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महिलाओं के लिये प्रेरणादायी बनीं सावित्री बाई फूले
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ज्ञानपुर। क्षेत्र के अछवर गांव में बृहस्पतिवार को देश की प्रथम शिक्षिका सावित्री बाई फूले की जयंती धूमधाम से मनाई गई। विधान परिषद सदस्य वासुदेव यादव ने गौतम बुद्ध, ज्योतिबाराव फूले और सावित्री बाई फूले के चित्रों पर माल्यार्पझा कर उन्हें याद किया। इस दौरान पांच किलोमीटर की दौड़ प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया।
मुख्य अतिथि ने कहा कि जीवन में अनेक कष्टों को झेलते हुए उन्होंने शिक्षा की शुरुआत कर खुद को साबित किया। उन्हीं की प्रेरणा से डॉ. भीमराव आंबेडकर ने शिक्षा का स्वरूप बदला। कमलाशंकर भारतीय ने कहा कि महिलाओं के शिक्षित और जागरूकता के पीछे उनकी प्रेरणा रही है। सुरेश चंद्र मौर्य ने कहा कि सावित्री बाई फूले का जन्म तीन जनवरी 1831 को महाराष्ट्र में हुआ था। नवोदय विद्यालय के पूर्व प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि फूले प्रज्ञावतार महान देवी रही हैं। सुनीता यादव ने कहा कि सावित्री बाई फूले ने समाज की कुरीतियों को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके बाद हुई दौड़ प्रतियोगिता में योगेश प्रथम, राहुल द्वितीय और विकास तृतीय रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता मौर्य विकास समिति के अध्यक्ष अरुण मौर्य और संचालन अरविंद मौर्य ने किया। इस मौके पर पूर्व प्रमुख डॉ. सुरेश चंद्र मौर्य, शीतला प्रसाद मौर्य, नंदलाल मौर्य, संजीत मौर्य, प्रवेश चंद्र मौर्य, पन्नालाल मौर्य, विजय बहादुर मौर्य, जयराम मौर्य, कन्हैया लाल मौर्य, विकास यादव, निधि यादव, सुनीता यादव, मेवालाल मौर्य, मानिक चंद्र, लालजी मौर्य आदि उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि ने कहा कि जीवन में अनेक कष्टों को झेलते हुए उन्होंने शिक्षा की शुरुआत कर खुद को साबित किया। उन्हीं की प्रेरणा से डॉ. भीमराव आंबेडकर ने शिक्षा का स्वरूप बदला। कमलाशंकर भारतीय ने कहा कि महिलाओं के शिक्षित और जागरूकता के पीछे उनकी प्रेरणा रही है। सुरेश चंद्र मौर्य ने कहा कि सावित्री बाई फूले का जन्म तीन जनवरी 1831 को महाराष्ट्र में हुआ था। नवोदय विद्यालय के पूर्व प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि फूले प्रज्ञावतार महान देवी रही हैं। सुनीता यादव ने कहा कि सावित्री बाई फूले ने समाज की कुरीतियों को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके बाद हुई दौड़ प्रतियोगिता में योगेश प्रथम, राहुल द्वितीय और विकास तृतीय रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता मौर्य विकास समिति के अध्यक्ष अरुण मौर्य और संचालन अरविंद मौर्य ने किया। इस मौके पर पूर्व प्रमुख डॉ. सुरेश चंद्र मौर्य, शीतला प्रसाद मौर्य, नंदलाल मौर्य, संजीत मौर्य, प्रवेश चंद्र मौर्य, पन्नालाल मौर्य, विजय बहादुर मौर्य, जयराम मौर्य, कन्हैया लाल मौर्य, विकास यादव, निधि यादव, सुनीता यादव, मेवालाल मौर्य, मानिक चंद्र, लालजी मौर्य आदि उपस्थित रहे।
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