंप मुआवजा देने में लापरवाही पर उग्र रूप अख्तियार करने की चेतावनी भी दी गई।
कांग्रेसजनों ने कहा कि खरीफ फसल की तैयारी के समय प्राकृतिक मार से किसानों की खेत में खड़ी गेहूं, दलहनी-तिलहनी फसलें 80 फीसद बर्बाद हो चुकी हैं लेकिन जिला प्रशासन स्तर से अभी तक 90 फीसद गांवों का स्थलीय निरीक्षण नहीं कराया जा सका है, जिससे किसान परिवारों को पेट भरने की चिंता सता रही है। यही नहीं पशुपालकों के सामने चारे का भी संकट उत्पन्न हो चुका है। गत पांच पूर्व भी हुए नुकसान की भरपाई अभी तक नहीं हो सकी जिससे किसान भारी संकट का सामना करने के लिए मजबूर हो उठे हैं। इसी तरह उत्तर प्रदेश किसान सभा का आरोप रहा कि शासन-प्रशासन किसानों के नाम पर खोखले दावे तो करता है लेकिन हकीकत को जानने की हिम्मत किसी में नहीं होती। पूर्व के दिनों में पूरे एक माह तक बरसात से तबाह हो चुके किसानों, गरीब परिवारों को राहत नहीं मिल सकी।
हाल में चार दिन बर्बादी का दंश झेलने वालों उपज की शतप्रतिशत भरपाई नहीं की गई तो यूनियन सड़क से सदन तक वृहद आंदोलन चलाकर किसानों का हक दिलाने के लिए विवश होगी। संगठनों की ओर से सौंपे गए ज्ञापन में ऊंज, कुरमैचा, दरवांसी, रामपुर कायस्थान, चौरी, सुर यावां, दुर्गागंज, अभोली, पाली, सीतामढ़ी, कूड़ीकला, कूड़ीखुर्द, चंदापुर, सेमराध, इटहरा, डीघ, कोनिया, औराई, घोसिया में हुई तबाही की रिपोर्ट तैयार कराकर मुआवजा दिलाने, गिरे कच्चे-पक्के रिहायशी घरों के स्थान पर आवास का निर्माण कराने, सिंचाई व प्रकाश व्यवस्था के लिए लगे जर्जर तार-खंभे, ट्रांसफार्मर को बदलवाने, जर्जर हो चुके सिंचाई संयंत्रों की पुनर्स्थापना कराकर नाली का निर्माण कराने, छुट्टा घुम रहे गोवंश को अभियान चलाकर गोशाला भेजने, फसली बीमा का पूरा भुगताने कराने, किसानों का कर्ज माफ करने, मृतक किसान परिवारों को 10 लाख रुपए दिए जाने की मांग रखी जिस पर प्रशासन ने मांगों संबंधी ज्ञापन शासन को भेजने का आश्वासन दिया।
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इस मौके परदेशी राम, बिरजू पाल, ज्ञानप्रकाश, राधेश्याम, छदमलाल यादव, अमृतलाल, अखिलेश यादव, रामचंद्र पटेल, चंद्रेश त्रि पाठी, जगन्नाथ मौर्य, बेचूलाल, कैलाशनाथ, संतोष सिंह बघेल, दीनानाथ दुबे, राकेश सिंह, महेंद्र सरोज, रंगनाथ दुबे, वसीम अंसारी, उपकेंद्र भारती, संजय जायसवाल, लालमणि चौरसिया, रमाशंकर बिंद, निजामुद्दीन, जगदीश पासी, अबरार अहमद, शारदा प्रसाद, मंसूर आलम, नाजिम अली, वसीम अंसारी समेत बड़ी संख्या लोग शामिल रहे।
महंगाई के विरोध में निकाली पदयात्रा
ज्ञानपुर। कांग्रेस पार्टी की ओर से सोमवार को पेट्रो पदार्थों में बढ़े मूल्य दर और महंगाई के विरोध में पदयात्रा निकाल कर पत्रक जिला प्रशासन को सौंपा। केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इस सरकार में न किसानों का भला होगा और न आम जनता का। कांग्रेस सरकार में महंगाई दर स्थिर थी लेकिन भाजपा सरकार ने खोखले दावे कर लोगों का कमर तोड़ रही है। नोटबंदी कर हर एक सामान को महंगा कर दिया जाना सोची-समझी चाल थी जिसकी जद में आकर हर वर्ग को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। रह-रह कर पेट्रो पदार्थों में हो रही बढ़ोतरी ने हलाकान कर रख दिया है। अब गरीब परिवार वाहन चलाने से दूर भागेगा ही परिवार का गुजर-बसर मुश्किल हो जाएगा। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के दाम में बराबर गिरावट हुई बावजूद इसके दाम बढ़ना समझ से बाहर हो रहा है। यात्रा में कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता और पदाधिकारियों की संख्या अधिक रही।
