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जांच में मिली अनियमितता
Updated Thu, 18 Jan 2018 12:37 AM IST
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ज्ञानपुर। नसबंदी कैंप के आयोजन में वित्तीय अनियमितता को लेकर गोपीगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सीएचसी अधीक्षक आशुतोष पांडेय की मुश्किलें बढ़ गईं हैं। शिकायत की जांच में उन्हें वित्तीय अनियमितता बरतने का दोषी पाया गया है। इस पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने सीएचसी अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई के लिए महानिदेशक को पत्र लिख दिया है। संगठन राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय आयोग के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. विनोद शुक्ला ने आईजीआरएस के जरिए मुख्यमंत्री से गोपीगंज सीएचसी में नसबंदी कैंप में वित्तीय अनियमितता बरतने का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। मामला जिला प्रशासन के पास आया तो मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एसके सिंह ने प्रकरण की जांच अपर चिकित्सा अधिकारी डॉ. एसएम सहाय एवं डॉ. वीडी वर्मा से कराई। जांच के बाद सीएचसी अधीक्षक की ओर से वित्तीय अनियमितता उजागर हुई। इस पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने सीएचसी अधीक्षक के विरुद्ध कार्रवाई के लिए महानिदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाएं लखनऊ को पत्र लिख दिया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय ने इस आशय की रिपोर्ट जिलाधिकारी को भी भेजी है। सीएचसी अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई को लेकर जिले के चिकित्सा जगत में खलबली मची है।
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