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कांग्रेसजनों ने कहा कि खरीफ फसल की तैयारी के समय प्राकृतिक मार से किसानों की खेत में खड़ी गेहूं, दलहनी-तिलहनी फसलें 80 फीसद बर्बाद हो चुकी हैं लेकिन जिला प्रशासन स्तर से अभी तक 90 फीसद गांवों का स्थलीय निरीक्षण नहीं कराया जा सका है, जिससे किसान परिवारों को पेट भरने की चिंता सता रही है। यही नहीं पशुपालकों के सामने चारे का भी संकट उत्पन्न हो चुका है। गत पांच पूर्व भी हुए नुकसान की भरपाई अभी तक नहीं हो सकी जिससे किसान भारी संकट का सामना करने के लिए मजबूर हो उठे हैं। इसी तरह उत्तर प्रदेश किसान सभा का आरोप रहा कि शासन-प्रशासन किसानों के नाम पर खोखले दावे तो करता है लेकिन हकीकत को जानने की हिम्मत किसी में नहीं होती। पूर्व के दिनों में पूरे एक माह तक बरसात से तबाह हो चुके किसानों, गरीब परिवारों को राहत नहीं मिल सकी।
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हाल में चार दिन बर्बादी का दंश झेलने वालों उपज की शतप्रतिशत भरपाई नहीं की गई तो यूनियन सड़क से सदन तक वृहद आंदोलन चलाकर किसानों का हक दिलाने के लिए विवश होगी। संगठनों की ओर से सौंपे गए ज्ञापन में ऊंज, कुरमैचा, दरवांसी, रामपुर कायस्थान, चौरी, सुर यावां, दुर्गागंज, अभोली, पाली, सीतामढ़ी, कूड़ीकला, कूड़ीखुर्द, चंदापुर, सेमराध, इटहरा, डीघ, कोनिया, औराई, घोसिया में हुई तबाही की रिपोर्ट तैयार कराकर मुआवजा दिलाने, गिरे कच्चे-पक्के रिहायशी घरों के स्थान पर आवास का निर्माण कराने, सिंचाई व प्रकाश व्यवस्था के लिए लगे जर्जर तार-खंभे, ट्रांसफार्मर को बदलवाने, जर्जर हो चुके सिंचाई संयंत्रों की पुनर्स्थापना कराकर नाली का निर्माण कराने, छुट्टा घुम रहे गोवंश को अभियान चलाकर गोशाला भेजने, फसली बीमा का पूरा भुगताने कराने, किसानों का कर्ज माफ करने, मृतक किसान परिवारों को 10 लाख रुपए दिए जाने की मांग रखी जिस पर प्रशासन ने मांगों संबंधी ज्ञापन शासन को भेजने का आश्वासन दिया।
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इस मौके परदेशी राम, बिरजू पाल, ज्ञानप्रकाश, राधेश्याम, छदमलाल यादव, अमृतलाल, अखिलेश यादव, रामचंद्र पटेल, चंद्रेश त्रि पाठी, जगन्नाथ मौर्य, बेचूलाल, कैलाशनाथ, संतोष सिंह बघेल, दीनानाथ दुबे, राकेश सिंह, महेंद्र सरोज, रंगनाथ दुबे, वसीम अंसारी, उपकेंद्र भारती, संजय जायसवाल, लालमणि चौरसिया, रमाशंकर बिंद, निजामुद्दीन, जगदीश पासी, अबरार अहमद, शारदा प्रसाद, मंसूर आलम, नाजिम अली, वसीम अंसारी समेत बड़ी संख्या लोग शामिल रहे।
महंगाई के विरोध में निकाली पदयात्रा
ज्ञानपुर। कांग्रेस पार्टी की ओर से सोमवार को पेट्रो पदार्थों में बढ़े मूल्य दर और महंगाई के विरोध में पदयात्रा निकाल कर पत्रक जिला प्रशासन को सौंपा। केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इस सरकार में न किसानों का भला होगा और न आम जनता का। कांग्रेस सरकार में महंगाई दर स्थिर थी लेकिन भाजपा सरकार ने खोखले दावे कर लोगों का कमर तोड़ रही है। नोटबंदी कर हर एक सामान को महंगा कर दिया जाना सोची-समझी चाल थी जिसकी जद में आकर हर वर्ग को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। रह-रह कर पेट्रो पदार्थों में हो रही बढ़ोतरी ने हलाकान कर रख दिया है। अब गरीब परिवार वाहन चलाने से दूर भागेगा ही परिवार का गुजर-बसर मुश्किल हो जाएगा। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के दाम में बराबर गिरावट हुई बावजूद इसके दाम बढ़ना समझ से बाहर हो रहा है। यात्रा में कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता और पदाधिकारियों की संख्या अधिक रही।